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Azamgarh News: शिक्षा चौपाल के लिए हर न्याय पंचायत 10 हजार स्वीकृत, उत्कृष्ट शिक्षक व मेधावी छात्र होंगे सम्मानित

Sun, 25 Jan 2026 12:41 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 25 Jan 2026 12:41 AM IST
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10,000 rupees approved for each Nyaya Panchayat for Shiksha Chaupal; excellent teachers and meritorious students will be honored.
आजमगढ़। निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग अब आमजन की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में ठोस कदम उठा रहा है। विभाग का उद्देश्य अभिभावकों, विद्यालय प्रबंधन समितियों (एसएमसी), शिक्षकों और स्थानीय समुदाय को मिशन से सीधे तौर पर जोड़ना है, ताकि बच्चों में बुनियादी भाषा और गणितीय दक्षताओं का समुचित विकास हो सके। कार्यक्रम में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों, नामांकन व उपस्थिति में सुधार लाने वाले विद्यालयों और मेधावी बच्चों को सम्मानित किया जाएगा। साथ ही एसएमसी सदस्यों और अभिभावकों के योगदान के लिए आभार भी व्यक्त किया जाएगा। शिक्षा चौपाल के आयोजन के लिए प्रति न्याय पंचायत 10 हजार रुपये स्वीकृत किए गए हैं। जिला एवं मंडल स्तर के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि आयोजन प्रभावी और परिणामोन्मुखी ढंग से संपन्न कराएं।
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इसके तहत जागरूकता कार्यक्रम, अभिभावक-शिक्षक बैठकें और ग्राम स्तर पर शिक्षा चौपाल आयोजित की जाएंगी। अधिकारियों का मानना है कि समुदाय की सक्रिय सहभागिता के बिना बच्चों को अपेक्षित अधिगम स्तर तक पहुंचाना कठिन है। शिक्षा चौपाल के माध्यम से बालवाटिका के प्रभावी संचालन, शत-प्रतिशत नामांकन और नियमित उपस्थिति पर जोर दिया जाएगा। साथ ही शिक्षा के दीर्घकालिक महत्व पर चर्चा होगी। विद्यालयों को उपलब्ध कराई गई शिक्षण सामग्री, प्रिंट-रिच सामग्री, गणित किट, पुस्तकालय, खेल सामग्री और डिजिटल संसाधनों जैसे स्मार्ट क्लास, आईसीटी लैब, खान अकादमी व टीचर्स एप की जानकारी भी साझा की जाएगी। बीएसए राजीव कुमार पाठक ने बताया कि बच्चों की शिक्षा केवल विद्यालय की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज का दायित्व है। शिक्षा चौपाल के माध्यम से अभिभावकों और समाज की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
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