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शीघ्र बदलेगी प्राथमिक विद्यालयों की सूरत
ब्यूरो, अमर उजाला, बलिया
Updated Mon, 15 Dec 2014 11:31 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
सूबे में प्राथमिक शिक्षा में गुणात्मक सुधार की कवायद शुरू हो गई है। प्रदेश के सभी प्राथमिक विद्यालयों की सूरत अब बदली नजर आएगी।
जमीन पर टाटपट्टी बिछाकर पढ़ने वाले बच्चे अब कुर्सी मेज पर पढ़ते नजर आएंगे। प्रदेश सरकार इस कवायद को अमलीजामा पहनाने के प्रयास तेज कर दी गई है।
ये बातें सूबे के बेसिक शिक्षामंत्री रामगोविंद चौधरी रविवार देरशाम अखोप ग्राम में पत्रकारों से कही। चौधरी क्षेत्र के ससना बहादुरपुर ग्राम में दिवंगत पूर्व ब्लाक प्रमुख चंद्रिका सिंह केे आवास पर शोक संतप्त परिवार को सांत्वना देने के लिए आए थे।
चौधरी ने बातचीत के दौरान कहा कि बच्चोें के नैसर्गिक प्रतिभा के विकास के लिए गुणवत्ता परक शिक्षा पर जोर दिया जा रहा है। उन्होंने बेसिक शिक्षा विभाग में चल रही गतिविधियों की जानकारी दी।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सरकार ने प्राथमिक शिक्षा में विकास के लिए अनेक कदम उठाए हैं। शैक्षिक गुणवत्ता और शिक्षकों की नियमित उपस्थित के प्रति सरकार गंभीर है।
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शिक्षक अपनी भूमिका का निर्वहन ठीक ढंग से करें, इसके लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे। कहा कि कान्वेंट स्कूलों को पछाड़ने के दृष्टिकोण से माडल स्कूल बनाने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए प्रदेश की सपा सरकार गंभीर है और अब प्राथमिक स्तर से बच्चों को अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा दी जाएगी।
बताया कि गत दिनों लखनऊ में आयोजित खंड शिक्षा अधिकारियों के सम्मेलन में भाग न लेने वाले अधिकारियों पर सरकार की नजर है। अनुपस्थित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है।
सूबे में प्राथमिक शिक्षा में गुणात्मक सुधार की कवायद शुरू हो गई है। प्रदेश के सभी प्राथमिक विद्यालयों की सूरत अब बदली नजर आएगी।
जमीन पर टाटपट्टी बिछाकर पढ़ने वाले बच्चे अब कुर्सी मेज पर पढ़ते नजर आएंगे। प्रदेश सरकार इस कवायद को अमलीजामा पहनाने के प्रयास तेज कर दी गई है।
ये बातें सूबे के बेसिक शिक्षामंत्री रामगोविंद चौधरी रविवार देरशाम अखोप ग्राम में पत्रकारों से कही। चौधरी क्षेत्र के ससना बहादुरपुर ग्राम में दिवंगत पूर्व ब्लाक प्रमुख चंद्रिका सिंह केे आवास पर शोक संतप्त परिवार को सांत्वना देने के लिए आए थे।
चौधरी ने बातचीत के दौरान कहा कि बच्चोें के नैसर्गिक प्रतिभा के विकास के लिए गुणवत्ता परक शिक्षा पर जोर दिया जा रहा है। उन्होंने बेसिक शिक्षा विभाग में चल रही गतिविधियों की जानकारी दी।
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इस अवसर पर उन्होंने कहा कि सरकार ने प्राथमिक शिक्षा में विकास के लिए अनेक कदम उठाए हैं। शैक्षिक गुणवत्ता और शिक्षकों की नियमित उपस्थित के प्रति सरकार गंभीर है।
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शिक्षक अपनी भूमिका का निर्वहन ठीक ढंग से करें, इसके लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे। कहा कि कान्वेंट स्कूलों को पछाड़ने के दृष्टिकोण से माडल स्कूल बनाने का निर्णय लिया गया है। इसके लिए प्रदेश की सपा सरकार गंभीर है और अब प्राथमिक स्तर से बच्चों को अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा दी जाएगी।
बताया कि गत दिनों लखनऊ में आयोजित खंड शिक्षा अधिकारियों के सम्मेलन में भाग न लेने वाले अधिकारियों पर सरकार की नजर है। अनुपस्थित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है।