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आम बजट में दूर की जाए पेंशन की टेंशन
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अनूप रावत।
- फोटो : BANDA
आम बजट में दूर की जाए पेंशन की टेंशन
आयकर का दायरा भी बढ़ाने पर जोर
आम बजट में सरकारी कर्मियों की उम्मीदें
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। एक फरवरी को पेश होने वाले केंद्र सरकार के बजट पर आम लोगों की तरह केंद्र और राज्य सरकार के कर्मचारियों को भी उम्मीदें बंधी हैं। उनका खास फोकस टैक्स स्लैब का दायरा बढ़ाने और पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने पर ज्यादा है। इसके अलावा खाली पदों पर भर्ती और कर्मचारियों को मिलने वाली अन्य सुविधाओं में बढ़ोत्तरी की भी चाहत है। कुछ कर्मचारी आयुष्मान योजना की तर्ज पर कर्मचारियों के लिए भी स्वास्थ्य बीमा योजना की मांग कर रहे हैं। इसके अलावा और भी उम्मीदें कर्मचारी लगाए हैं।
फोटो-29बीएनडीपी-4 : मंजू अग्रवाल।
टैक्स स्लैब (आयकर सीमा) को पांच लाख से बढ़ाकर आठ लाख रुपये किया जाए। मृतक आश्रितों को भी वही सुविधाएं और लाभ दिए जाएं जो मूलरूप से कर्मचारियों को दिए जाते हैं। उनकी वरिष्ठता भी बरकरार रखी जाए।-मंजू अग्रवाल, प्रशासनिक अधिकारी कलक्ट्रेट।
फोटो-29बीएनडीपी-5 : अंबरीश वाजपेयी
कर्मचारियों के एनपीएस का पैसा सरकार ने शेयर बाजार में लगा रखा है। केंद्र और राज्य दोनों कर्मचारी काफी अरसे से यह मांग कर रहे हैं कि एनपीएस को खत्म कर पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल की जाए और टीए-डीए में बढ़ोत्तरी की जाए।-अंबरीश वाजपेयी, लेखपाल, तहसील बांदा।
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फोटो-29बीएनडीपी-6 : केपी सिंह
केंद्रीय बजट को लेकर सभी कर्मचारी नजरें गड़ाए हैं। आशा है कि इस बार आयकर छूट की सीमा बढ़ेगी। पुरानी पेंशन को सरकार स्वीकृति देगी। कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य योजना आएगी। यह भी उम्मीद है कि प्रधानमंत्री और वित्त मंत्री कर्मचारी हितैषी बजट पेश करेंगे।-केपी सिंह, शिक्षक, अतर्रा।
फोटो-29बीएनडीपी-7 : रमेशचंद्र कुशवाहा
महंगाई के हिसाब से कर्मचारियों का एचआरए नहीं बढ़ाया गया। सहायक विकास अधिकारियों के फील्ड भत्ते में भी 100 रुपये की कटौती कर दी गई है। केंद्रीय बजट से आशा है कि ये असमानताएं खत्म करके पढ़ाई, दवाई की पर्याप्त व्यवस्था होगी।-रमेशचंद्र कुशवाहा, एडीओ, पंचायत (नरैनी)
फोटो-29बीएनडीपी-8 : अनूप रावत
आयकर में कर्मचारियों को और रियायत मिलनी चाहिए। इसका दायरा बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने का प्रावधान बजट में किया जाए। इससे अधिक आय होने पर भी टैक्स की दर भी रियायती हो, जिससे कर्मचारियों को परिवार के पोषण में असुविधा न हो।-अनूप रावत, सीडीओ स्टेनो, विकास भवन।
फोटो-29 बीएनडीपी-9 : बीपी वर्मा
महंगाई को देखते हुए कर्मचारियों के बच्चों का शिक्षा फंड पांच हजार बहुत कम है। इतने फंड में बच्चों को बेहतर शिक्षा नहीं दी जा सकती। बजट में प्रावधान कर इस फंड में वृद्धि की जाए। इसके अलावा आयकर में छूट का दायरा भी बढ़ाया जाना जरूरी है।-बीपी वर्मा, स्टेशन अधीक्षक, बांदा।
