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विशेष अभियान में दिखा ज्यादातर केंद्रों पर दिन भर सन्नाटा
Updated Sun, 09 Sep 2018 10:33 PM IST
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अंबेडकरनगर। विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण मतदाता अभियान में रविवार को तमाम केंद्रों पर मनमानी का माहौल दिखा। बिना पूर्व सूचना के ही जगह-जगह बीएलओ नदारद पाए गए। जहां बीएलओ मौजूद भी थे, उनमें से ज्यादातर केंद्रों पर नाम बढ़ने व घटने समेत संशोधन के इक्का दुक्का फॉर्म ही आ सके। नतीजा यह हुआ कि जिस मुस्तैदी के साथ यह अभियान चलना था, वह संभव नही हो पाया। हालांकि पूरे जिले में नाम बढ़ने के लगभग पांच हजार आवेदन इस दौरान जमा किए गए।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशन पर रविवार को मतदान केंद्रों पर पहला विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण मतदाता अभियान चला। जिला प्रशासन ने हालांकि तैयारियां कर रखी थीं, लेकिन कर्मचारियों की मनमानी भारी पड़ी। कई जगहों पर बीएलओ ही नदारद मिले। जहां बीएलओ मौजूद भी थे, वहां ज्यादातर समय सन्नाटा ही पसरा रहा। दरअसल अभियान को लेकर जरूरी प्रचार-प्रसार पर जोर न दिए जाने के चलते ही अधिकांश मतदाताओं को इसकी जानकारी नही हो सकी।
जलालपुर प्रतिनिधि के अनुसार प्राथमिक विद्यालय खालिसपुर भटौली व प्राथमिक विद्यालय भगलापुर बैरागल के तीन बूथों पर सन्नाटा पसरा रहा। टीम कई बार संबंधित बूथों पर गई, लेकिन प्रत्येक बार बीएलओ नदारद मिले। जानकारी करने पर पता चला कि प्राथमिक विद्यालय खालिसपुर भटौली के एक बूथ के बीएलओ बीमार हैं। शेष बीएलओ को फोन किया गया, तो उनका मोबाइल स्विच ऑफ मिला। एसडीएम संतोष कुमार सिंह व तहसीलदार ज्ञानेंद्र यादव ने कुल 434 बूथों के सापेक्ष विभिन्न बूथों का जायजा लिया। एसडीएम ने कहा कि जिन बूथों पर बीएलओ नहीं मिले, उसकी जांच कराई जाएगी। भीटी प्रतिनिधि के अनुसार प्राथमिक विद्यालय टेमा के एक बूथ, प्राथमिक विद्यालय अढनपुर में तीन बूथ, प्राथमिक विद्यालय गोविंदापुर में एक बूथ पर बीएलओ मौजूद मिले। इन बूथों पर सभी फॉर्म मौजूद मिले। टेमा में साक्षी तिवारी नाम बढ़ाने व विनीत सिंह भी नाम बढ़ाने के लिए फॉर्म 6 भरकर जमा किया। जहांगीरगंज प्रतिनिधि के अनुसार उच्च प्राथमिक विद्यालय जहांगीरगंज में बूथ संख्या 215, 16 व 17 पर सभी फॉर्म उपलब्ध थे। रविवार को चले अभियान में 18 ने नाम बढ़ाने व तीन ने नाम घटाने के लिए फॉर्म भरा।
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अभियान का जायजा सभी एसडीएम के साथ ही एडीएम गिरिजेश त्यागी ने भी लिया। एडीएम के मुताबिक 61 बूथों का उन्होंने जायजा लिया। सभी जगहों पर बीएलओ मौजूद मिले। इस बीच रविवार को चले विशेष अभियान में नाम बढ़ाने के लगभग पांच हजार आवेदन पूरे जिले में आए।
पूर्वाह्न 11:00 बजे तक आए सिर्फ तीन आवेदन
सीन-1
