{"_id":"5a8f06a14f1c1bef7b8b8e82","slug":"201519322785-azamgarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डेढ़ लाख के चक्कर में पांच हजार गंवाया","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
डेढ़ लाख के चक्कर में पांच हजार गंवाया
Updated Thu, 22 Feb 2018 11:56 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अहरौला। थाना क्षेत्र के बस्तीभुजबल बाजार में स्थित यूनियन बैंक की शाखा में गुरुवार को रुपये निकालने पहुंचा युवक ठगी का शिकार हो गया। दो ठग उसे डेढ़ लाख रुपये देने के चक्कर में पांच हजार रुपये लेकर फरार हो गए और उसे कागज का बंडल थमा दिया। ठगी का शिकार युवक थाने में तहरीर दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
पीड़ित आलम पुत्र मो. सत्तार कप्तानगंज थाना क्षेत्र के कान्हूपट्टी गांव का निवासी है। वह गुरुवार को यूबीआई बस्तीभुजबल से रुपये निकालने गया था और खाते से पांच हजार रुपये निकाला। बैंक में ही आलम को एक युवक मिला, जो उसका रुपये गिनने में मदद किया। इसके बाद आलम और वह ठग बाहर निकल आया। जहां ठग का दूसरा साथी मौजूद था। उसने अपने गिरोह के एक तीसरे सदस्य से तीन हजार रुपये तलेकर 50 हजार रुपये दे दिया। तीन हजार के बदले वह 50 हजार लेकर घर चला गया। इसके बाद आलम घर के लिए चल दिया। रास्ते में आलम को वही ठग मिला जो बैंक में मिला था। उसने कहा कि तुम भी पांच हजार देकर डेढ़ लाख रुपये ले सकते हो। लालच में आकर आलम ने पांच हजार रुपये दिया। ठग उसे कागज का बंडल थमाकर बताया कि डेढ़ लाख रुपये हैं। इसके बाद वह चला गया। बाद में आलम ने बंडल खोला तो उसमें सिर्फ कागज थे। ठगी के शिकार आलम ने थाने में तहरीर दी है।
विज्ञापन
पीड़ित आलम पुत्र मो. सत्तार कप्तानगंज थाना क्षेत्र के कान्हूपट्टी गांव का निवासी है। वह गुरुवार को यूबीआई बस्तीभुजबल से रुपये निकालने गया था और खाते से पांच हजार रुपये निकाला। बैंक में ही आलम को एक युवक मिला, जो उसका रुपये गिनने में मदद किया। इसके बाद आलम और वह ठग बाहर निकल आया। जहां ठग का दूसरा साथी मौजूद था। उसने अपने गिरोह के एक तीसरे सदस्य से तीन हजार रुपये तलेकर 50 हजार रुपये दे दिया। तीन हजार के बदले वह 50 हजार लेकर घर चला गया। इसके बाद आलम घर के लिए चल दिया। रास्ते में आलम को वही ठग मिला जो बैंक में मिला था। उसने कहा कि तुम भी पांच हजार देकर डेढ़ लाख रुपये ले सकते हो। लालच में आकर आलम ने पांच हजार रुपये दिया। ठग उसे कागज का बंडल थमाकर बताया कि डेढ़ लाख रुपये हैं। इसके बाद वह चला गया। बाद में आलम ने बंडल खोला तो उसमें सिर्फ कागज थे। ठगी के शिकार आलम ने थाने में तहरीर दी है।
विज्ञापन