फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amroha News ›   cloned atm card and used to withdraw money from account

एटीएम का क्लोन बनाकर खाते से निकालते थे रकम, चार गिरफ्तार

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Tue, 08 Sep 2020 02:09 AM IST
विज्ञापन
cloned atm card and used to withdraw money from account
अमरोहा। डिडौली पुलिस ने एटीएम कार्ड का क्लोन बनाकर धोखाधड़ी से रुपये निकालने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने हरियाणा के चार ठगों को पकड़ा है। गिरोह के सदस्य यूपी, राजस्थान, हरियाणा, बिहार और बंगाल सहित कई राज्यों में घटनाओं को अंजाम देते थे। पुलिस ने उनके कब्जे से क्लोन एटीएम कार्ड, डेबिट कार्ड, अवैध तमंचे और कार बरामद की है। पुलिस ने ठगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जेल भेज दिया है।
विज्ञापन

सोमवार को अपर पुलिस अधीक्षक अजय प्रताप सिंह ने प्रेसवार्ता कर गिरोह के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि एसपी डॉ विपिन ताडा के नेतृत्व में अपराधियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत डिडौली पुलिस ने हाईवे स्थित चौधरपुर में पंजाब नैशनल बैंक की शाखा के पास से संजीव कुमार निवासी सुलचानी थाना नारदोह जनपद हिसार हरियाणा, महेंद्र, अमरजीत और रमेश कुमार निवासी गांव राजथल थाना नारदोह जनपद हिसार हरियाणा को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से तीन तमंचे, सात कारतूस, एक चाकू और 14 एटीएम कार्ड, डेबिट कार्ड, एक कार्ड स्वाइप मशीन, तीन मोबाइल फोन और घटनाओं में प्रयुक्त कार बरामद की है। एएसपी के मुताबिक गिरोह के सदस्य एटीएम कार्ड का क्लोन तैयार कर लोगों के खाते से रुपये निकालते थे। आरोपी पुलिस से बचने के लिए कम भीड़भाड़ वाले स्थानों पर लगे एटीएम से रुपये निकालते थे। साथ ही सभी आरोपी अपनी सुरक्षा के लिए अवैध हथियार रखते हैं। गिरोह का जाल उत्तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान, पश्चिमी बंगाल, बिहार आदि राज्यों में फैला हुआ है। पुलिस सभी आरोपियों के आपराधिक रिकार्ड खंगाल रही है।
विज्ञापन

अहमदाबाद से ऑनलाइन मंगाई थी मशीन, यूट्यूब पर ब्लूटूथ से क्नेक्ट करना सीखा
अमरोहा। एएसपी अजय प्रताप सिंह ने बताया आरोपी संजीव ने पहले यूट्यूब के माध्यम से एटीएम कार्ड का क्लोन तैयार करने के बारे मे जानकारी हासिल की थी। इसके बाद यह बात अपने साथी महेंद्र, अमरजीत, रमेश और शमशेर को बताई। आरोपियों ने स्वाइप मशीन एमएसआर-6 को अहमदाबाद से ऑनलाइन बुक करके मंगाया था। बाद में मोबाइल फोन में इएएसवाई एमएसआर एप को डाउनलोड करके यूट्यूब पर वीडियो देखकर स्वाइप मशीन को ब्लूटूथ से कनेक्ट करना सीखा।
विज्ञापन
विज्ञापन

बातों में उलझाकर हासिल कर लेते थे लोगों के कार्ड
अमरोहा। एटीएम से रुपये निकालने के लिए पहुंचे व्यक्ति को अपनी बातों में उलझाकर उसके कार्ड को चुपचाप अपनी मशीन पर स्वाइप कर लेते थे। बाद में उसका एटीएम का कोड भी देख लेते थे। इसके बाद क्लोन एटीएम कार्ड तैयार करके रुपये निकाल थे।
आधी रात को एटीएम से निकालते थे रकम
अमरोहा। गिरोह के सदस्य एटीएम कार्ड का क्लोन तैयार कर आधी रात में खाते से रकम निकालते थे। ताकि अगर खाताधारक के मोबाइल पर मैसेज भी जाए तो वह रात में फौरन सक्रिय न हो सके। तत्काल कार्ड ब्लाक न करा सके।

कार का नंबर बदलकर देते थे धोखाधड़ी को अंजाम
अमरोहा। गिरोह के सदस्य किराए पर कार लेकर धोखाधड़ी को अंजाम देते थे। पुलिस की गिरफ्त आने से बचने के लिए कार का नंबर बदलते रहते थे।
खुलासा करने वाली टीम
अमरोहा। एटीएम कार्ड का क्लोन तैयार कर धोखाधड़ी से रुपये निकालने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करने में इंस्पेक्टर शरद मलिक, एसआई संजय कुमार, संदीप कुमार, कांस्टेबल रविस कुमार, विकास कुमार शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed