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अदब की दुनिया में फिराक का योगदान अहम
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Firaq Gorakhpuri
अखिल भारतीय कायस्थ महासभा की ओर से जयंती पर संगोष्ठी
प्रयागराज। अखिल भारतीय कायस्थ महासभा की ओर से शायर और कायस्थ कुल गौरव रघुपति सहाय फिराक गोरखपुरी की जयंती पर उन्हें याद किया गया। बतौर मुख्य अतिथि राष्ट्रीय सचिव सुमित श्रीवास्तव ने कहा कि अदब की दुनिया में फिराक का योगदान अहम है। उन्होंने आधुनिक उर्दू गजल के लिए राह बनाई। अपने गहरे आलोचनात्मक विचारों के लिए मशहूर भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित फिराक ने परंपरागत भावबोध और शब्द भंडार का इस्तेमाल किया। उसे नई भाषा और नए विषयों से जोड़ा। उनकी शायरी में समाज का दुखदर्द व्यक्तिगत अनुभूति बनकर घुलमिल गया।
जिलाध्यक्ष कुमार नारायण ने कहा, दैनिक जीवन के कड़वे सच और आने वाले कल के प्रति उम्मीद, दोनों को भारतीय संस्कृति और लोकभाषा के प्रतीकों से जोड़कर फिराक ने अपनी शायरी का अनूठा महल खडा़ किया। महासभा कार्यालय पर हुई संगोष्ठी का संचालन जिला महामंत्री रिन्कू श्रीवास्तव तथा धन्यवाद ज्ञापन कर्मचारी नेता कृपाशंकर श्रीवास्तव ने किया। सभा में गोपाल श्रीवास्तव, पवन, कमलजी,राजकुमार, पुरुषोत्तम लाल, उमेश चन्द, अजीत, शरद, डा. राजेश, मनोज,नवीन, कलमेश, पंकज, अमित, पवन लाला, पंकज, आशुतोष, दीपक, सुभाष आदि मौजूद थे।
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प्रयागराज। अखिल भारतीय कायस्थ महासभा की ओर से शायर और कायस्थ कुल गौरव रघुपति सहाय फिराक गोरखपुरी की जयंती पर उन्हें याद किया गया। बतौर मुख्य अतिथि राष्ट्रीय सचिव सुमित श्रीवास्तव ने कहा कि अदब की दुनिया में फिराक का योगदान अहम है। उन्होंने आधुनिक उर्दू गजल के लिए राह बनाई। अपने गहरे आलोचनात्मक विचारों के लिए मशहूर भारतीय ज्ञानपीठ पुरस्कार से सम्मानित फिराक ने परंपरागत भावबोध और शब्द भंडार का इस्तेमाल किया। उसे नई भाषा और नए विषयों से जोड़ा। उनकी शायरी में समाज का दुखदर्द व्यक्तिगत अनुभूति बनकर घुलमिल गया।
जिलाध्यक्ष कुमार नारायण ने कहा, दैनिक जीवन के कड़वे सच और आने वाले कल के प्रति उम्मीद, दोनों को भारतीय संस्कृति और लोकभाषा के प्रतीकों से जोड़कर फिराक ने अपनी शायरी का अनूठा महल खडा़ किया। महासभा कार्यालय पर हुई संगोष्ठी का संचालन जिला महामंत्री रिन्कू श्रीवास्तव तथा धन्यवाद ज्ञापन कर्मचारी नेता कृपाशंकर श्रीवास्तव ने किया। सभा में गोपाल श्रीवास्तव, पवन, कमलजी,राजकुमार, पुरुषोत्तम लाल, उमेश चन्द, अजीत, शरद, डा. राजेश, मनोज,नवीन, कलमेश, पंकज, अमित, पवन लाला, पंकज, आशुतोष, दीपक, सुभाष आदि मौजूद थे।
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