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पुलिस असमंजस में, ठगी की कहां से शुरू करे जांच
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,पीलीभीत
Updated Wed, 18 Jul 2018 12:33 AM IST
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यूपी पुलिस
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कंपनी बनाकर एक करोड़ रुपये की ठगी के मामले में अब तक पुलिस जांच की दिशा तय नहीं कर सकी है। अधिकतर अपराध बरेली जिले में होने के चलते जांच की शुरुआत कहां से की जाए, पुलिसकर्मियों के सामने असमंजस की स्थिति है। हालांकि पता चला है कि कुछ दिन के लिए शहर की अशोक कॉलोनी में भी कंपनी ने अपना कार्यालय खोला था।
सुनगढ़ी पुलिस ने एसपी के आदेश पर बारादरी (बरेली) थाना क्षेत्र के क्रिस्टल कॉलोनी निवासी विजय प्रताप सिंह की तहरीर पर आठ लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी की नामजद रिपोर्ट दर्ज की है। आरोप है कि जालसाजों ने रियल इंडिया ग्रुप नामक कंपनी खोलकर उसका ब्रांच कार्यालय बरेली में बनाया। इसके बाद पांच सौ लोगों से करीब एक करोड़ रुपये जमा कराए। इसके बाद जब रुपये वापस करने की बारी आई, तो कंपनी गायब हो गई।
एक आरोपी बरेली के सिविल लाइंस नार्थ निवासी प्रतीक मिश्रा के अलावा बाकी सभी दूसरे जिलों से हैं। मामला भले एक करोड़ रुपये की जालसाजी से जुड़ा हो, लेकिन अब तक पुलिस विवेचना को लेकर आगे नहीं बढ़ सकी है। इसको लेकर दिशा तय नहीं कर पा रही है।
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थानाध्यक्ष सुनगढ़ी मुहम्मद कासिम ने बताया कि कंपनी द्वारा कुछ दिन के लिए पीलीभीत की अशोक कॉलोनी में कार्यालय खोलने की जानकारी मिली है। इसको लेकर भी गहनता से जांच की जाएगी। यह भी पता लगाया जाएगा कि कहीं शहर से भी तो लोगों के रुपये कंपनी में नहीं जमा कराए गए। रिपोर्ट कंपनी में ही काम करने वाले एक कर्मचारी ने दर्ज कराई है। अब तक कोई ऐसा व्यक्ति सामने नहीं आया है, जिसका रुपया कंपनी में जमा किया गया हो। अधिकारियों के निर्देशानुसार जांच कर निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी।
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सुनगढ़ी पुलिस ने एसपी के आदेश पर बारादरी (बरेली) थाना क्षेत्र के क्रिस्टल कॉलोनी निवासी विजय प्रताप सिंह की तहरीर पर आठ लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी की नामजद रिपोर्ट दर्ज की है। आरोप है कि जालसाजों ने रियल इंडिया ग्रुप नामक कंपनी खोलकर उसका ब्रांच कार्यालय बरेली में बनाया। इसके बाद पांच सौ लोगों से करीब एक करोड़ रुपये जमा कराए। इसके बाद जब रुपये वापस करने की बारी आई, तो कंपनी गायब हो गई।
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एक आरोपी बरेली के सिविल लाइंस नार्थ निवासी प्रतीक मिश्रा के अलावा बाकी सभी दूसरे जिलों से हैं। मामला भले एक करोड़ रुपये की जालसाजी से जुड़ा हो, लेकिन अब तक पुलिस विवेचना को लेकर आगे नहीं बढ़ सकी है। इसको लेकर दिशा तय नहीं कर पा रही है।
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थानाध्यक्ष सुनगढ़ी मुहम्मद कासिम ने बताया कि कंपनी द्वारा कुछ दिन के लिए पीलीभीत की अशोक कॉलोनी में कार्यालय खोलने की जानकारी मिली है। इसको लेकर भी गहनता से जांच की जाएगी। यह भी पता लगाया जाएगा कि कहीं शहर से भी तो लोगों के रुपये कंपनी में नहीं जमा कराए गए। रिपोर्ट कंपनी में ही काम करने वाले एक कर्मचारी ने दर्ज कराई है। अब तक कोई ऐसा व्यक्ति सामने नहीं आया है, जिसका रुपया कंपनी में जमा किया गया हो। अधिकारियों के निर्देशानुसार जांच कर निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी।