गोप्पा हो या अन्य डकैत सफाए की रणनीति बनाएं
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बांदा। ‘मुख्यमंत्री जी, डाकू गोप्पा तो आपको चिढ़ा रहा है’ खबर पर राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. महेंद्र सिंह ने संज्ञान लेते हुए बैठक में पुलिस अधिकारियों से इस पर चर्चा की। सख्त लहजे में कहा कि डकैतों की वजह से विकास कार्य प्रभावित न हों। दस्यु गोप्पा हो या अन्य डकैत सफाए की रणनीति बनाएं। सरकार पूरा साथ देगी। सर्किट हाउस में कानून व्यवस्था की समीक्षा के दौरान राज्यमंत्री ने ‘अमर उजाला’ में छपी डाकू गोप्पा की खबर को गंभीरता से लिया है। उन्होंने पुलिस अधीक्षक डॉ. श्रीपति मिश्रा समेत चित्रकूट के अधिकारियों से डाकुओं के बारे में जानकारी की। दस्युओं द्वारा प्रभावित कार्यों के बारे में पूछा।
पुलिस अधीक्षक डॉ. मिश्रा ने उन्हें बताया कि छुटभैय्या डकैत है, अभी गैंगबुक में दर्ज नहीं हुआ। जल्द ही गैंग रिकार्ड तैयार कर इसे मार गिराया जाएगा। बांदा-चित्रकूट में 50 हजार का इनामी रामगोपाल उर्फ गोप्पा समेत अन्य दस्यु दलों द्वारा अब तक किए गए अपराधों की समीक्षा की। राज्यमंत्री ने दोनों जिलों के पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिए कि डकैतों द्वारा काम रुकवाने संबंधी शिकायतों पर सीधे संज्ञान लें और पड़ताल करें। यह भी तय करें कि शिकायत सही है या गलत। जरूरत पड़े तो सुरक्षा व्यवस्था के बीच विकास कार्य कराएं लेकिन डकैतों की वजह से विकास प्रभावित नहीं होना चाहिए।