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मनमाने तरीके से ग्राम समाज के जमीनों की अदला-बदली का आरोप
Updated Wed, 14 Feb 2018 11:52 PM IST
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आजमगढ़। लालगंज तहसील के बालपुर चकिया गांव में ग्राम समाज की जमीन पर कब्जा कर विद्यालय बनाने और शिकायत के बाद भी बिना पैमाइश कराए बिना ही मनमाने तरीके से जमीन की अदला-बदली करने पर शिकायत कर्ता ग्राम प्रधान आशुतोष मिश्र द्वारा मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर शिकायत की गई है। उन्होंने भूमि की पैमाइश कराकर उचित कार्रवाई करने की मांग की गई है।
मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में आशुतोष मिश्र ने बताया कि उनके गांव में आराजी नंबर 115, 121, 122, 120, 125 और 123 जो ग्राम सभा के बंजर, पोखरी और चारागाह के खाते की भूमि है। जिस पर कब्जा कर एक बसपा नेता ने विद्यालय बनवा लिया है। उच्च न्यायालय में पीआईएल दाखिल करने पर उन्हें सक्षम अधिकारियों के पास जाने के लिए कहा। तब उन्होंने एसडीएम लालगंज के यहां प्रार्थना पत्र दिया। लेकिन उक्त नंबरों की पैमाइश नहीं की गई। इस बीच 14 नवंबर 2017 को भूमि प्रबंध समिति बनाम मां विंध्यवासिनी स़ुमित्रा देवी एजुकेशनल ट्रस्ट खरैला के प्रबंधक द्वारा फर्जी मुकदमा कर एसडीएम लालगंज से आदेश करवाकर आराजी नंबर 125 को बंजर खाते से और आराजी नंबर 123 ऊसर खाते से निरस्त कर ट्रस्ट के प्रबंधक का नाम दर्ज कर दिया गया। वहीं आराजी नंबर 416 से ट्रस्ट के प्रबंधक का नाम खारिज कर ऊसर और बंजर के खाते में दर्ज कर दिया गया। जो ताल के बीच में है और उसमें पानी लगा हुआ है। इसमें भूमि प्रबंध समिति और ग्राम प्रधान से कोई सलाह नहीं ली गई। जबकि आराजी नंबर 125 में भूमि प्रबंध समिति ने आठ जुलाई 2017 को प्रस्ताव पारित कर आंगनबाड़ी केंद्र के लिए शासन के पास भेजा है। जिसे देखते हुए उक्त भूमि से प्रबंधक का नाम खारिज कर पुन: ग्रामसभा के नाम दर्ज किया जाए। शिकायत कर्ता आशुतोष मिश्र ने मुख्यमंत्री से उक्त मामले की पैमाइश कराकर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।
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मुख्यमंत्री को भेजे गए पत्र में आशुतोष मिश्र ने बताया कि उनके गांव में आराजी नंबर 115, 121, 122, 120, 125 और 123 जो ग्राम सभा के बंजर, पोखरी और चारागाह के खाते की भूमि है। जिस पर कब्जा कर एक बसपा नेता ने विद्यालय बनवा लिया है। उच्च न्यायालय में पीआईएल दाखिल करने पर उन्हें सक्षम अधिकारियों के पास जाने के लिए कहा। तब उन्होंने एसडीएम लालगंज के यहां प्रार्थना पत्र दिया। लेकिन उक्त नंबरों की पैमाइश नहीं की गई। इस बीच 14 नवंबर 2017 को भूमि प्रबंध समिति बनाम मां विंध्यवासिनी स़ुमित्रा देवी एजुकेशनल ट्रस्ट खरैला के प्रबंधक द्वारा फर्जी मुकदमा कर एसडीएम लालगंज से आदेश करवाकर आराजी नंबर 125 को बंजर खाते से और आराजी नंबर 123 ऊसर खाते से निरस्त कर ट्रस्ट के प्रबंधक का नाम दर्ज कर दिया गया। वहीं आराजी नंबर 416 से ट्रस्ट के प्रबंधक का नाम खारिज कर ऊसर और बंजर के खाते में दर्ज कर दिया गया। जो ताल के बीच में है और उसमें पानी लगा हुआ है। इसमें भूमि प्रबंध समिति और ग्राम प्रधान से कोई सलाह नहीं ली गई। जबकि आराजी नंबर 125 में भूमि प्रबंध समिति ने आठ जुलाई 2017 को प्रस्ताव पारित कर आंगनबाड़ी केंद्र के लिए शासन के पास भेजा है। जिसे देखते हुए उक्त भूमि से प्रबंधक का नाम खारिज कर पुन: ग्रामसभा के नाम दर्ज किया जाए। शिकायत कर्ता आशुतोष मिश्र ने मुख्यमंत्री से उक्त मामले की पैमाइश कराकर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।
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