फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Amethi News ›   Mini stadiums will be built in Khara and Dharauli with an investment of Rs 10 crore.

Amethi News: विशेषज्ञ न होने से हृदय रोगियों का इलाज दुश्वार

Sat, 24 Jan 2026 12:05 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी Updated Sat, 24 Jan 2026 12:05 AM IST
विज्ञापन
Mini stadiums will be built in Khara and Dharauli with an investment of Rs 10 crore.
अमेठी सिटी। जिला अस्पताल और मेडिकल कॉलेज तिलोई में कॉर्डियोलॉजिस्ट (हृदय रोग विशेषज्ञ) नहीं होने के कारण हृदय रोगियों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी के चलते मरीजों को तत्काल इलाज के लिए रायबरेली एम्स या लखनऊ रेफर करना पड़ रहा है, जिससे उन्हें न केवल असुविधा हो रही है बल्कि इलाज का खर्च भी बढ़ रहा है।
विज्ञापन

जिला अस्पताल गौरीगंज में हृदय रोगियों के लिए ईसीजी (इलेक्ट्रोकार्डियोग्राम) के अलावा अन्य महत्वपूर्ण जांचों की सुविधा उपलब्ध नहीं है। जो डॉक्टर हृदय रोगियों का उपचार कर रहे हैं, वे फिजिशियन और एमडी मेडिसिन हैं, जिनके पास हृदय रोग से संबंधित गहन विशेषज्ञता नहीं होती। प्रतिदिन औसतन 50 से 60 हृदय रोगी उपचार के लिए ओपीडी में आते हैं। गंभीर स्थिति होने पर इन मरीजों को इलाज के लिए एम्स रायबरेली, पीजीआई लखनऊ या केजीएमयू लखनऊ जैसे बड़े चिकित्सा संस्थानों में भेजा जाता है। यह स्थिति हृदय रोगियों और उनके परिवारों के लिए अत्यधिक चिंताजनक है।
विज्ञापन


जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. बद्री प्रसाद अग्रवाल ने बताया कि कॉर्डियोलॉजिस्ट का पद अभी सृजित नहीं है। इस संबंध में शासन को पत्र लिखा जाएगा। इसी तरह, मेडिकल कॉलेज की प्राचार्य प्रो. रीना शर्मा ने स्वीकार किया कि अभी विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती नहीं हुई है और कई महत्वपूर्ण विभागों का संचालन अभी शुरू नहीं हुआ है। उन्होंने भविष्य में बेहतर चिकित्सीय सुविधाओं का आश्वासन दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

हृदय रोगी बरते जरूरी सावधानियां
फिजिशियन डॉ. शुभम पांडेय ने बताया कि हृदय रोग एक गंभीर समस्या है, जिसके बचाव के लिए जीवनशैली में सकारात्मक बदलाव लाना अत्यंत महत्वपूर्ण है। हृदय रोगियों को अपने रक्तचाप, कोलेस्ट्रॉल और मधुमेह को नियंत्रित रखना चाहिए। नियमित व्यायाम, संतुलित आहार, धूम्रपान और अत्यधिक शराब के सेवन से परहेज करना भी आवश्यक है। तनाव प्रबंधन के उपाय अपनाने से भी हृदय स्वास्थ्य को बेहतर बनाया जा सकता है। सीने में दर्द, सांस फूलना या चक्कर आना जैसे हृदय संबंधी कोई भी लक्षण महसूस हों तो तत्काल चिकित्सक से परामर्श लेना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed