आजमगढ़ः खेत में मिला हत्या कर फेंका गया युवक का शव, रात में मोबाइल पर कॉल आने के बाद घर से निकला था
मिर्चा त्रिमुहानी गांव निवासी मो. आजम (19) बृहस्पतिवार रात खाना खाने के बाद घर पर ही सो रहा था। रात 10 बजे के लगभग उसके मोबाइल पर किसी का कॉल आया। जिस पर वह घर से निकला और फिर वापस नहीं लौटा। शुक्रवार सुबह उसका शव मिला।
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आजमगढ़ जिले के निजामाबाद थाना क्षेत्र के मिर्चा त्रिमुहानी गांव के बाहर खेत में शुक्रवार सुबह एक युवक का हत्या कर फेंका हुआ शव मिला। मृतक बीती रात रात दस बजे मोबाइल पर कॉल आने के बाद घर से निकाला था और फिर वापस नहीं लौटा। सुबह उसका शव मिलने से परिजनों में कोहराम मच गया है। गला दबा कर हत्या की आशंका जतायी जा रही है। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
मिर्चा त्रिमुहानी गांव निवासी मो. आजम (19) पुत्र मो. अनवर बृहस्पतिवार रात खाना खाने के बाद घर पर ही सो रहा था। रात 10 बजे के लगभग उसके मोबाइल पर किसी का कॉल आया। जिस पर वह घर से निकला और फिर वापस नहीं लौटा। दो घंटे तक इंतजार के बाद परिजनों ने मोबाइल पर संपर्क किया तो मोबाइल स्वीच ऑफ था।
आसपास खोजबीन के बाद भी कुछ पता नहीं चला। शुक्रवार सुबह ग्रामीणों ने गांव के बाहर खेत में मो. आजम का शव पड़ा देखा। शरीर पर कहीं भी चोट आदि के निशान नहीं थे। गला दबा कर हत्या की आशंका जताते हुए मृतक के चाचा अनरूल ने पुलिस को तहरीर दी है।
हत्या की सूचना मिलते ही एसपी सिटी पंकज पांडेय, सीओ सदर सिद्धार्थ तोमर भी मौके पर पहुंचे। शव को कब्जे में लेकर पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। घटना से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है।
हत्या में आरोपी बनाए जाने पर प्रधान ने ग्रामीणों संग घेरा थाना
महराजगंज थाना क्षेत्र के अशरफपुर बसारतपट्टी गांव के प्रधान ने ग्रामीणों के साथ बृहस्पतिवार शाम थाने पर पहुंच कर घेराव किया। गांव निवासी रणविजय सिंह की हत्या में प्रधान के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने पर प्रधान व ग्रामीण आक्रोशित थे। थाने पर भीड़ बढ़ने पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर सभी को खदेड़ दिया।
अशरफपुर बसारत पट्टी (बनगांवा) गांव निवासी 50 वर्षीय रणविजय सिंह का शव बृहस्पतिवार सुबह सड़क किनारे लहू लुहान हाल में पड़ा था। जानकारी होने पर पहुंचे परिजनों ने हत्या का आरोप लगाया। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पीएम के लिए भेज दिया।
वहीं मृतक के पुत्र प्रवेश सिंह ने घटना के बाबत प्रधान हरिओम निषाद समेत चार के खिलाफ नामजद तहरीर दिया। जिसके आधार पर महराजगंज थाना पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत कर लिया। थाने में हत्या की धाराओं में मुकदमा पंजीकृत होते ही प्रधान हरिओम ग्रामीणों के साथ शाम पांच बजे थाने पर पहुंच गया और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
पहले पुलिस ने समझा बुझा कर लोगों को शांत कराने का प्रयास किया, लेकिन भीड़ बढ़ने लगी तो पुलिस ने हलका बल प्रयोग कर व निर्दोष को न फसाये जाने का आश्वासन देकर लोगों को थाने से खदेड़ दिया।