रविवार पूर्वान्ह अमर उजाला टीम प्राथमिक विद्यालय राबी बहाउद्दीनपुर पहुंची तो वहां सभी बीएलओ मौजूद मिले। सवा ग्यारह बजे तक यहां नाम बढ़ने व घटने के लिए कुल तीन् आवेदन भी पहुंच सके थे। इसके बाद वहां काफी देर तक कोई नागरिक पहुंचा ही नही। दरअसल प्रचार प्रसार के अभाव में तमाम लोगों को अभियान के बारे में जानकारी ही नही हो पाई थी। केंद्र से वापस लौटते समय टीम को मिले गांव निवासी रामकरन ने कहा कि उन्हें तो पता ही नही कि विद्यालय पर किसी प्रकार का कैंप लगा है। कहा कि अच्छा होता यदि दो तीन दिन पहले ग्राम स्तरीय कर्मचारी इसकी जानकारी गांवों में ठीक ढंग से दिए होते।
दो घंटे तक नही पहुंचा कोई भी मतदाता
सीन-2
हंसवर प्रतिनिधि के अनुसार नरायनपुर प्रीतमपुर विद्यालय में लगे कैंप में दोपहर 12:00 बजे टीम पहुंची तो वहां तीन कमजीचारी सन्नाटे के बीच मौजूद मिले। मतदाताओं के बीच नाम बढ़वाने, घटवाने या संशोधन को लेकर कोई उत्साह देखने को नही मिला। यहां बूथ संख्या 259 व बूथ संख्या 260 पर नाम बढ़ाने के लिए सात सात लोगों ने फार्म 6 भरा था। इसके बाद लगभग दो घंटे तक यहां कोई भी मतदाता नजर नही आया। नतीजा यह रहा कि कर्मचारियों को बैठकर इंतजार करने की विवशता से जूझना पड़ा।
मरथुआ में दिखी मतदाताओं में जागरूकता
सीन-3
कटेहरी प्रतिनिधि के अनुसार प्राथमिक पाठशाला मरथुआ सरैया भी दोपहर 12:00 बजे करीब सन्नाटे में डूबी नजर आई। हालांकि यहां इससे पहले औसत काम हो चुका था। दरअसल यहां के तीन बूथों पर दोपहर तक नाम बढ़ाने के 15 आवेदन आ चुके थे, जबकि 32 नाम आपत्ति के चलते घटाने के आवेदन आए। बूथ पर मौजूद बीएलओ दुुर्गावती व कृष्णावती ने बताया कि जो लोग भी आवेदन लेकर आए थे, उनके आवेदन ले लिए गए। इस पर आगे आवश्यक प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
लापरवाही पर होगी कार्रवाई
ज्यादातर जगहों पर बीएलओ मुस्तैदी के साथ मौजूद थे। जिन स्थानों पर बीएलओ के न रहने की शिकायत मिली है। वहां जवाबतलब कर आगे निर्णय लिया जाएगा। -गिरिजेश त्यागी, एडीएम
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भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशन पर रविवार को मतदान केंद्रों पर पहला विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण मतदाता अभियान चला। जिला प्रशासन ने हालांकि तैयारियां कर रखी थीं, लेकिन कर्मचारियों की मनमानी भारी पड़ी। कई जगहों पर बीएलओ ही नदारद मिले। जहां बीएलओ मौजूद भी थे, वहां ज्यादातर समय सन्नाटा ही पसरा रहा। दरअसल अभियान को लेकर जरूरी प्रचार-प्रसार पर जोर न दिए जाने के चलते ही अधिकांश मतदाताओं को इसकी जानकारी नही हो सकी।
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जलालपुर प्रतिनिधि के अनुसार प्राथमिक विद्यालय खालिसपुर भटौली व प्राथमिक विद्यालय भगलापुर बैरागल के तीन बूथों पर सन्नाटा पसरा रहा। टीम कई बार संबंधित बूथों पर गई, लेकिन प्रत्येक बार बीएलओ नदारद मिले। जानकारी करने पर पता चला कि प्राथमिक विद्यालय खालिसपुर भटौली के एक बूथ के बीएलओ बीमार हैं। शेष बीएलओ को फोन किया गया, तो उनका मोबाइल स्विच ऑफ मिला। एसडीएम संतोष कुमार सिंह व तहसीलदार ज्ञानेंद्र यादव ने कुल 434 बूथों के सापेक्ष विभिन्न बूथों का जायजा लिया। एसडीएम