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हर थाने में होनी चाहिए एक काउंसलर की नियुक्ति
संवाददाता
Updated Mon, 21 Sep 2015 01:10 AM IST
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लाटघाट। हैदराबाद नेशनल पुलिस एकेडमी के पूर्व निदेशक विकास नारायण राय ने कहा कि जनता के बीच पुलिस की विश्वसनीयता बढ़ाने की जरूरत है। इसके लिए हर थाने को महिला थाना समझते हुए पीड़ित महिलाओं को उचित सम्मान देने के साथ उनकी पीड़ा सुननी चाहिए।
वह रविवार को महिला सशक्तिकरण अभियान कार्यक्रम के तहत श्रीरामानंद सरस्वती पुस्तकालय जोकहरा में 'संवेदी पुलिस सशक्त समाज' विषयक गोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। गोष्ठी में महिलाओं को हिंसा मुक्त जीवन मुहैया कराने पर चर्चा हुई। मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक आकाश कुलहरि ने कहा कि पुलिस मानवीय पहलुओं को ध्यान में रख कर निष्पक्ष कार्य करे, तभी पीड़ित समाज को न्याय मिलेगा। कुलहरि ने हर थाने में एक काउंसलर की नियुक्त करने पर जोर दिया ताकि पीड़ित महिला को भावनात्मक और मानसिक सपोर्ट मिल सके। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण मोहम्मद इमरान ने कहा कि महिलाओं की केसों को थानों में गंभीरता पूर्वक सुनने की आवश्यकता है ताकि लोगों को लंबी दूरी तय कर उन लोगों के पास न आना पड़े। अध्यक्षता संस्था के संरक्षक विभूति नारायण राय जबकि संचालन निदेशिका हिना देसाई ने की। गोष्ठी में शेषनाथ राय, हरिमंदिर पांडेय, अमित मिश्रा, सुशील राय, लीला शर्मा, चंद्रजीत, रामजनम, जयप्रकाश, उषा, शीला आदि उपस्थित रहीं।
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वह रविवार को महिला सशक्तिकरण अभियान कार्यक्रम के तहत श्रीरामानंद सरस्वती पुस्तकालय जोकहरा में 'संवेदी पुलिस सशक्त समाज' विषयक गोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। गोष्ठी में महिलाओं को हिंसा मुक्त जीवन मुहैया कराने पर चर्चा हुई। मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक आकाश कुलहरि ने कहा कि पुलिस मानवीय पहलुओं को ध्यान में रख कर निष्पक्ष कार्य करे, तभी पीड़ित समाज को न्याय मिलेगा। कुलहरि ने हर थाने में एक काउंसलर की नियुक्त करने पर जोर दिया ताकि पीड़ित महिला को भावनात्मक और मानसिक सपोर्ट मिल सके। पुलिस अधीक्षक ग्रामीण मोहम्मद इमरान ने कहा कि महिलाओं की केसों को थानों में गंभीरता पूर्वक सुनने की आवश्यकता है ताकि लोगों को लंबी दूरी तय कर उन लोगों के पास न आना पड़े। अध्यक्षता संस्था के संरक्षक विभूति नारायण राय जबकि संचालन निदेशिका हिना देसाई ने की। गोष्ठी में शेषनाथ राय, हरिमंदिर पांडेय, अमित मिश्रा, सुशील राय, लीला शर्मा, चंद्रजीत, रामजनम, जयप्रकाश, उषा, शीला आदि उपस्थित रहीं।
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