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बिशप समेत नौ के खिलाफ धोखाधड़ी का केस
prayagraj
Updated Wed, 14 Nov 2018 01:23 AM IST
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प्रयागराज। कर्नलगंज थाने में बिशप समेत नौ के खिलाफ धोखाधड़ी की एफआईआर दर्ज कराई गई है। विश्वविद्यालय के हालैंड हाल छात्रावास में फर्जी सोसाइटी बनाकर करोड़ों के गबन के मामले में यह रिपोर्ट दर्ज हुई है। इस मामले में सहायक रजिस्ट्रार चिंट फंड ने रिपोर्ट दी थी कि छात्रावास में कोई सोसाइटी अस्तित्व में नहीं है। न ही कोई पदाधिकारी है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जल्द ही आरोपियों से पूछताछ की जाएगी।
भाजपा नेता श्याम प्रकाश द्विवेदी ने तहरीर देकर एफआईआर कराई है। जिसके मुताबिक श्याम प्रकाश ने कुछ समय पहले सहायक रजिस्ट्रार चिट्स से जन सूचना के तहत हालैंड हाल की सोसाइटी और उसके पदाधिकारियों के बारे में जानकारी मांगी थी। सहायक रजिस्ट्रार ने जवाब दिया था कि हालैंड हाल में सोसाइटी धारा 35 ए के अंतर्गत अपंजीकृत हो गई है। वहां र्कोई विधिक पदाधिकारी नहीं है। श्याम प्रकाश के मुताबिक साफ है कि सीएनआई के मॉडरेटर पीसी सिंह, जनरल सेक्रेट्री एलवान मसीह, बिशप पीटर बलदेव, मार्विन मैसी, शशि प्रकाश, आईवन मैसी, राजेश जोसेफ, अशोक मसीह तथा एक अन्य ने कूटरचित दस्तावेजों से सोसाइटी बनाई, उसे चलाया और करोड़ों का गबन किया।
हालैंड हाल सोसाइटी मूल रूप से अमेरिकन प्रेसबेटेरियन चर्च की थी। 1984 में इसे सहायक रजिस्ट्रार चिट्स फंड के आफिस में पंजीकृत किया गया था। 1993 के बाद उक्त सोसाइटी का कोई विधिक पदाधिकारी नहीं रह गया था। समय से चुनाव न होने और नवीनीकरण न कराए जाने पर संस्था अपंजीकृत हो गई। 2017 में आरोपी कूटरचित दस्तावेजों के सहारे अपंजीकृत सोसाइटी के पदाधिकारी बनकर विश्वविद्यालय से पत्राचार करने लगे। साथ ही करोड़ों का गबन किया। एक ही रसीद पर कई-कई छात्रों से शुल्क जमा कराया गया। सोसाइटी के नाम 50 लाख का स्थानांतरण कर आपस में बांट लिया गया।
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भाजपा नेता श्याम प्रकाश द्विवेदी ने तहरीर देकर एफआईआर कराई है। जिसके मुताबिक श्याम प्रकाश ने कुछ समय पहले सहायक रजिस्ट्रार चिट्स से जन सूचना के तहत हालैंड हाल की सोसाइटी और उसके पदाधिकारियों के बारे में जानकारी मांगी थी। सहायक रजिस्ट्रार ने जवाब दिया था कि हालैंड हाल में सोसाइटी धारा 35 ए के अंतर्गत अपंजीकृत हो गई है। वहां र्कोई विधिक पदाधिकारी नहीं है। श्याम प्रकाश के मुताबिक साफ है कि सीएनआई के मॉडरेटर पीसी सिंह, जनरल सेक्रेट्री एलवान मसीह, बिशप पीटर बलदेव, मार्विन मैसी, शशि प्रकाश, आईवन मैसी, राजेश जोसेफ, अशोक मसीह तथा एक अन्य ने कूटरचित दस्तावेजों से सोसाइटी बनाई, उसे चलाया और करोड़ों का गबन किया।
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हालैंड हाल सोसाइटी मूल रूप से अमेरिकन प्रेसबेटेरियन चर्च की थी। 1984 में इसे सहायक रजिस्ट्रार चिट्स फंड के आफिस में पंजीकृत किया गया था। 1993 के बाद उक्त सोसाइटी का कोई विधिक पदाधिकारी नहीं रह गया था। समय से चुनाव न होने और नवीनीकरण न कराए जाने पर संस्था अपंजीकृत हो गई। 2017 में आरोपी कूटरचित दस्तावेजों के सहारे अपंजीकृत सोसाइटी के पदाधिकारी बनकर विश्वविद्यालय से पत्राचार करने लगे। साथ ही करोड़ों का गबन किया। एक ही रसीद पर कई-कई छात्रों से शुल्क जमा कराया गया। सोसाइटी के नाम 50 लाख का स्थानांतरण कर आपस में बांट लिया गया।
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