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आयकर का दायरा भी बढ़ाने पर जोर
आम बजट में सरकारी कर्मियों की उम्मीदें
संवाद न्यूज एजेंसी
बांदा। एक फरवरी को पेश होने वाले केंद्र सरकार के बजट पर आम लोगों की तरह केंद्र और राज्य सरकार के कर्मचारियों को भी उम्मीदें बंधी हैं। उनका खास फोकस टैक्स स्लैब का दायरा बढ़ाने और पुरानी पेंशन व्यवस्था लागू करने पर ज्यादा है। इसके अलावा खाली पदों पर भर्ती और कर्मचारियों को मिलने वाली अन्य सुविधाओं में बढ़ोत्तरी की भी चाहत है। कुछ कर्मचारी आयुष्मान योजना की तर्ज पर कर्मचारियों के लिए भी स्वास्थ्य बीमा योजना की मांग कर रहे हैं। इसके अलावा और भी उम्मीदें कर्मचारी लगाए हैं।
फोटो-29बीएनडीपी-4 : मंजू अग्रवाल।
टैक्स स्लैब (आयकर सीमा) को पांच लाख से बढ़ाकर आठ लाख रुपये किया जाए। मृतक आश्रितों को भी वही सुविधाएं और लाभ दिए जाएं जो मूलरूप से कर्मचारियों को दिए जाते हैं। उनकी वरिष्ठता भी बरकरार रखी जाए।-मंजू अग्रवाल, प्रशासनिक अधिकारी कलक्ट्रेट।
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फोटो-29बीएनडीपी-5 : अंबरीश वाजपेयी
कर्मचारियों के एनपीएस का पैसा सरकार ने शेयर बाजार में लगा रखा है। केंद्र और राज्य दोनों कर्मचारी काफी अरसे से यह मांग कर रहे हैं कि एनपीएस को खत्म कर पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल की जाए और टीए-डीए में बढ़ोत्तरी की जाए।-अंबरीश वाजपेयी, लेखपाल, तहसील बांदा।
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फोटो-29बीएनडीपी-6 : केपी सिंह
केंद्रीय बजट को लेकर सभी कर्मचारी नजरें गड़ाए हैं। आशा है कि इस बार आयकर छूट की सीमा बढ़ेगी। पुरानी पेंशन को सरकार स्वीकृति देगी। कर्मचारियों के लिए स्वास्थ्य योजना आएगी। यह भी उम्मीद है कि प्रधानमंत्री और वित्त मंत्री कर्मचारी हितैषी बजट पेश करेंगे।-केपी सिंह, शिक्षक, अतर्रा।
फोटो-29बीएनडीपी-7 : रमेशचंद्र कुशवाहा
महंगाई के हिसाब से कर्मचारियों का एचआरए नहीं बढ़ाया गया। सहायक विकास अधिकारियों के फील्ड भत्ते में भी 100 रुपये की कटौती कर दी गई है। केंद्रीय बजट से आशा है कि ये असमानताएं खत्म करके पढ़ाई, दवाई की पर्याप्त व्यवस्था होगी।-रमेशचंद्र कुशवाहा, एडीओ, पंचायत (नरैनी)
फोटो-29बीएनडीपी-8 : अनूप रावत
आयकर में कर्मचारियों को और रियायत मिलनी चाहिए। इसका दायरा बढ़ाकर 10 लाख रुपये करने का प्रावधान बजट में किया जाए। इससे अधिक आय होने पर भी टैक्स की दर भी रियायती हो, जिससे कर्मचारियों को परिवार के पोषण में असुविधा न हो।-अनूप रावत, सीडीओ स्टेनो, विकास भवन।
फोटो-29 बीएनडीपी-9 : बीपी वर्मा
महंगाई को देखते हुए कर्मचारियों के बच्चों का शिक्षा फंड पांच हजार बहुत कम है। इतने फंड में बच्चों को बेहतर शिक्षा नहीं दी जा सकती। बजट में प्रावधान कर इस फंड में वृद्धि की जाए। इसके अलावा आयकर में छूट का दायरा भी बढ़ाया जाना जरूरी है।-बीपी वर्मा, स्टेशन अधीक्षक, बांदा।

अंबरीश वाजपेयी।- फोटो : BANDA

केपी सिंह।- फोटो : BANDA