फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   तालाब की खुदाई और अवैध कब्जे हटवाने की मांग

तालाब की खुदाई और अवैध कब्जे हटवाने की मांग

Mon, 07 May 2018 01:08 AM IST
Updated Mon, 07 May 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
तालाब की खुदाई और अवैध कब्जे हटवाने की मांग
दाहा (बागपत)। पलड़ा गांव में तालाब पर अवैध कब्जा कर लिया गया है। कई साल से खुदाई नहीं हुई है। जिस कारण गंदगी का अंबार लगा है। गांव में संक्रामक रोग फैलना शुरू हो गया है। लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शिकायत करने के बाद भी ग्रामीणों की सुनवाई नहीं हो रही है। ग्रामीणों ने मांग की कि तालाब की खुदाई की जाए और जिन लोगों से तालाब की भूमि को कब्जा मुक्त कराया जाए। चेतावनी दी जल्द कार्रवाई नहीं होती है तो ग्रामीण कलक्ट्रेट में डीएम को ज्ञापन सौंपेंगे। उधर, प्रधान शाहिदा का कहना है कि कई बार प्रशासन को इससे अवगत करा दिया गया है। इसके लिए बजट स्वीकृत नहीं हो रहा है। जैसे ही बजट मिल जाता है वैसे ही कार्रवाई शुरू करा देंगे। इलियास, सूबेद्दीन, मंगता, नस्सर, रशीद, बाबू, रशीदा, सफीक, गुलबहार, अनीश, जाहिद, जुबैर, राहुल मौजूद रहे।
विज्ञापन


जलभराव की समस्या से दिलाई जाए निजात
बागपत। सरूरपुर कलां गांव स्थित वल्लभ पहलवान मार्ग पर जलभराव की समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। कई साल से लोग जलभराव की समस्या से परेशान हैं। जल निकासी नहीं होने के कारण लोगों को गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। रमजान माह शुरू होने वाला है। जैन समाज का मंदिर भी इसी मार्ग पर पड़ता है। ग्रामीण सुभाष नैन, राममेहर, सुधीर, अमित, राजीव, विनोद, सत्तार, महरूज, सुरेश, राजेंद्र, कपिल ने डीएम से हस्तक्षेप कर समस्या हल कराने की मांग की।
विज्ञापन

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed