फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   LT Grade Teacher Recruitment: Directorate sent back the files of the selected subjects of Arts

एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती  : निदेशालय ने वापस भेजीं कला विषय के चयनितों की फाइलें

Sat, 15 Jan 2022 08:04 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज
अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sat, 15 Jan 2022 08:04 PM IST
सार

आयोग ने 15 विषयों में एलटी ग्रेड शिक्षकों के 10768 पदों पर भर्ती के लिए 29 जुलाई 2018 को परीक्षा आयोजित की थी। इनमें कला विषय में एलटी ग्रेड शिक्षक के 470 पद शामिल थे। पुरुष वर्ग के 192 और महिला वर्ग के 278 पद थे।

विज्ञापन
LT Grade Teacher Recruitment: Directorate sent back the files of the selected subjects of Arts
lt grade - फोटो : amar ujala

विस्तार

राजकीय विद्यालयों में कला विषय में एलटी ग्रेड शिक्षक के पदों पर चयनित 90 अभ्यर्थियों की नियुक्ति फंस गई है। माध्यमिक शिक्षा निदेशालय ने उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) को चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति की संस्तुति से संबंधित फाइलें वापस भेज दी हैं। अर्हता के विवाद में भर्ती प्रक्रिया काफी समय से अटकी हुई हैं। 

विज्ञापन


आयोग ने 15 विषयों में एलटी ग्रेड शिक्षकों के 10768 पदों पर भर्ती के लिए 29 जुलाई 2018 को परीक्षा आयोजित की थी। इनमें कला विषय में एलटी ग्रेड शिक्षक के 470 पद शामिल थे। पुरुष वर्ग के 192 और महिला वर्ग के 278 पद थे।
विज्ञापन


कला विषय के लिए जो अर्हता निर्धारित की गई थी, उसके अनुसार बैचलर ऑफ फाइन आर्ट (बीएफए) एवं बीएड या कला से स्नातक एवं बीएड डिग्रीधारी ही आवेदन कर सकते थे, लेकिन बड़ी संख्या में ऐसे अभ्यर्थियों ने भी आवेदन कर दिए, जिनके पास बीएफए की डिग्री तो थी, लेकिन उन्होंने बीएड नहीं किया था। लिखित परीक्षा में ऐसे 90 अभ्यर्थियों का चयन भी हो गया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


हालांकि अर्हता पूरी न करने के कारण आयोग ने इनकी नियुक्ति की संस्तुति नहीं भेजी, लेकिन अभ्यर्थियों ने जब दावा किया कि वह शिक्षक बनने की अर्हता रखते हैं तो आयोग ने नेशनल कौंसिल फॉर टीचर एजूकेशन (एनसीटीई) से सलाह मांगी। एनसीटीई की ओर से स्पष्ट किया गया कि केंद्रीय विद्यालयों, नवोदय विद्यालयों में केवल बीएफए की डिग्री वाले वाले अभ्यर्थियों को भी पढ़ाने के लिए अर्ह माना जाता है। बीएफए डिग्रीधारी भी कला विषय में शिक्षण कार्य के लिए प्रशिक्षित मान जाते हैं, क्योंकि यह चार वर्षीय डिग्री कोर्स है और इसमें प्रशिक्षण भी शामिल है।

छह माह पहले भेजी थीं फाइलें
एनसीटीई से सलाह लेने के बाद अर्हता का विवाद दूर होने पर आयोग ने छह माह पहले माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को इन 90 चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति की संस्तुति भेज दी थी, जिसके बाद निदेशालय ने शासन को पत्र भेजकर अर्हता से संबंधित दिशा-निर्देश मांगे थे। सूत्रों का कहना है कि शासन की ओर से स्थिति स्पष्ट न किए जाने पर अब निदेशालय ने आयोग को फाइलें वापस भेज दी हैं।

ऐसे में अभ्यर्थियों की नियुक्ति फंस गई है। प्रतियोगी छात्र मोर्चा के अध्यक्ष विक्की खान का कहना है कि जब एनसीटीई ने अभ्यर्थियों को अर्ह माना है तो निदेशालय को फाइलें वापस नहीं करनी चाहिए थीं। विक्की खान ने मांग की है कि चयनितों को नियुक्ति शीघ्र प्रदान की जाए।

ढाई सौ अभ्यर्थियों का निरस्त हो चुका है चयन
कला विषय में एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती के लिए बड़ी संख्या में ऐसे अभ्यर्थियों ने भी आवेदन किए थे, जिनके पास इंटरमीडिएट में प्राविधिक कला विषय था और वे सामान्य रूप से स्नातक थे। उनके पास बीएफए और बीएड दोनों डिग्री नहीं थी। ऐसे तकरीबन ढाई सौ अभ्यर्थियों का लिखित परीक्षा में चयन हो गया था। अर्हता पूरी न करने के कारण आयोग ने बाद में इनका चयन निरस्त कर दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed