ब्लैक फंगस के नकली इंजेक्शन बेचने वाले दो मेडिकल स्टोर संचालक हिरासत में, पूछताछ में जुटी पुलिस
- खुल्दाबाद व नैनी में चलाते हैं मेडिकल स्टोर, पूछताछ में जुटी पुलिस
- कानपुर में नकली इंजेक्शन संग दो तस्करों के पकड़े जाने पर हुआ था खुलासा
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मरीजों को मौत के मुंह में धकेलकर मुनाफा कमाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। शहर के दो मेडिकल स्टोरों से ब्लैक फंगस के नकली एमफोनेक्स इंजेक्शन (एम्फोटेरेसिन बी साल्ट) बेचे जा रहे थे। इसका खुलासा कानपुर में गिरोह से जुड़े दो तस्करों के पकड़े जाने के बाद हुआ। जानकारी पर पुलिस ने खुल्दाबाद व नैनी स्थित दोनों मेडिकल स्टोरों के संचालकों को हिरासत मेें ले लिया है। जानकारी पर कानपुर पुलिस की एक टीम भी आ गई। जो देर रात तक आरोपियों से पूछताछ में जुटी थी।
कानपुर में पुलिस ने गुरुवार रात ग्वालटोली चौराहे के पास से यशोदा नगर निवासी प्रकाश मिश्रा और रतनदीप अपार्टमेंट निराला नगर निवासी ज्ञानेश शर्मा को एंटी फंगल के 68 नकली इंजेक्शन के साथ गिरफ्तार किया था। एमआर ज्ञानेश समेत दोनों आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि उन्होंने प्रयागराज के ऑबलीगो और बाजपेई मेडिकल स्टोर से ये नकली इंजेक्शन खरीदे थे। कानपुर पुलिस की ओर से जानकारी मिलने के बाद जिला पुलिस हरकत में आई। जिसके बाद नैनी में कॉटन मिल तिराहे और खुल्दाबाद के हिम्मतगंज स्थित दोनों मेडिकल स्टोरों पर छापा मारा गया।
ड्रग इंस्पेक्टर की मौजूदगी में दोनों ही मेडिकल स्टोरों की सघन तलाशी ली गई लेकिन वहां कुछ बरामद नहीं हो सका। जिसके बाद ऑबलीगो के संचालक पंकज अग्रवाल व बाजपेई मेडिकल स्टोर के संचालक को हिरासत में ले लिया गया। पुलिस देर रात तक इनसे पूछताछ में जुटी रही। देर रात कानपुर पुलिस की एक टीम भी शहर आ गई। जिसके बाद देर रात तक दोनों से पूछताछ होती रही।