फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Auraiya News ›   Night shelters are closed, empty... the needy are lying outside shops and at the station.

Auraiya News: रैन बसेरे कहीं बंद, कहीं खाली... दुकानों के बाहर, स्टेशन पर लेट रहे जरूरतमंद

Mon, 15 Dec 2025 12:08 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया
संवाद न्यूज एजेंसी, औरैया Updated Mon, 15 Dec 2025 12:08 AM IST
विज्ञापन
Night shelters are closed, empty... the needy are lying outside shops and at the station.
फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद
औरैया। शीतलहर चलने के साथ ही प्रशासन की ओर से सर्दी को देखते हुए एडवाइजरी जारी कर दी गई है। कोई भी जरूरतमंद रात के समय खुले में न लेटे, इसे लेकर शहर व कस्बों में रैन बसेरे भी बनाए गए हैं।
विज्ञापन

बावजूद इसके लोग खुले में लेट रहे हैं। कोई दुकानों के बाहर टिनशेड के नीचे कंबल ओढ़कर रात बिताने को मजबूर है तो कोई रेलवे स्टेशन परिसर में ही लेटकर रात बिता रहा है। वहीं, कहीं पर रैन बसेरे में ताला जड़ा हुआ है। जहां खुले हैं, वहां एक-दो लोग ही ठहरे हैं, बाकी रैन बसेरा खाली दिखा। संवाद न्यूज एजेंसी की टीम ने शनिवार रात इसकी पड़ताल कराई तो हकीकत सामने आई।
विज्ञापन


रात नौ बजे शटर बंद, मिला ताला
फफूंद कस्बा में नगर पंचायत की ओर से जरूरतमंदों के लिए रात में ठहरने के लिए नुमाइश मैदान के पीछे रैन बसेरा बनाया गया है। हाल ही में लोगों के लिए बना यह ठिकाना रात में बंद हो जा रहा है। रविवार रात नौ बजे इसका शटर बंद मिला। साथ ही इसमें ताला जड़ा था।
विज्ञापन
विज्ञापन

टिनशेड के नीचे पुजारी, रैन बसेरा खाली
बिधूना में सीएचसी व नगर पंचायत की ओर से दो रैन बसेरे बनाए गए हैं। रविवार रात सवा नौ बजे के करीब सीएचसी के रैन बसेरे में बिस्तर खाली मिले। यहां कोई नहीं था। वहीं, नगर पंचायत के रैन बसेरे में दो लोग लेटे मिले। इस सब के बीच दुर्गा मंदिर के पास एक दुकान के बाहर टिनशेड के नीचे एक पुजारी लेटे मिले।

स्टेशन से दूर रैन बसेरा, जमीन पर लेटे मुसाफिर
रविवार रात ढाई बजे के लगभग फफूंद रेलवे स्टेशन पर टिकट काउंटर कक्ष के बाहर मुसाफिर फर्श व कुर्सी पर कंबल ओढ़कर लेटे मिले। यहां से एक किलोमीटर दूर थाने के पास रैन बसेरे में चुनिंदा लोग ही लेटे मिले। लोगों से पूछने पर पता चला कि रात में ट्रेन न छूट जाए, इसके चलते लोग स्टेशन पर ही लेटे हैं। ऐसी स्थिति में स्टेशन के पास ही रैन बसेरा होना चाहिए।

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

फोटो-18- फफूंद कस्बा में रैन बसेरे में पड़ा शटर। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed