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महामंडल विधान में जिनेंद्र भगवान की विशेष पूजा-अर्चना की
Updated Fri, 22 Sep 2017 01:24 AM IST
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बड़ौत (बागपत)।
अजितनाथ दिगंबर जैन मंदिर के तत्वावधान में आचार्य सुंदर सागर महाराज के संसघ सानिध्य में विहर्ष सभागार में चल रहे कल्पद्रुम महामंडल विधान में श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से पूजा-अर्चना की।
बृहस्पतिवार को प्रात: इंद्र-इंद्राणियों ने जिनेंद्र भगवान की अर्चना की। आचार्य सुंदर सागर महाराज द्वारा बोले दिव्य मंत्रों के मध्य शांतिधारा, चक्रवर्ती गौरव जैन सौधर्म इंद्र अशोक जैन, कुबेर इंद्र विरेंद्र जैन और यज्ञ नायक देवेंद्र जैन, सामग्री भेंटकर्ता राजेंद्र जैन द्वारा की गई। संगीतकार विजय के मधुर भजनों पर श्रद्धालु झूम उठे। चित्र अनावरण का सौभाग्य अशोक सर्राफ, सुनील जैन और अरुण जैन को प्राप्त हुआ। डॉ. श्रेयासं जैन के निर्देशन तथा ब्रह्मचारिणी रीता दीदी के नेतृत्व में भक्ति भाव से कल्पद्रुम विधान समवशरण पूजा, मान स्तंभ पूजा व चैत्य प्रसाद भूमि पूजा की तथा मांडले पर 130 अर्घ्य समर्पित किए। इस मौके पर आचार्य सुंदर सागर महाराज ने कहा कल्पद्रुम विधान का विशेष महत्व है, जो भी भक्त भक्ति भाव से इस विधान की पूजा करेगा, उन्हें मोक्ष कभी लक्ष्मी तक पहुंचाने का मार्ग प्रशस्त होगा। विधान में प्रमोद जैन, मदन लाल जैन, वरदान जैन, बालकिशन जैन, मुकेश जैन, शरद जैन, संजय जैन, विवेक जैन, राशि जैन, संदीप जैन, अखिलेश, राकेश, अभय आदि सुरेंद्र जैन आदि रहे।
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अजितनाथ दिगंबर जैन मंदिर के तत्वावधान में आचार्य सुंदर सागर महाराज के संसघ सानिध्य में विहर्ष सभागार में चल रहे कल्पद्रुम महामंडल विधान में श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से पूजा-अर्चना की।
बृहस्पतिवार को प्रात: इंद्र-इंद्राणियों ने जिनेंद्र भगवान की अर्चना की। आचार्य सुंदर सागर महाराज द्वारा बोले दिव्य मंत्रों के मध्य शांतिधारा, चक्रवर्ती गौरव जैन सौधर्म इंद्र अशोक जैन, कुबेर इंद्र विरेंद्र जैन और यज्ञ नायक देवेंद्र जैन, सामग्री भेंटकर्ता राजेंद्र जैन द्वारा की गई। संगीतकार विजय के मधुर भजनों पर श्रद्धालु झूम उठे। चित्र अनावरण का सौभाग्य अशोक सर्राफ, सुनील जैन और अरुण जैन को प्राप्त हुआ। डॉ. श्रेयासं जैन के निर्देशन तथा ब्रह्मचारिणी रीता दीदी के नेतृत्व में भक्ति भाव से कल्पद्रुम विधान समवशरण पूजा, मान स्तंभ पूजा व चैत्य प्रसाद भूमि पूजा की तथा मांडले पर 130 अर्घ्य समर्पित किए। इस मौके पर आचार्य सुंदर सागर महाराज ने कहा कल्पद्रुम विधान का विशेष महत्व है, जो भी भक्त भक्ति भाव से इस विधान की पूजा करेगा, उन्हें मोक्ष कभी लक्ष्मी तक पहुंचाने का मार्ग प्रशस्त होगा। विधान में प्रमोद जैन, मदन लाल जैन, वरदान जैन, बालकिशन जैन, मुकेश जैन, शरद जैन, संजय जैन, विवेक जैन, राशि जैन, संदीप जैन, अखिलेश, राकेश, अभय आदि सुरेंद्र जैन आदि रहे।
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