ने कहा कि जिन बूथों पर बीएलओ नहीं मिले, उसकी जांच कराई जाएगी। भीटी प्रतिनिधि के अनुसार प्राथमिक विद्यालय टेमा के एक बूथ, प्राथमिक विद्यालय अढनपुर में तीन बूथ, प्राथमिक विद्यालय गोविंदापुर में एक बूथ पर बीएलओ मौजूद मिले। इन बूथों पर सभी फॉर्म मौजूद मिले। टेमा में साक्षी तिवारी नाम बढ़ाने व विनीत सिंह भी नाम बढ़ाने के लिए फॉर्म 6 भरकर जमा किया। जहांगीरगंज प्रतिनिधि के अनुसार उच्च प्राथमिक विद्यालय जहांगीरगंज में बूथ संख्या 215, 16 व 17 पर सभी फॉर्म उपलब्ध थे। रविवार को चले अभियान में 18 ने नाम बढ़ाने व तीन ने नाम घटाने के लिए फॉर्म भरा।
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अभियान का जायजा सभी एसडीएम के साथ ही एडीएम गिरिजेश त्यागी ने भी लिया। एडीएम के मुताबिक 61 बूथों का उन्होंने जायजा लिया। सभी जगहों पर बीएलओ मौजूद मिले। इस बीच रविवार को चले विशेष अभियान में नाम बढ़ाने के लगभग पांच हजार आवेदन पूरे जिले में आए।
पूर्वाह्न 11:00 बजे तक आए सिर्फ तीन आवेदन
सीन-1
रविवार पूर्वान्ह अमर उजाला टीम प्राथमिक विद्यालय राबी बहाउद्दीनपुर पहुंची तो वहां सभी बीएलओ मौजूद मिले। सवा ग्यारह बजे तक यहां नाम बढ़ने व घटने के लिए कुल तीन् आवेदन भी पहुंच सके थे। इसके बाद वहां काफी देर तक कोई नागरिक पहुंचा ही नही। दरअसल प्रचार प्रसार के अभाव में तमाम लोगों को अभियान के बारे में जानकारी ही नही हो पाई थी। केंद्र से वापस लौटते समय टीम को मिले गांव निवासी रामकरन ने कहा कि उन्हें तो पता ही नही कि विद्यालय पर किसी प्रकार का कैंप लगा है। कहा कि अच्छा होता यदि दो तीन दिन पहले ग्राम स्तरीय कर्मचारी इसकी जानकारी गांवों में ठीक ढंग से दिए होते।
दो घंटे तक नही पहुंचा कोई भी मतदाता
सीन-2
हंसवर प्रतिनिधि के अनुसार नरायनपुर प्रीतमपुर विद्यालय में लगे कैंप में दोपहर 12:00 बजे टीम पहुंची तो वहां तीन कमजीचारी सन्नाटे के बीच मौजूद मिले। मतदाताओं के बीच नाम बढ़वाने, घटवाने या संशोधन को लेकर कोई उत्साह देखने को नही मिला। यहां बूथ संख्या 259 व बूथ संख्या 260 पर नाम बढ़ाने के लिए सात सात लोगों ने फार्म 6 भरा था। इसके बाद लगभग दो घंटे तक यहां कोई भी मतदाता नजर नही आया। नतीजा यह रहा कि कर्मचारियों को बैठकर इंतजार करने की विवशता से जूझना पड़ा।
मरथुआ में दिखी मतदाताओं में जागरूकता
सीन-3
कटेहरी प्रतिनिधि के अनुसार प्राथमिक पाठशाला मरथुआ सरैया भी दोपहर 12:00 बजे करीब सन्नाटे में डूबी नजर आई। हालांकि यहां इससे पहले औसत काम हो चुका था। दरअसल यहां के तीन बूथों पर दोपहर तक नाम बढ़ाने के 15 आवेदन आ चुके थे, जबकि 32 नाम आपत्ति के चलते घटाने के आवेदन आए। बूथ पर मौजूद बीएलओ दुुर्गावती व कृष्णावती ने बताया कि जो लोग भी आवेदन लेकर आए थे, उनके आवेदन ले लिए गए। इस पर आगे आवश्यक प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
लापरवाही पर होगी कार्रवाई
ज्यादातर जगहों पर बीएलओ मुस्तैदी के साथ मौजूद थे। जिन स्थानों पर बीएलओ के न रहने की शिकायत मिली है। वहां जवाबतलब कर आगे निर्णय लिया जाएगा। -गिरिजेश त्यागी, एडीएम