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आसपास के कई जिलों के श्रद्धालुओं में है देवकली मंदिर में आस्था
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औरैया में यमुना नदी के किनारे स्थित देवकली मंदिर में विशाल शिवलिंग है। यहां पर हर साल सावन के सोमवार व महाशिवरात्रि पर्व पर बड़ी संख्या में भक्त दर्शन के लिए आते हैं। एक विधानसभा में एक पर्यटन स्थल के तौर पर देवकली मंदिर के विकसित होने से यहां की ख्याति और बढ़ेगी।
कहावत है कि 12वीं शताब्दी में कन्नौज के राजा जयचंद्र की बहन देवकला का विवाह यमुना के पास जगम्मनपुर स्टेट के राजा विशोख देव के साथ हुआ था। रानी देवकला जब कन्नौज से अपनी ससुराल जगम्मनपुर जातीं थी। तब यमुना के पास ही उनका पड़ाव होता था। उनकी पूजा अर्चना के लिए राजा विशोख देव ने एक मंदिर की स्थापना की थी।
बाद में इस मंदिर को देवकली मंदिर के नाम से जाना जाने लगा। बताते हैं कि इस मंदिर में स्थापित शिवलिंग प्रति वर्ष चावल के दाने के बराबर बढ़ता है। इस मंदिर में पूजा अर्चना के लिए औरैया जिला समेत आसपास के कई जिलों से श्रद्धालु यहां आते हैं।
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सपा संरक्षक व प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव भी अपने मुख्यमंत्रित्व काल में इस मंदिर के जीर्णोद्धार में करोड़ों रुपये खर्च कर चुके हैं। मंदिर के पास ही शहीद स्मारक व पर्यटक गृह का भी निर्माण कराया गया था।
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कहावत है कि 12वीं शताब्दी में कन्नौज के राजा जयचंद्र की बहन देवकला का विवाह यमुना के पास जगम्मनपुर स्टेट के राजा विशोख देव के साथ हुआ था। रानी देवकला जब कन्नौज से अपनी ससुराल जगम्मनपुर जातीं थी। तब यमुना के पास ही उनका पड़ाव होता था। उनकी पूजा अर्चना के लिए राजा विशोख देव ने एक मंदिर की स्थापना की थी।
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बाद में इस मंदिर को देवकली मंदिर के नाम से जाना जाने लगा। बताते हैं कि इस मंदिर में स्थापित शिवलिंग प्रति वर्ष चावल के दाने के बराबर बढ़ता है। इस मंदिर में पूजा अर्चना के लिए औरैया जिला समेत आसपास के कई जिलों से श्रद्धालु यहां आते हैं।
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सपा संरक्षक व प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव भी अपने मुख्यमंत्रित्व काल में इस मंदिर के जीर्णोद्धार में करोड़ों रुपये खर्च कर चुके हैं। मंदिर के पास ही शहीद स्मारक व पर्यटक गृह का भी निर्माण कराया गया था।