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पितृ पक्ष के साथ महाबुलिया शुरू
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खप्टिहा कलां। बालिकाओं का महाबुलिया पर्व पितृ पक्ष के साथ शुरू हो गया। मंगलवार को गांव की बालिकाओं ने कांटे के झाड़ में रंग-बिरंगे फूल पिरोये और पूजन के बाद नदी में विसर्जित किया।
यह 16 दिनों तक चलेगा। बुंदेलखंड में महाबुलिया सजाने का यह पर्व काफी पुराना है। शहर से लेकर गांव तक बालिकाएं इसे मनाती हैं। पूजन अर्चन के बाद नदी, तालाब, पोखरों में विसर्जित करती हैं। अंतिम दिन बैडबाजे के साथ महाबुलिया की विदाई होती है।
जसपुरा के बुजुर्ग लक्ष्मी सिंह ने बताया कि बच्चियां महाबुलिया को उत्सव के रूप में मनाती हैं। बताते है कि यह उत्सव पूर्वजों के प्रति सम्मान प्रदर्शन के साथ सृजन का भाव निहित है। झाड़ में फूलों को पूर्वजों के प्रतीक के रूप में सजाया जाता है।
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यह 16 दिनों तक चलेगा। बुंदेलखंड में महाबुलिया सजाने का यह पर्व काफी पुराना है। शहर से लेकर गांव तक बालिकाएं इसे मनाती हैं। पूजन अर्चन के बाद नदी, तालाब, पोखरों में विसर्जित करती हैं। अंतिम दिन बैडबाजे के साथ महाबुलिया की विदाई होती है।
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जसपुरा के बुजुर्ग लक्ष्मी सिंह ने बताया कि बच्चियां महाबुलिया को उत्सव के रूप में मनाती हैं। बताते है कि यह उत्सव पूर्वजों के प्रति सम्मान प्रदर्शन के साथ सृजन का भाव निहित है। झाड़ में फूलों को पूर्वजों के प्रतीक के रूप में सजाया जाता है।
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