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बलराम के आंसू बहाने से पूर्वांचल का अपमान
अमर उजाला ब्यूरो/आजमगढ
Updated Thu, 23 Jun 2016 11:56 PM IST
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रमाकांत यादव
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भाजपा के पूर्व सांसद रमाकांत यादव ने गुरुवार को कहा कि मंत्री पद से बर्खास्त होने के बाद बलराम यादव ने जिस तरह आंसू बहाए, उससे पूर्वांचल का अपमान हुआ है। अगर बलराम यादव भाजपा में शामिल होते हैं तो टिकट दिलाकर विधायक बनवाऊंगा। 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा की सरकार बनने पर खुद का त्याग कर उन्हें कैबिनेट मंत्री भी बनवाऊंगा। पूर्व सांसद अपने हरबंशपुर स्थित आवास पर प्रेसवार्ता कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि जिस तरह मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बलराम यादव को बर्खास्त किया है, वह अपमानजनक है। बर्खास्त होने के बाद मीडिया से बात करते समय बलराम यादव को आंसू नहीं बहाना चाहिए था, क्योंकि उनके ऐसा करने से आजमगढ़ सहित पूरे पूर्वांचल का अपमान हुआ है। कहा कि सपा से मुझे भी हटाया गया था, मेरा भी टिकट कटा था लेकिन मैंने परवाह नहीं की।
आजमगढ़ का होने के कारण बलराम यादव मेरे बड़े भाई हैं और मेरे रहते उन्हें हताश होने की जरूरत नहीं है। वह भाजपा में शामिल हों। इसके बाद उन्हें और उनके पुत्र को विधानसभा में हम पहुंचाएंगे। उनके स्वाभिमान और सम्मान की रक्षा करना मेरी जिम्मेदारी है। कहा कि मैंने फोन पर बलराम यादव से बात करने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हुआ। कहा कि अगर मंत्रिमंडल विस्तार में बलराम यादव के पुत्र संग्राम यादव को मंत्री बनाया जाता है तो उन्हें ठुकरा देना चाहिए।
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उन्होंने कहा कि जिस तरह मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने बलराम यादव को बर्खास्त किया है, वह अपमानजनक है। बर्खास्त होने के बाद मीडिया से बात करते समय बलराम यादव को आंसू नहीं बहाना चाहिए था, क्योंकि उनके ऐसा करने से आजमगढ़ सहित पूरे पूर्वांचल का अपमान हुआ है। कहा कि सपा से मुझे भी हटाया गया था, मेरा भी टिकट कटा था लेकिन मैंने परवाह नहीं की।
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आजमगढ़ का होने के कारण बलराम यादव मेरे बड़े भाई हैं और मेरे रहते उन्हें हताश होने की जरूरत नहीं है। वह भाजपा में शामिल हों। इसके बाद उन्हें और उनके पुत्र को विधानसभा में हम पहुंचाएंगे। उनके स्वाभिमान और सम्मान की रक्षा करना मेरी जिम्मेदारी है। कहा कि मैंने फोन पर बलराम यादव से बात करने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हुआ। कहा कि अगर मंत्रिमंडल विस्तार में बलराम यादव के पुत्र संग्राम यादव को मंत्री बनाया जाता है तो उन्हें ठुकरा देना चाहिए।
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