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ये कैसी मानवता... मदद के बहाने सामान भी कर लिया चोरी
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शनिवार की रात हुए हादसे में अधिकांश घायल लोगों को छूट गया था सामान
रविवार को घायलों के परिजन उनका सामान लने पहुंचे तो हाथ हाई मायूसी
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत (बागपत)। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर किशनपुर बिराल गांव के बस स्टैंड पर मिनी बस और डंपर की हुई टक्कर में घायल हुए लोगों को ढूंढते हुए उनके परिजन सीएचसी पहुंची। रात से ही जिसे घटना की सूचना मिलती रही, वहीं सीएचसी की तरफ दौड़ता दिखाई दिया। अपनों की हालत में सुधार देख परिजनों ने राहत की सांस ली। मगर, उनका सामान चोरी होने पर मायूसी भी दिखाई दिए।
बता दें कि शनिवार की शाम बड़ौत से सवारी लेकर चली मिनी बस बागपत में किशनपुर बराल स्टैंड पर हाईवे के किनारे डंपर से टकरा गई थी। इसमें मिनी बस चालक संजीव सहित चार लोगों की मौत हो गई थी जबकि 25 से ज्यादा घायल हो गए थे। आसपास के लोगों ने घायल यात्रियों को शीशे व खिड़की तोड़कर बस से बाहर निकाला था और बड़ौत सीएचसी केे अलावा मेरठ, दिल्ली, कांधला आदि अन्य जगह के अस्पतालों में भर्ती कराया था। इसकी सूचना मिलते ही रविवार को घायलों के परिजन, रिश्तेदार बड़ौत सीएचसी पहुंचे और हालत में सुधार देख परिजनों ने राहत की सांस ली। मगर, कुछ घायलों ने अपना सामान चोरी होने की बात बताई। बड़ौत मेडिसिटी अस्पताल में भर्ती घायल विनय का कहना था कि किसी काम से कांधला जा रहा था। हादसे के बाद उसका बैग बस में ही रहा गया था, जो नहीं मिला। बैग में कीमती सामान था। इसके अलावा घायल गौतम, मोहित का कहना था कि दुघर्टना के बाद मोबाइल बस में गिर गए थे, जो नहीं मिले। कुछ अन्य घायलों ने भी इसी तरह की शिकायत की।
बीमार रिश्तेदार का पता लेने जा रहा था, खुद पहुंच गया अस्पताल
बड़ौत। नगर के आस्था अस्पताल मेें एडमिट विनोद का कहना था कि शामली में बीमार रिश्तेदार का पता लेने जा रहा था, लेकिन मुझे क्या पता कि मै खुद अस्पताल पहुंच जाऊंगा।
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रविवार को घायलों के परिजन उनका सामान लने पहुंचे तो हाथ हाई मायूसी
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत (बागपत)। दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर किशनपुर बिराल गांव के बस स्टैंड पर मिनी बस और डंपर की हुई टक्कर में घायल हुए लोगों को ढूंढते हुए उनके परिजन सीएचसी पहुंची। रात से ही जिसे घटना की सूचना मिलती रही, वहीं सीएचसी की तरफ दौड़ता दिखाई दिया। अपनों की हालत में सुधार देख परिजनों ने राहत की सांस ली। मगर, उनका सामान चोरी होने पर मायूसी भी दिखाई दिए।
बता दें कि शनिवार की शाम बड़ौत से सवारी लेकर चली मिनी बस बागपत में किशनपुर बराल स्टैंड पर हाईवे के किनारे डंपर से टकरा गई थी। इसमें मिनी बस चालक संजीव सहित चार लोगों की मौत हो गई थी जबकि 25 से ज्यादा घायल हो गए थे। आसपास के लोगों ने घायल यात्रियों को शीशे व खिड़की तोड़कर बस से बाहर निकाला था और बड़ौत सीएचसी केे अलावा मेरठ, दिल्ली, कांधला आदि अन्य जगह के अस्पतालों में भर्ती कराया था। इसकी सूचना मिलते ही रविवार को घायलों के परिजन, रिश्तेदार बड़ौत सीएचसी पहुंचे और हालत में सुधार देख परिजनों ने राहत की सांस ली। मगर, कुछ घायलों ने अपना सामान चोरी होने की बात बताई। बड़ौत मेडिसिटी अस्पताल में भर्ती घायल विनय का कहना था कि किसी काम से कांधला जा रहा था। हादसे के बाद उसका बैग बस में ही रहा गया था, जो नहीं मिला। बैग में कीमती सामान था। इसके अलावा घायल गौतम, मोहित का कहना था कि दुघर्टना के बाद मोबाइल बस में गिर गए थे, जो नहीं मिले। कुछ अन्य घायलों ने भी इसी तरह की शिकायत की।
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बीमार रिश्तेदार का पता लेने जा रहा था, खुद पहुंच गया अस्पताल
बड़ौत। नगर के आस्था अस्पताल मेें एडमिट विनोद का कहना था कि शामली में बीमार रिश्तेदार का पता लेने जा रहा था, लेकिन मुझे क्या पता कि मै खुद अस्पताल पहुंच जाऊंगा।
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