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राष्ट्रपति के हाथों सम्मानित हुईं भानमती बोलीं, हक के लिए जारी रहेगा संघर्ष
अमर उजाला ब्यूरो/बहराइच
Updated Sat, 23 Jan 2016 09:45 PM IST
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बहराइच। देश की सौ सर्वश्रेष्ठ महिलाओं में से एक बहराइच की भानमती को राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी ने दिल्ली में सम्मानित किया। इस सम्मान से भानमती के गांव टेड़िया में खुशी व उत्साह का माहौल है।
भानमती ने इस सम्मान से हौसला बढ़ने की बात कही और वन ग्राम को राजस्व ग्राम बनाए जाने, बाल व महिला अधिकारों को लेकर चल रहे संघर्ष को और धार देने की प्रतिबद्धता जताई है।
मिहींपुरवा विकासखंड अंतर्गत टेड़िया वन ग्राम निवासी भानमती ने वनाधिकार आंदोलन में सक्रिय भागीदारी की और सार्वजनिक वितरण प्रणाली, नशाखोरी, बाल विवाह, दहेज प्रथा जैसी कुरीतियों के खिलाफ संघर्ष किया।
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वर्तमान में भानमती महिला अधिकार मंच के जरिए क्षेत्र के 10 गांवों में निवासरत करीब तीन हजार आधी आबादी की अगुवाकार भी हैं।
भानमती के संघर्षों व उनके जज्बे को सराहते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने उन्हें देश की सौ सर्वश्रेष्ठ महिलाओं में शुमार किया। 22 जनवरी को राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी ने उन्हें दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में पुरस्कृत किया।
सम्मान पाकर भानमती अपने घर लौट आई हैं। भानमती ने कहा कि लोगों को उनका अधिकार दिलाने के लिए वह संघर्ष करती रहेंगी।
डेवलेपमेंट एसोसिएशन फॉर ह्यूमन एडवांसमेंट (देहात) के मुख्य कार्यकारी डॉ. जितेंद्र चतुर्वेदी ने भानमती को बधाई दी है। डॉ. जितेंद्र चतुर्वेदी ने बताया कि जल्द ही भानमती को शहर स्थित कार्यालय पर सम्मानित किया जाएगा।
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भानमती ने इस सम्मान से हौसला बढ़ने की बात कही और वन ग्राम को राजस्व ग्राम बनाए जाने, बाल व महिला अधिकारों को लेकर चल रहे संघर्ष को और धार देने की प्रतिबद्धता जताई है।
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मिहींपुरवा विकासखंड अंतर्गत टेड़िया वन ग्राम निवासी भानमती ने वनाधिकार आंदोलन में सक्रिय भागीदारी की और सार्वजनिक वितरण प्रणाली, नशाखोरी, बाल विवाह, दहेज प्रथा जैसी कुरीतियों के खिलाफ संघर्ष किया।
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वर्तमान में भानमती महिला अधिकार मंच के जरिए क्षेत्र के 10 गांवों में निवासरत करीब तीन हजार आधी आबादी की अगुवाकार भी हैं।
भानमती के संघर्षों व उनके जज्बे को सराहते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने उन्हें देश की सौ सर्वश्रेष्ठ महिलाओं में शुमार किया। 22 जनवरी को राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी ने उन्हें दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में पुरस्कृत किया।
सम्मान पाकर भानमती अपने घर लौट आई हैं। भानमती ने कहा कि लोगों को उनका अधिकार दिलाने के लिए वह संघर्ष करती रहेंगी।
डेवलेपमेंट एसोसिएशन फॉर ह्यूमन एडवांसमेंट (देहात) के मुख्य कार्यकारी डॉ. जितेंद्र चतुर्वेदी ने भानमती को बधाई दी है। डॉ. जितेंद्र चतुर्वेदी ने बताया कि जल्द ही भानमती को शहर स्थित कार्यालय पर सम्मानित किया जाएगा।