फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   Sister 's father had filed murder

बहन के ससुर ने कराई थी हत्या

Wed, 30 Sep 2015 11:50 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, आजमगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, आजमगढ़ Updated Wed, 30 Sep 2015 11:50 PM IST
विज्ञापन
Sister 's father had filed murder
जन्माष्टमी से एक दिन पूर्व लालगंज ब्लाक के सेक्रेटरी सिकंदर जुलकर नैन की हत्या उसकी बहन के चचेरे ससुर ने शूटरों से कराई थी। इसका खुलासा बुधवार की भोर में मसीरपुर मोड़ से देवगांव पुलिस के हत्थे चढ़े मुख्य साजिशकर्ता से पूछताछ में हुआ। मेहनाजपुर थाना क्षेत्र के लालमऊ गांव निवासी सिकंदर जुलकर नैन लालगंज ब्लाक पर ग्राम विकास अधिकारी (सेक्रेटरी) थे। चार सितंबर की शाम करीब छह बजे वह बाइक से घर लौट रहे थे कि देवगांव कोतवाली के सरायमारुफ गांव के पास स्थित ढाबे पर पीछे से आए बाइक सवार बदमाशों ने उन्हें गोली मारी दी।
विज्ञापन


दो दिन बाद वाराणसी में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। कोतवाल देवगांव नागेश उपाध्याय ने बताया कि जांच में पता चला कि सिकंदर के बहनोई मेंहनगर के हजरत नगर निवासी जावेद और उसके चाचा दानिश में जमीन को लेकर मारपीट हुई थी। इसमें सिकंदर बहनोई की पैरवी कर रहे थे। इससे दानिश परेशान था और उसने सिकंदर की हत्या के लिए भाड़े शूटरों को सुपारी दे दी। घटना वाले दिन सिकंदर की पहचान कराने के लिए दानिश ब्लाक के पास खुद मौजूद था। उसके इशारे पर शूटर ब्लाक से ही सिकंदर के पीछे लग गए थे।
विज्ञापन


कोतवाल ने बताया कि पुलिस दानिश पर नजर रख रही थी। बुधवार की भोर में उसे मसीरपुर मोड़ से पकड़ लिया गया। वही भागने की फिराक में था। शूटरों की पहचान कर ली गई है। पुलिस उनकी तलाश में है।
विज्ञापन
विज्ञापन



जांच के नाम पर इधर-उधर घूम रही वीडीओ क्लिप : सेक्रेटरी सिकंदर जुलकर नैन के इलाज में वाराणसी के निजी अस्पताल के डाक्टरों की ओर से बरती गई लापरवाही की विडियो क्लिप जांच के नाम पर इधर से उधर घूम रही है।

 पीड़ित परिवार का कहना है पुलिस अगर इस मामले की निष्पक्षता से जांच करे तो डाक्टरों के एक बड़े रैकेट का खुलासा हो सकता है। लालगंज ब्लाक में सेक्रेटरी की चार सितंबर की शाम देवगांव कोतवाली के सराय मारुफ गांव के पास बाइक सवार बदमाशों ने गोली मार दी थी।

पेट में गोली लगने से घायल सिकंदर को वाराणसी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। सिकंदर के रिश्तेदारों का आरोप है कि रात में डाक्टरों की टीम गोली निकालने के लिए सिकंदर के पेट का आपरेशन शुरु किया। तभी डाक्टर के मोबाइल पर किसी का फोन आ गया। तभी डाक्टर आपरेशन छोड़कर घर की एसी और पंखा ठीक कराने की बात मोबाइल पर करने लगे। जबकि आपरेशन टेबल पर खून से लथपथ सिकंदर पड़ा रहा। पूरे घटनाक्रम की परिवार के लोगों ने वीडियो क्लिप बना ली।


छह सितंबर की रात सिकंदर की इलाज के दौरान मौत हो गई। सात सितंबर को शव घर पहुंचा तो सीडीओ महेंद्र वर्मा भी अंतिम संस्कार में गए। वहां परिवार के लोगों ने सीडीओ को वीडियो क्लिप सौंपी। क्लिप सीडीओ से एसपी दफ्तर पहुंची। वहां संपर्क करने पर जानकारी हुई कि चूंकि यह मामला सीओ लालगंज के सर्किल का था। इसलिए क्लिप सीओ लालगंज के यहां भेजवा दी गई।

मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। मामले की पूरी फाइल की जांच करने के बाद ही आगे की कार्रवाई करुंगा। - राकेश चंंद्र साहू, एसपी

जांच के लिए आठ सितंबर को ही पूरी वीडियो क्लिप एसपी के यहां भेजवा दी है। - महेंद्र वर्मा, सीडीओ

घटना देवगांव कोतवाली में दर्ज है। इसलिए क्लिप वहां के कोतवाल को दे दिया गया। - एसपी तोमर, सीओ लालगंज
इस मामले की जांच मैं नहीं, एडीएम कर रहे हैं। - नागेश उपाध्याय, कोतवाल देवगांव
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed