{"_id":"5b0b06264f1c1ba86e8b4f5a","slug":"police-assaulted-main-killer-dabish-in-search-of-third","type":"story","status":"publish","title_hn":"पुलिस के हत्थे चढ़ा मुख्य हत्यारोपी, तीसरे की तलाश में दबिश","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
पुलिस के हत्थे चढ़ा मुख्य हत्यारोपी, तीसरे की तलाश में दबिश
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Mon, 28 May 2018 01:07 AM IST
विज्ञापन
इलाहाबाद
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मऊआइमा के गुलकईयापुर गांव के समीप कांशीराम आवास के पास पांच युवकों को उस्तरा मारने के आरोपी काले खा एवं शेबू को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया जबकि तीसरे की तलाश में पुलिस जगह-जगह दबिश दे रही है। । मृत युवक भाईलाल की मां की तहरीर पर मऊआईमा पुलिस ने तीनों के खिलाफ मामला दर्ज किया था। घायलों में एक सूरज की हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है जबकि तीन की हालत में कुछ सुधार बताया जा रहा है। उधर, हमले में मृत युवक का पोस्टमार्टम के बाद रविवार को अंतिम संस्कार कर दिया गया।
बता दें, कांशीराम आवास योजना के पास शनिवार की रात काले खा ने अपने दो साथियों के साथ नरेंद्र कुमार (20) पुत्र कल्लू सरोज, मनोज मौर्या (27)पुत्र प्रहलाद, सूरज मौर्य (25) पुत्र जीत लाल, मनोज सरोज तथा भाईलाल सरोज को उस्तरा से हमला करके घायल कर दिया था। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में दाखिल कराया गया जहां भाई लाल ने दम तोड दिया। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को उसका अन्तिम संस्कार फाफामऊ में गंगा तट पर कर दिया गया। मृतक की मां अमरावती की तहरीर पर मऊआइमा पुलिस ने नसीम उर्फ काले पुत्र मो. इरफान, शेबू पुत्र हद्दे निवासी भूपियामऊ जनपद प्रतापगढ तथा विनोद कुमार पुत्र छोटे लाल निवासी स्टेशन रोड थाना मऊआइमा के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास समेत एससी, एसटी के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस ने छापेमारी करके नसीम उर्फ काले तथा शेबू को गिरफ्तार कर लिया जबकि विनोद की तलाश में लगातार दबिश दे रही है लेकिन खबर लिखे जाने तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी। घटना के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना के बाद गांव में तनाव फैल गया था। इसके चलते आज दिन भर वहां भारी मात्रा में पुलिस बल तैनात रहा। सीओ जितेंद्र गिरि के मुताबिक तीसरे आरोपी के लिए लगातार कोशिश की जा रही है।
विज्ञापन
घटना का शिकार मृतक भाईलाल का परिवार बेहद है। वह गांव में रहकर मजदूरी करता था। जिससे घर का खर्च किसी तरह चलता था। घर में मां अमरावती देवी, पिता राम आसरे के अलावा पत्नी गीता देवी दो पुत्रों में शेखर (6), सुमित (2) तथा बेटी श्वेता (4) हैं। भाईलाल की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। वहीं, दूसरी तरफ घटना के बाद गांव के आसपास सनसनी फैल गई। वहीं, घटना के बाद गांव में पुलिस का सख्त पहरा लगा है। पति की मौत से स्तब्ध पत्नी गीता अपने बच्चो को रोता देख बदहवास हो जाती रही।
विज्ञापन
बता दें, कांशीराम आवास योजना के पास शनिवार की रात काले खा ने अपने दो साथियों के साथ नरेंद्र कुमार (20) पुत्र कल्लू सरोज, मनोज मौर्या (27)पुत्र प्रहलाद, सूरज मौर्य (25) पुत्र जीत लाल, मनोज सरोज तथा भाईलाल सरोज को उस्तरा से हमला करके घायल कर दिया था। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल में दाखिल कराया गया जहां भाई लाल ने दम तोड दिया। पोस्टमार्टम के बाद रविवार को उसका अन्तिम संस्कार फाफामऊ में गंगा तट पर कर दिया गया। मृतक की मां अमरावती की तहरीर पर मऊआइमा पुलिस ने नसीम उर्फ काले पुत्र मो. इरफान, शेबू पुत्र हद्दे निवासी भूपियामऊ जनपद प्रतापगढ तथा विनोद कुमार पुत्र छोटे लाल निवासी स्टेशन रोड थाना मऊआइमा के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास समेत एससी, एसटी के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन
पुलिस ने छापेमारी करके नसीम उर्फ काले तथा शेबू को गिरफ्तार कर लिया जबकि विनोद की तलाश में लगातार दबिश दे रही है लेकिन खबर लिखे जाने तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी। घटना के बाद से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना के बाद गांव में तनाव फैल गया था। इसके चलते आज दिन भर वहां भारी मात्रा में पुलिस बल तैनात रहा। सीओ जितेंद्र गिरि के मुताबिक तीसरे आरोपी के लिए लगातार कोशिश की जा रही है।
विज्ञापन
घटना का शिकार मृतक भाईलाल का परिवार बेहद है। वह गांव में रहकर मजदूरी करता था। जिससे घर का खर्च किसी तरह चलता था। घर में मां अमरावती देवी, पिता राम आसरे के अलावा पत्नी गीता देवी दो पुत्रों में शेखर (6), सुमित (2) तथा बेटी श्वेता (4) हैं। भाईलाल की मौत के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। वहीं, दूसरी तरफ घटना के बाद गांव के आसपास सनसनी फैल गई। वहीं, घटना के बाद गांव में पुलिस का सख्त पहरा लगा है। पति की मौत से स्तब्ध पत्नी गीता अपने बच्चो को रोता देख बदहवास हो जाती रही।