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सिंहपुर नहर कटी, सौ बीघा खेत लबालब
अमर उजाला ब्यूरो/बाराबंकी
Updated Fri, 17 Jun 2016 11:41 PM IST
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हैदरगढ़ क्षेत्र के अंसारी गांव के निकट कटी शिवरतनगंज रजबहा।
- फोटो : अमर उजाला
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अंसारी गांव के समीप सिंहपुर रजबहा नहर की पटरी कटने से किसानों की 50 बीघा धान की नर्सरी बर्बाद हो गई। नहर का पानी करीब सौ बीघा खेत में भरा हुआ है। ग्रामीणों की सूचना पर सिंचाई विभाग ने हेड पर फाटक बंद कर पानी रोक कर पटरी का निर्माण शुरू करा दिया है। मालूम हो नहर निर्माण में धांधली के कारण गत माह इसी नहर में कई बार खांदी होने पर किसानों की मेंथा की फसल बर्बाद हो चुकी है।
शुक्रवार की भोर कस्बे से कुछ की दूरी पर अंसारी गांव के समीप सिंहपुर रजबहा नहर की पटरी कटने से 50 बीघा धान की नर्सरी पानी भरने से बर्बाद हो गई है। नहर का पानी सौ बीघा खेतों में भरा है। गांव के दयाशंकर मौर्या, बाबूलाल मौर्या, सुदरलाल, बसंतलाल, गंगाबख्श सिंह, अहरवा मौर्य, वीरेंद्र कुमार, सजीवन, प्रकाश मौर्य, रामनरेश सिंह, बबलू श्रीवास्तव, राजन, ओमप्रकाश श्रीवास्तव समेत कई अन्य लोगों की धान की नर्सरी बर्बाद हो गई है।
ग्रामीणाें की सूचना पर सिंचाई कर्मियों ने सुबह नहर के हेड पर फाटक बंद कर पानी रोक दिया लेकिन पूरी नहर का पानी लौटने से दोपहर बाद तक खांदी से पानी लोगों के खेत में बहता रहा। नहर का पानी गांव की आबादी के करीब तक पहुंच गया तथा जल निगम की पानी टंकी व प्राथमिक विद्यालय परिसर में पानी भर गया। धान की नर्सरी में पानी भरने से दर्जनों किसानों को करीब पांच लाख रुपये से ज्यादा की चपत लगने की आशंका हैै।
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शुक्रवार की भोर कस्बे से कुछ की दूरी पर अंसारी गांव के समीप सिंहपुर रजबहा नहर की पटरी कटने से 50 बीघा धान की नर्सरी पानी भरने से बर्बाद हो गई है। नहर का पानी सौ बीघा खेतों में भरा है। गांव के दयाशंकर मौर्या, बाबूलाल मौर्या, सुदरलाल, बसंतलाल, गंगाबख्श सिंह, अहरवा मौर्य, वीरेंद्र कुमार, सजीवन, प्रकाश मौर्य, रामनरेश सिंह, बबलू श्रीवास्तव, राजन, ओमप्रकाश श्रीवास्तव समेत कई अन्य लोगों की धान की नर्सरी बर्बाद हो गई है।
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ग्रामीणाें की सूचना पर सिंचाई कर्मियों ने सुबह नहर के हेड पर फाटक बंद कर पानी रोक दिया लेकिन पूरी नहर का पानी लौटने से दोपहर बाद तक खांदी से पानी लोगों के खेत में बहता रहा। नहर का पानी गांव की आबादी के करीब तक पहुंच गया तथा जल निगम की पानी टंकी व प्राथमिक विद्यालय परिसर में पानी भर गया। धान की नर्सरी में पानी भरने से दर्जनों किसानों को करीब पांच लाख रुपये से ज्यादा की चपत लगने की आशंका हैै।
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