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Baghpat News: क्रिटिकल केयर यूनिट का देरी से निर्माण, कार्यदायी संस्था पर लगेगा जुर्माना

Fri, 11 Sep 2026 01:19 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Fri, 11 Sep 2026 01:19 AM IST
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Delay in construction of critical care unit, penalty to be imposed on the executing agency
-जिला अस्पताल में 17.89 करोड़ रुपये से किया जा रहा 50 बेड की क्रिटिकल केयर यूनिट का निर्माण
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- सवा साल देरी से चल रहा निर्माण, यूनिट शुरू होने से कैंसर, गंभीर घायल, जलने वाले समेत अन्य का होगा उपचार
-यहां से अभी तक गंभीर बीमारियों व घायलों को मेरठ के साथ ही दिल्ली कर दिया जाता है रेफर
फोटो-
संवाद न्यूज एजेंसी
बागपत। जिला अस्पताल में निर्माणाधीन क्रिटिकल केयर यूनिट का निर्माण सवा साल देरी से चल रहा है। इसलिए अब कार्यदायी संस्था यूपी सिडको पर दस प्रतिशत जुर्माना लगाया जाएगा। क्योंकि कार्यदायी संस्था की लापरवाही के कारण गंभीर बीमारियों, घायलों को समय से इसका लाभ मिलना शुरू नहीं हुआ।
जिले में अभी तक गंभीर मरीजों के उपचार के लिए कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में मरीजों को मेरठ के मेडिकल कॉलेज व दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में रेफर किया जाता है। कई बार समय पर इलाज न मिलने की वजह से सड़क हादसे के घायलों को जान गंवानी पड़ती है। इसलिए ही शासन ने जिले में क्रिटिकल केयर यूनिट बनाने का निर्णय लिया था। इसके लिए जिला अस्पताल में स्थान चिह्नित करके 17 करोड़ 89 लाख 88 हजार रुपये का बजट जारी किया था। यूनिट का निर्माण कार्य 14 मार्च 2024 में शुरू हो गया था और कार्य को 30 जून 2025 तक पूरा करना था, लेकिन समय सीमा खत्म होने के बाद भी कार्य पूरा नहीं हो सका है।
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यूनिट का निर्माण कार्य सवा साल देरी से चल रहा है और संस्था की लापरवाही के कारण गंभीर मरीजों को इसका लाभ तक नहीं मिल पा रहा है। कई बार संस्था को नोटिस जारी किया जा चुका है, लेकिन संस्था कार्य को पूरा करने के प्रति गंभीर नहीं दिखाई दे रही है। अभी तक 95 प्रतिशत कार्य हुआ है, और कार्य पूरा होने में करीब एक माह लग जाएगा। सीडीओ अनिल कुमार सिंह ने निरीक्षण कर यूनिट के निर्माण कार्य में देरी पर नाराजगी जताते हुए जुर्माना लगाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही पंद्रह दिन में कार्य को पूरा करने के लिए कहा गया है।
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-90 प्रतिशत घायलों को कर दिया जाता है रेफर
जिला अस्पताल में हर महीने औसतन 1200 घायल आते हैं और इनमें से 1100 को रेफर कर दिया जाता है। इस तरह जिला अस्पताल में उपचार करने की जगह यह केवल रेफर सेंटर बनकर रह गया है। यहां गंभीर घायलों व बीमारियों के उपचार की कोई व्यवस्था नहीं है।

-ये मिलेंगी सुविधाएं
क्रिटिकल केयर यूनिट में सड़क और अन्य हादसों में गंभीर रूप से घायल लोगों का उपचार होगा। 50 बेड के पांच मंजिला भवन में ऑपरेशन थिएटर, सीटी स्कैन, अल्ट्रासाउंड, आईसीयू, आपातकालीन वार्ड, ऑर्थो विंग, सर्जरी विंग, कैंसर, हृदय रोगी समेत अन्य सुविधाएं 24 घंटे मिलेंगी।


वर्जन
-जिला अस्पताल में गाजियाबाद की एक संस्था क्रिटिकल केयर यूनिट का निर्माण कार्य कर रही है और इसका निर्माण 30 जून 2025 तक पूरा होना था। संस्था की लापरवाही के कारण कार्य पूरा नहीं हुआ। इसलिए संस्था पर दस प्रतिशत का जुर्माना लगाने की कार्रवाई की जा रही है। -अनिल कुमार सिंह, सीडीओ
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