फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   Farmers disillusioned with sugarcane cultivation, reduced acreage

किसानों का गन्ने की खेती से मोह भंग, कम हुआ रकबा

Mon, 20 Jun 2022 11:39 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Mon, 20 Jun 2022 11:39 PM IST
विज्ञापन
Farmers disillusioned with sugarcane cultivation, reduced acreage
आजमगढ़। किसानों का गन्ना की खेती से मोह भंग हो रहा है। इसकी वजह समय से गन्ना भुगतान नहीं होना है। इस कारण वह अपनी पूंजी नहीं निकाल पा रहे हैं। घाटे का सौदा बनने के कारण किसान अन्य फसलों की ओर आकर्षित हो रहे हैं। क्षेत्र में गन्ने का रकबा बीते साल की अपेक्षा दो हजार हेक्टेयर कम हो गया है, जबकि यह पिछले साल के सापेक्ष चार हजार हेक्टेयर कम है। यानि साल दर साल रकबा घट रहा है। जो गन्ना विभाग के लिए चिंता का विषय है। जनपद में सठियांव में चीनी मिल है। वहीं जिले में दो गन्ना सहकारी समितियां हैं। गन्ना समितियां किसानों को बीज, खाद व ऋण आदि उपलब्ध कराती हैं। वहीं, गन्ने की खरीदारी व भुगतान का जिम्मा भी इन्हीं पर होता है। ये गन्ना समितियां किसानों को भुगतान नहीं करवा पा रही हैं। जिले के किसानों का चीनी मिल पर करोड़ों रुपये बकाया है। इसका असर गन्ने के रकबे पर पड़ रहा है। वर्तमान में हो रहेगन्ना सर्वे में चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। इसमें पता चला है कि पिछले वर्ष जनपद में 11,834 हेक्टेयर भूमि में गन्ना था, जो इस बार सर्वे में अभी तक लगभग 7,322 हेक्टेयर भूमि में गन्ने का उत्पादन किया जा रहा है।सर्वे पूर्ण होने के बाद भी पिछले वर्ष के सापेक्ष लक्ष्य पूरा नहीं हो पाएगा। करीब नौ हजार हेक्टेयर गन्ना का सर्वे हो सकेगा। जिला गन्ना अधिकारी अशर्फी लाल ने बताया कि जिले में कुल 16,189 किसान पंजीकृत हैं। जिसमें कुल 14,763 किसानों ने गन्ना आपूर्ति की थी। इस बार करीब चार हजार हेक्टेयर गन्ने की खेती कम हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed