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24 गांवों के लोग झेल रहे बिजली संकट
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राजीचौराहा (बहराइच)। विद्युत उपकेंद्र महसी से करीब 24 गांवों को बिजली सप्लाई दी जाती है, लेकिन यहां गर्मी बढ़ने के साथ ही बिजली कटौती भी बढ़ गई है। क्षेत्र में बिजली आपूर्ति का रोस्टर पूरी तरह से ध्वस्त हो गया है। आलम यह है कि 24 गांवों के लोगों को 24 घंटे में मात्र तीन घंटे ही बिजली मिल रही है। इसमें भी लो वोल्टेज की समस्या बनी रहती है। बिजली न मिलने से उमस भरी गर्मी से ग्रामीण परेशान हैं। पावर कॉर्पोरेशन की लापरवाही के चलते लगभग 45 हजार लोग लो वोल्टेज व विद्युत कटौती का संकट झेल रहे हैं।
महसी में स्थित विद्युत उपकेंद्र से राजीचौराहा, महसी, जैतापुर, रमवापुर समेत 24 गांवों को बिजली सप्लाई दी जाती है। इन गांवों के ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में बिजली सप्लाई रोस्टर का ध्यान पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारी नहीं रख रहे हैं। आलम यह है कि 24 घंटे में मात्र तीन घंटे ही बिजली सप्लाई मिल रही है। इसमें भी लोग वोल्टेज से लोगों को काफी परेशानी होती है। सिर्फ मोबाइल ही चार्ज हो पा रहे हैं। बिजली आपूर्ति रोस्टर पूरे तहसील क्षेत्र में पूरी तरह से ध्वस्त है। बिजली न मिलने से ग्रामीणों परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
क्षेत्र के हेमराज वर्मा, राजाराम वर्मा, आत्माराम दीक्षित, धर्मराज, दयाराम जायसवाल, प्रमोद गिरि, बुधसागर जायसवाल, राजकुमार गिरि, सिराज अहमद, मोहम्मद रब्बानी, शंकर मौर्य आदि ने बताया कि कई बार इस बारे में पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन इसके बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। पावर हाउस के कर्मचारियों का नंबर ही बंद रहता है। वहीं अवर अभियंता किसी का फोन ही नहीं रिसीव करते हैं। बिजली कटौती से क्षेत्र की 45 हजार से अधिक आबादी परेशान है। ग्रामीणों ने एक्सईएन को पत्र भेजकर बिजली आपूर्ति व्यवस्था में सुधार करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने बिजली रोस्टर के अनुरूप न मिलने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
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महसी में स्थित विद्युत उपकेंद्र से राजीचौराहा, महसी, जैतापुर, रमवापुर समेत 24 गांवों को बिजली सप्लाई दी जाती है। इन गांवों के ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में बिजली सप्लाई रोस्टर का ध्यान पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारी नहीं रख रहे हैं। आलम यह है कि 24 घंटे में मात्र तीन घंटे ही बिजली सप्लाई मिल रही है। इसमें भी लोग वोल्टेज से लोगों को काफी परेशानी होती है। सिर्फ मोबाइल ही चार्ज हो पा रहे हैं। बिजली आपूर्ति रोस्टर पूरे तहसील क्षेत्र में पूरी तरह से ध्वस्त है। बिजली न मिलने से ग्रामीणों परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
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क्षेत्र के हेमराज वर्मा, राजाराम वर्मा, आत्माराम दीक्षित, धर्मराज, दयाराम जायसवाल, प्रमोद गिरि, बुधसागर जायसवाल, राजकुमार गिरि, सिराज अहमद, मोहम्मद रब्बानी, शंकर मौर्य आदि ने बताया कि कई बार इस बारे में पावर कॉर्पोरेशन के अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन इसके बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे हैं। पावर हाउस के कर्मचारियों का नंबर ही बंद रहता है। वहीं अवर अभियंता किसी का फोन ही नहीं रिसीव करते हैं। बिजली कटौती से क्षेत्र की 45 हजार से अधिक आबादी परेशान है। ग्रामीणों ने एक्सईएन को पत्र भेजकर बिजली आपूर्ति व्यवस्था में सुधार करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने बिजली रोस्टर के अनुरूप न मिलने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
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