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हाजिर नहीं हुआ अशरफ, घर हुआ कुर्क

Sun, 10 Sep 2017 01:53 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद Updated Sun, 10 Sep 2017 01:53 AM IST
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Asharaf did not appear, Ghar Harkaqar
इलाहाबाद - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
पूर्व सांसद अतीक अहमद के भाई पूर्व विधायक अशरफ के सीजेएम की अदालत में हाजिर नहीं होने पर पुलिस ने चकिया स्थित उनके घर का सामान कुर्क कर लिया। शनिवार को कार्रवाई के दौरान दरवाजों की चौखट, जंगले सहित सभी सामान को तीन ट्रकों में भरवाकर थाना धूमनगंज में रख दिया गया है। कुर्की के दौरान चार थानों की पुलिस तीन सीओ सहित पीएसी बल मौजूद रहा। घर का सामान कुर्क करने की खबर पर आसपास जुटी लोगों की भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पीएसी तैनात रही।
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सीओ सिविल लाइंस श्रीश्चंद्र के साथ थाना धूमनगंज, सिविल लाइंस, खुल्दाबाद और करेली की पुलिस शनिवार दोपहर तीन बजे चकिया स्थित अशरफ के घर पहुंच गई। यहां पर उनके पैत्रिक मकान के एक हिस्से में अशरफ और दूसरे हिस्से में अतीक का परिवार रहता है। महिला पुलिस के माध्यम से पुलिस ने अशरफ की पत्नी जेनब को खबर कराई कि आपके पति अदालत में हाजिर नहीं हुए हैं, इसीलिए उनके घर की चल संपत्ति को कुर्क किया जा रहा है। करीब पांच मिनट बाद पुलिस ने घरेलू सामान की सूची तैयार कराने के साथ-साथ उसको ट्रक में लदवाना शुरू कर दिया।
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पुलिस ने शुरू में कूलर, सोफा सहित बाहर रखा सामान लादा। उसके बाद किचन में चम्मच से लेकर गैस चूल्हा और सिलेंडर, आटा, सब्जी तथा फ्रीज में रखे खाने की चीजें तथा कमरे में रखे बेड सहित सभी सामान को भी ट्रक में लदवा दिया। आखिर में बिजली का कनेक्शन काटने के साथ-साथ दो एसी, दरवाजों की चौखट, कबाड़, जंगले तथा अन्य सामान को भी लादा गया। इस दौरान सीओ कोतवाली शिवराज, अपर पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल पुलिस बल के साथ मौजूद थे।
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अशरफ के परिवार वालों को खबर हो गई थी कि पुलिस घर का सामान कुर्क करने आ रही है। इसीलिए आधा दर्जन वकील पहले से ही घर में मौजूद थे। सीओ ने कहा कि शुक्रवार को सीजेएम की अदालत से कुर्की आदेश हो चुका है। उसी समय वहां मौजूद वकीलों ने कहा कि आप कुर्की के लिए मकान का नक्शा तो लाए ही होंगे, जिसके आधार पर कुर्की होनी है। इस सवाल का पुलिस जवाब नहीं दे पाई। पुलिस ने बताया कि घर के नक्शे के अनुसार कुर्की का आदेश नहीं है। वहां पूरी तरह से तस्दीक की और अशरफ के हिस्से वाले मकान में पहुंचकर पुलिस ने कुर्की की कार्रवाई शुरू कर दी।

अशरफ के घर से पुलिस ने कुरान, दोनों बच्चियों के कपड़े, दवा, निपल, दूध की बोतल तथा  खिलौने नहीं लिए। इन सभी सामान को पुलिस मानवीय दृष्टिकोण से घर में ही छोड़ गई। अशरफ के घर में पत्नी जेनब और दो छोटी बेटी हैं। घर में बच्चियों का सामान रखा था, जिसे कुछ पुलिस कर्मी सूची में शामिल कर रहे थे, लेकिन अफसरों ने इनको सूची से हटवा दिया और वहीं पर छोड़ गए।

अशरफ के घर में पुलिस घरेलू सामान कुर्क कर रही थी। उसी समय कुर्की की खबर अतीक अहमद के समर्थकों को हुई तो उनके घर के बाहर भीड़ लग गई। पुलिस अफसरों ने पहले से ही भीड़ नियंत्रित करने के लिए पीएसी को अलर्ट कर दिया था। शाम करीब साढ़े चार बजे घर के बाहर लोगों की भीड़ बढ़ी तो दो बसों में पीएसी जवान पहुंच गए। उन्होंने बाहर भीड़ को कुर्की की प्रक्रिया पूरी होने तक नियंत्रित को नियंत्रित किया।


सीओ सिविल लाइंस श्रीशचंद्र ने बताया कि धूमनगंज थाने के झलवा में 20 मार्च 2016 को सूरजकली उर्फ जयश्री के बेटे नरेंद्र कुशवाहा पर जान लेवा हमला हुआ था। इस घटना में नामजद तो दूसरे लोग थे, लेकिन विवेचना में पूर्व विधायक अशरफ का नाम सामने आया था। उसी के बाद से अशरफ फरार हो गया, गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने दबिश दी। ईनाम भी घोषित किया गया था। एक महीने पहले धारा 82 के तहत घर कुर्क करने का नोटिस चस्पा करने के साथ-साथ मुनादी कराई गई थी। उसके बावजूद वह अदालत में हाजिर नहीं हुआ। शुक्रवार को सीजेएम की अदालत से कुर्की का आदेश होने के बाद शानिवार को सीओ सिविल लाइंस श्रीशचंद्र के साथ कई थानों की पुलिस और पीएसी दोपहर तीन बजे अशरफ के घर पहुंची। शाम करीब साढ़े छह बजे तक कुर्की की कार्रवाई करके घर का पूरा सामान तीन ट्रकों में लाद लिया।
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