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बागपत में सर्विलांस टीम पर हमला
Updated Sat, 06 Aug 2016 02:23 AM IST
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हिरासत में लिए गए आरोपी।
- फोटो : अमर उजाला
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बागपत। शहर के राष्ट्र वंदना चौक पर बृहस्पतिवार की रात में खाना खाने पहुंची पुलिस की सर्विलांस टीम के सदस्यों और युवकों में मामूली कहासुनी के बाद संघर्ष हो गया। इसमें एक सिपाही गंभीर घायल हुआ। दूसरे सिपाही से पिस्टल लूटने की कोशिश की।
इस दौरान फायरिंग भी हुई। सूचना मिलते ही सीओ सदर मौके पर पहुंचे। झगड़ा कर भाग रहे युवकों में से तीन को पुलिस ने कोतवाली क्षेत्र के बाघू गांव से पकड़ा। घायल सिपाही ने सात नामजद और पांच-छह अज्ञात युवकों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कराया।
बृहस्पतिवार की रात में 11 बजे सर्विलांस टीम के एसआई अनुराग शर्मा, सिपाही सुनील कुमार, मनोज कुमार, जहांगीर पंवार और देवेश कसाना ऑल्टो कार में सवार होकर राष्ट्र वंदना चौक स्थित ढाबे में खाना खाने के लिए पहुंचे । यहां खाना खा रहे बागपत की न्यू कॉलोनी निवासी नीरज, विक्की और अर्जुनपुरम निवासी अमित के साथ सिपाही सुनील कुमार की कहासुनी हो गई।
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आसपास के लोगों ने बीच बचाव कराने का प्रयास भी किया, लेकिन दोनों पक्षों में धक्का-मुक्की और मारपीट शुरू हो गई। बाद में ढाबे से निकल कर दोनों पक्ष राष्ट्र वंदना चौक पहुंच गए। यहां काफी देर तक झगड़ा होता रहा।
हमले में सिपाही सुनील कुमार का सिर फूट गया। हमलावरों ने सिपाही की कार भी तोड़ दी। इस बीच किसी ने कोतवाली में पुलिस के हमले की जानकारी दी।
सूचना मिलते ही सीओ बागपत कर्मवीर सिंह मय फोर्स के मौके पर पहुंचे। पुलिस बल बढ़ता देखकर आरोपी युवक बाघू गांव की तरफ भागे। पुलिस ने पीछा कर नीरज, विक्की और अमित को हिरासत में ले लिया। घायल सिपाही को अस्पताल में भर्ती कराया।
सिपाही सुनील ने पकड़े गए तीनों युवकों के अलावा बाघू गांव के दो सगे भाई सचिन और जगत सिंह, राहुल त्यागी दुर्गा पुरी, दिल्ली और मुजफ्फरनगर के सिसौली के सत्ते नामक युवक नामजद और 5-6 अज्ञात युवकों के खिलाफ धारा 147, 148, 149, 307, 332, 353, 393, 34 समेत एससी एसटी एक्ट में मुकदमा दर्ज कराया है। एसपी पूनम ने सीओ से पूरे मामले की जानकारी ली। एसपी ने मामले की जांच सीओ कर्मवीर सिंह को सौंपी है।
आखिर कैसे बरामद हुई पिस्टल
जिस वक्त राष्ट्र वंदना चौक पर झगड़ा चल रहा था। सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। जैसे ही युवक बाघू की ओर दौड़े अफवाह फैल गई कि सिपाही का पिस्टल लूटकर गांव की तरफ भागे हैं। पुलिस ने आव देखा न ताव गांव की तरफ दौड़ लगा दी है। सिपाही सुनील ने केवल पिस्टल लूटने के प्रयास का मामला दर्ज कराया है।
चौराहे पर फायरिंग से मची भगदड़
पुलिस पर हमले के दौरान हुई फायरिंग से चौराहे पर भगदड़ मच गई। दिल्ली-यमुनौत्री हाईवे से गुजर रहे वाहन भी रुक गए। ढाबों में खाना खा रहे लोग भी इधर-उधर भाग गए। काफी देर तक यहां भय का माहौल रहा।
बाघू तक दौड़ी पुलिस, फायरिंग
