{"_id":"61673efc85bc73399c39eea5","slug":"four-years-jail-for-the-accused-of-assault-by-entering-the-house-jpnagar-news-mbd4060861101","type":"story","status":"publish","title_hn":"घर में घुसकर मारपीट करने में चार साल की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
घर में घुसकर मारपीट करने में चार साल की सजा
विज्ञापन
अमरोहा। घर में घुसकर पीड़ित परिवार से मारपीट करने के मामले में न्यायालय ने आरोपी को चार साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 11 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। आरोपी जमानत पर बाहर था, फैसला आने के बाद उसे कस्टडी में लेकर जेल भेज दिया गया हैं।
यह मामला हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव का है। यहां पर मजदूर का परिवार रहता है। 27 मई 2013 की शाम गांव के रहने वाले रिजवान ने मजदूर की बहन के साथ दुष्कर्म और घर में लूटपाट की थी। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। जिसके बाद आरोपी रिजवान पीड़ित परिवार से रंजिश रखने लगा। इस बीच युवती अपने पिता और भाई के साथ न्यायालय में बयान दर्ज करा कर घर पहुंची थी। तभी आरोपी रिजवान तमंचा लेकर घर में घुस आया और जान से मारने की नीयत से फायर कर दिया। गनीमत रही इस दौरान गोली नहीं लगी थी। आरोपी ने ईंट से पीड़िता के पिता पर हमला कर दिया था। जिससे उनके पैर का अंगूठा फट गया था। शोर मचाने पर गांव के लोगों की भीड़ जमा हो गई। आरोपी ने भागते समय मुकदमा वापस नहीं लेने पर जान से मारने की धमकी दी थी। इस मामले में भी पीड़िता के भाई ने आरोपी रिजवान के खिलाफ घर में घुसकर जानलेवा हमले की एफआईआर दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बाद में आरोपी जमानत पर जेल से बाहर आ गया था।
यह मुकदमा अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या एक अहमद उल्ला खां की अदालत में विचाराधीन चल रहा था। बुधवार को अदालत अदालत ने मामले में सुनवाई की। अभियोजन पक्ष की तरफ से शासकीय अधिवक्ता रविंद्र कुमार ने जोरदार पैरवी की। साक्ष्य और सबूतों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी रिजवान को दोषी करार दिया। साथ ही उसे चार साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई और 11 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह मामला हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव का है। यहां पर मजदूर का परिवार रहता है। 27 मई 2013 की शाम गांव के रहने वाले रिजवान ने मजदूर की बहन के साथ दुष्कर्म और घर में लूटपाट की थी। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। जिसके बाद आरोपी रिजवान पीड़ित परिवार से रंजिश रखने लगा। इस बीच युवती अपने पिता और भाई के साथ न्यायालय में बयान दर्ज करा कर घर पहुंची थी। तभी आरोपी रिजवान तमंचा लेकर घर में घुस आया और जान से मारने की नीयत से फायर कर दिया। गनीमत रही इस दौरान गोली नहीं लगी थी। आरोपी ने ईंट से पीड़िता के पिता पर हमला कर दिया था। जिससे उनके पैर का अंगूठा फट गया था। शोर मचाने पर गांव के लोगों की भीड़ जमा हो गई। आरोपी ने भागते समय मुकदमा वापस नहीं लेने पर जान से मारने की धमकी दी थी। इस मामले में भी पीड़िता के भाई ने आरोपी रिजवान के खिलाफ घर में घुसकर जानलेवा हमले की एफआईआर दर्ज कराई थी। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बाद में आरोपी जमानत पर जेल से बाहर आ गया था।
विज्ञापन
यह मुकदमा अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या एक अहमद उल्ला खां की अदालत में विचाराधीन चल रहा था। बुधवार को अदालत अदालत ने मामले में सुनवाई की। अभियोजन पक्ष की तरफ से शासकीय अधिवक्ता रविंद्र कुमार ने जोरदार पैरवी की। साक्ष्य और सबूतों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी रिजवान को दोषी करार दिया। साथ ही उसे चार साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई और 11 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
विज्ञापन