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श्रद्धा से मनी प्रबोधिनी एकादशी
ब्यूरो/अमर उजाला,आजमगढ़
Updated Sat, 12 Nov 2016 12:12 AM IST
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प्रबोधिनी एकादशी
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जिले में प्रबोधिनी एकादशी का पर्व शुक्रवार को श्रद्धा के साथ मनाया गया। दिन भर व्रत रख कर लोगों ने शाम को सिंघाड़ा, गंजी का ग्रहण किया। साथ ही गन्ने का नेवान भी किया। शाम होने पर घरों में दीए जलाए और आतिशबाजी भी की। उधर पूरे दिन बाजारों में गंजी, सिंघाड़ा और गन्ने की जमकर खरीदारी हुई।
शहर से लेकर गांव-देहात तक प्रबोधिनी एकादशी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। प्रबोधिनी एकदशी पर दिनभर लोगों ने व्रत रखा। बात दें कि इस पर्व में सिंघाड़ा और गंजी का सेवन किया जाता है। शाम को गन्ने का नेवान किया जाता है। शुक्रवार को पूरे दिन बाजार में सड़कों के किनारे गन्ना, सिंघाड़ा और गंजी की दूकानों पर खरीदारी को लोगों की भीड़ रही। गंजी 30 रूपए किलो के बेचा जा रहा था, तो सिंघाड़ा भी 20 से 30 रूपए किलो बिक रहा था। वहीं 40, 30 और 20 रुपया जोड़ा गन्ना बिका।
शाम को पूजन-अर्चन के बाद घरों में दीप जलाए गए और बच्चों ने जमकर आतिशबाजी भी की। व्रती लोगों ने गंजी, सिंघाड़े को आहार के रूप में ग्रहण किया। मेजवां संवाददाता के मुताबिक फूलपुर कस्बा और ग्रामीण क्षेत्रों में प्रबोधिनी एकादशी का पर्व परंपरागत और श्रद्धा के साथ मनाया गया।
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लोगों ने पूजन-अर्चन कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। शाम को कस्बे में दीपावली जैसा दृश्य था। कस्बा स्थित शनिचर बाजार में गंजी, सिंघाड़ा और गन्ने की दुकानों पर सुबह से खरीदारों की भीड़ रही। अतरौलिया संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के भगतपुर गांव में प्रबोधनी एकादशी के अवसर पर मेले का आयोजन। मेले में भगतपुर के अलावा दर्जनों गांव के लोगों ने जलेबी, चाट आदि का आनंद लिया। महिलाओं ने शृंगार के सामान आदि खरीदे।
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शहर से लेकर गांव-देहात तक प्रबोधिनी एकादशी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। प्रबोधिनी एकदशी पर दिनभर लोगों ने व्रत रखा। बात दें कि इस पर्व में सिंघाड़ा और गंजी का सेवन किया जाता है। शाम को गन्ने का नेवान किया जाता है। शुक्रवार को पूरे दिन बाजार में सड़कों के किनारे गन्ना, सिंघाड़ा और गंजी की दूकानों पर खरीदारी को लोगों की भीड़ रही। गंजी 30 रूपए किलो के बेचा जा रहा था, तो सिंघाड़ा भी 20 से 30 रूपए किलो बिक रहा था। वहीं 40, 30 और 20 रुपया जोड़ा गन्ना बिका।
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शाम को पूजन-अर्चन के बाद घरों में दीप जलाए गए और बच्चों ने जमकर आतिशबाजी भी की। व्रती लोगों ने गंजी, सिंघाड़े को आहार के रूप में ग्रहण किया। मेजवां संवाददाता के मुताबिक फूलपुर कस्बा और ग्रामीण क्षेत्रों में प्रबोधिनी एकादशी का पर्व परंपरागत और श्रद्धा के साथ मनाया गया।
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लोगों ने पूजन-अर्चन कर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना की। शाम को कस्बे में दीपावली जैसा दृश्य था। कस्बा स्थित शनिचर बाजार में गंजी, सिंघाड़ा और गन्ने की दुकानों पर सुबह से खरीदारों की भीड़ रही। अतरौलिया संवाददाता के अनुसार क्षेत्र के भगतपुर गांव में प्रबोधनी एकादशी के अवसर पर मेले का आयोजन। मेले में भगतपुर के अलावा दर्जनों गांव के लोगों ने जलेबी, चाट आदि का आनंद लिया। महिलाओं ने शृंगार के सामान आदि खरीदे।