बागपत। पुलिस पर हमला करने के बाद युवक बाघू गांव की ओर दौड़ पड़े। आरोपियों में दो सगे भाई इसी गांव के हैं। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया गांव में सीओ कर्मवीर के नेतृत्व में पुलिस ने आरोपियों की घेराबंदी की। बामुश्किल तीन युवक पकड़े जा सके। गांव में काफी देर तक फायरिंग होती रही। ग्रामीणों के अनुसार पुलिस ने भी गांव में फायरिंग की।
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इस दौरान फायरिंग भी हुई। सूचना मिलते ही सीओ सदर मौके पर पहुंचे। झगड़ा कर भाग रहे युवकों में से तीन को पुलिस ने कोतवाली क्षेत्र के बाघू गांव से पकड़ा। घायल सिपाही ने सात नामजद और पांच-छह अज्ञात युवकों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कराया।
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बृहस्पतिवार की रात में 11 बजे सर्विलांस टीम के एसआई अनुराग शर्मा, सिपाही सुनील कुमार, मनोज कुमार, जहांगीर पंवार और देवेश कसाना ऑल्टो कार में सवार होकर राष्ट्र वंदना चौक स्थित ढाबे में खाना खाने के लिए पहुंचे । यहां खाना खा रहे बागपत की न्यू कॉलोनी निवासी नीरज, विक्की और अर्जुनपुरम निवासी अमित के साथ सिपाही सुनील कुमार की कहासुनी हो गई।
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आसपास के लोगों ने बीच बचाव कराने का प्रयास भी किया, लेकिन दोनों पक्षों में धक्का-मुक्की और मारपीट शुरू हो गई। बाद में ढाबे से निकल कर दोनों पक्ष राष्ट्र वंदना चौक पहुंच गए। यहां काफी देर तक झगड़ा होता रहा।
हमले में सिपाही सुनील कुमार का सिर फूट गया। हमलावरों ने सिपाही की कार भी तोड़ दी। इस बीच किसी ने कोतवाली में पुलिस के हमले की जानकारी दी।
सूचना मिलते ही सीओ बागपत कर्मवीर सिंह मय फोर्स के मौके पर पहुंचे। पुलिस बल बढ़ता देखकर आरोपी युवक बाघू गांव की तरफ भागे। पुलिस ने पीछा कर नीरज, विक्की और अमित को हिरासत में ले लिया। घायल सिपाही को अस्पताल में भर्ती कराया।
सिपाही सुनील ने पकड़े गए तीनों युवकों के अलावा बाघू गांव के दो सगे भाई सचिन और जगत सिंह, राहुल त्यागी दुर्गा पुरी, दिल्ली और मुजफ्फरनगर के सिसौली के सत्ते नामक युवक नामजद और 5-6 अज्ञात युवकों के खिलाफ धारा 147, 148, 149, 307, 332, 353, 393, 34 समेत एससी एसटी एक्ट में मुकदमा दर्ज कराया है। एसपी पूनम ने सीओ से पूरे मामले की जानकारी ली। एसपी ने मामले की जांच सीओ कर्मवीर सिंह को सौंपी है।
आखिर कैसे बरामद हुई पिस्टल
जिस वक्त राष्ट्र वंदना चौक पर झगड़ा चल रहा था। सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। जैसे ही युवक बाघू की ओर दौड़े अफवाह फैल गई कि सिपाही का पिस्टल लूटकर गांव की तरफ भागे हैं। पुलिस ने आव देखा न ताव गांव की तरफ दौड़ लगा दी है। सिपाही सुनील ने केवल पिस्टल लूटने के प्रयास का मामला दर्ज कराया है।
चौराहे पर फायरिंग से मची भगदड़
पुलिस पर हमले के दौरान हुई फायरिंग से चौराहे पर भगदड़ मच गई। दिल्ली-यमुनौत्री हाईवे से गुजर रहे वाहन भी रुक गए। ढाबों में खाना खा रहे लोग भी इधर-उधर भाग गए। काफी देर तक यहां भय का माहौल रहा।
बाघू तक दौड़ी पुलिस, फायरिंग
बागपत। पुलिस पर हमला करने के बाद युवक बाघू गांव की ओर दौड़ पड़े। आरोपियों में दो सगे भाई इसी गांव के हैं। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया गांव में सीओ कर्मवीर के नेतृत्व में पुलिस ने आरोपियों की घेराबंदी की। बामुश्किल तीन युवक पकड़े जा सके। गांव में काफी देर तक फायरिंग होती रही। ग्रामीणों के अनुसार पुलिस ने भी गांव में फायरिंग की।