यूपी: खेल मंत्री के सामने खुली पोल, बोले- वेंटिलेटर और आईसीयू बेड काम नहीं करे, सुधार होने तक जिले में ही रहूंगा
बलिया जिले की स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने जिला अस्पताल, एल-2 बसंतपुर व फेफना एल-1 अस्पताल का औचक निरीक्षण किया।
मंत्री बोले- मरीजों को न हो कोई असुविधा, संसाधनों की कमी नहीं होने देगी सरकार।
विस्तार
खेल मंत्री उपेंद्र तिवारी ने सोमवार को बलिया जिले में प्रशासनिक व स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर कोविड रोकथाम की समीक्षा की। उन्होंने स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार व कोविड नियंत्रण में आने वाली समस्याओं पर चर्चा की और उसे दुरुस्त कराने पर खास जोर दिया।
वर्तमान में उपलब्ध कुल ऑक्सीजन सिलिंडरों की संख्या के बारे में पूछने पर सीडीओ प्रवीण वर्मा ने बताया कि कुल 174 छोटे व 86 बड़े सिलिंडर उपलब्ध हैं। इस पर मंत्री ने सवाल किया कि न सिलिंडर की कमी है न बेड की, तो फिर समस्या क्या है, मरीज परेशान हो रहे हैं, ऐसे नहीं चलेगा। इस पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी ध्यान दें। उन्होंने पिछले वर्ष कोविड संक्रमण के दौरान शासन द्वारा उपलब्ध कराए गए धन, संसाधन और उसके उपभोग के बारे में पूछा तो सीएमओ ने विभाग से सूचना मंगाकर बताया कि पिछले वर्ष एसडीआरएफ मद में एक करोड़ 80 लाख, पंचायती राज मद में दो करोड़ 50 लाख, शासन द्वारा 10 आईसीयू बेड, विभिन्न जनप्रतिनिधियों द्वारा सांसद व विधायक निधि से एक करोड़ 96 लाख एवं विभिन्न कंपनियों द्वारा सहयोग के तौर पर 18 वेंटिलेटर मिले थे।
वर्तमान वित्तीय वर्ष में दो करोड़ एसडीआरएफ मद में शासन ने धन भेजा है। पिछले वर्ष का धन अभी उपलब्ध है, खर्च नहीं हो पाया है। ऑक्सीजन प्लांट के लिए आज टेंडर खुल रहा है। बहुत जल्द यह स्थापित होगा। खेल मंत्री ने कहा कि इतने धन और संसाधन के बावजूद अभी तक वेंटिलेटर और आईसीयू बेड क्रियाशील क्यों नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि उस धन से अभी तक सुविधाएं शुरू न होने के दोषी अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
बैठक में ही प्रमुख सचिव और कमिश्नर से की बात
खेल मंत्री ने मीटिंग हॉल से ही मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री व कमिश्नर से वार्ता कर हालात से अवगत कराया। उन्होंने कहा कि सारे विवरण के साथ अपनी रिपोर्ट मुख्यमंत्री को दूंगा। अधिकारियों की लापरवाही जैसे सुविधाओं के लिए मिले धन खर्च नहीं कर पाना, वेंटिलेटर व आईसीयू चालू नहीं करा पाना आदि से सरकार की छवि खराब हो रही है।
सुधार होने तक जिले में ही रहूंगा
मंत्री तिवारी ने फोन से जिलाधिकारी से बात की। जिलाधिकारी ने सारी व्यवस्थाएं एक सप्ताह में सही करने को कहा। मंत्री ने साफ कहा कि जब तक व्यवस्था में सुधार नहीं होगा, मैं जिले में ही रहूंगा। मीटिंग में यह भी निर्देश दिया कि तीन दिन के अंदर पूरी रिपोर्ट से जनपद के सभी जनप्रतिनिधियों को अवगत करा दिया जाए। बैठक में सिकंदरपुर विधायक संजय यादव , जिलाध्यक्ष जयप्रकाश साहू , राज्यसभा सांसद नीरज शेखर के प्रतिनिधि संजय सिंह, लोकसभा सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त के प्रतिनिधि अमन कुमार, एडीएम रामआसरे, एएसपी संजय कुमार, नगर मजिस्ट्रेट नागेंद्र सिंह, सीएमओ डॉ राजेन्द्र प्रसाद, एसडीएम सदर राजेश यादव, सहित कोविड ड्यूटी से संबंधित अधिकारी रहे।
स्थिति का लिया जायजा
बलिया जिले की स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने जिला अस्पताल, एल-2 बसंतपुर व फेफना एल-1 अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि किसी भी मरीज को कोई असुविधा नहीं होनी चाहिए। जो संसाधन हैं, कम से कम उसमें बेहतर उपचार सुनिश्चित किया जाए। सभी डॉक्टर मानवता व इंसानियत का परिचय देते हुए भगवान का दूसरा रूप वाली छवि लोगों के बीच प्रस्तुत करें।