फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Prayagraj News ›   Jholachap screws

शिकंजे में झोलाछाप, चार के खिलाफ मुकदमा

Tue, 23 Dec 2014 12:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, इलाहाबाद
ब्यूरो/अमर उजाला, इलाहाबाद Updated Tue, 23 Dec 2014 12:02 AM IST
विज्ञापन
मरीजों की जान से खिलवाड़ करने पर तुले झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ प्रशासन ने भी मोर्चा खोल दिया है। ‘अमर उजाला’ की ओर से इस मुद्दे को गंभीरता से उठाए जाने के बाद डीएम भवनाथ के निर्देश पर प्रशासन और स्वास्थ्य महकमे की संयुक्त टीम ने सोमवार को शहर में कई इलाकों में छापे मार दिए। कार्रवाई शुरू होते ही हड़कंप मच गया। तमाम झोलाछाप क्लीनिकों पर ताला जड़कर भाग खड़े हुए। टीम ने क्लीनिकों के बाहर नोटिस चस्पा करते हुए 24 घंटे के भीतर दस्तावेज तलब कर लिए। इस बीच दो दिन पहले हुई कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सोमवार को चार झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ संबंधित थानों में मुकदमा दर्ज कराने के लिए तहरीर दे दी है।
विज्ञापन

डीएम के निर्देश पर सोमवार को एसडीएम सदर अरुण कुमार सिंह की अगुवाई में एसीएमओ एवं नोडल अफसर डॉ. दीपेंद्र मालवीय, चिकित्साधिकारी डॉ. संजय बर्नवाल, स्वास्थ्य शिक्षाधिकारी जिया लाल की संयुक्त टीम ने सबसे पहले कर्नलगंज में छापा मारा। यहां गली में चल रही खालसा क्लीनिक पर टीम पहुंची तो संचालक रंजीत सिंह वहां ताला लगाकर निकल चुका था। टीम ने क्लीनिक के शटर पर नोटिस चस्पा कर दिया। नोटिस के जरिये क्लीनिक संचालक से बुधवार को सीएमओ दफ्तर पहुंचकर पूरे रिकार्ड दिखाने को कहा गया है।
विज्ञापन


इसके बाद टीम कसारी-मसारी पहुंची और वहां फैज-ए-आम चैरिटेबल क्लीनिक की जांच शुरू कर दी। क्लीनिक संचालक दूसरी दुकान पर बैठा था। एसडीएम सदर के कहने पर सिपाही उसे बुलाकर लाए। पूछताछ में उसने अपना नाम इम्तियाज अहमद बताया। कहा कि क्लीनिक पर वह नहीं बल्कि डॉ. इंतजार अहमद मरीजों को देखते हैं। स्वास्थ्य अधिकारियों ने उससे रजिस्ट्रेशन नंबर और रिकार्ड मांगा तो वह कुछ भी नहीं दिखा सका। अधिकारियों ने उसे नोटिस थमाया और बुधवार को सीएमओ दफ्तर में रिकार्ड लेकर आने को कहा। कार्रवाई देखकर थोड़ी दूर पर स्थित बंगाली दवाखाना के संचालक डॉ. एके बिस्वास क्लीनिक का शटर गिराकर वहां खिसक लिए। एसडीएम ने शटर खुलवाकर नोटिस चस्पा करवा दिया और उनसे भी रिकार्ड तलब कर लिया। एसडीएम ने निर्देश दिया कि अगर क्लीनिक संचालक अपना रजिस्ट्रेशन और डिग्री न दिखा पाएं तो उनके खिलाफ सीधे मुकदमा दर्ज करा दिया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


उधर, स्वास्थ्य विभाग ने गत शनिवार झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ की गई कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए चार के खिलाफ मुकदमे की कार्रवाई कर दी। नोडल अफसर डॉ. दीपेंद्र मालवीय की ओर से सोमवार को अल्लापुर में दांत के डॉक्टर डॉ. एच. मणि, सोरांव में 40 नंबर गुमटी के निकट क्लीनिक चलाने वाले डॉ. बंगाली, सोरांव तहसील के इस्माइलगंज में भी डॉ. बंगाली नाम के दूसरे डॉक्टर और नवाबगंज के मंसूराबाद बाजार में क्लीनिक चलाने वाले डॉ. एसके  बिस्वास के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के लिए संबंधित थानों में तहरीर दे दी गई। विभाग को आशंका है कि ये सभी डॉक्टर झोलाछाप हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed