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विवि के हॉस्टलों से फिर निकलेंगे अफसर
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
Updated Sat, 02 Jan 2016 12:14 AM IST
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शिक्षकों की योजना सफल हुई तो सिविल सर्विसेज, पीसीएस आदि भर्ती परीक्षाओं में इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रावास के छात्र-छात्राओं का एक बार फिर वर्चस्व होगा। विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से इन भर्तियों को ध्यान में रखकर व्याख्यानमाला की शुरुआत होने जा रही है। इतना ही नहीं यहां के छात्र-छात्राओं की अंग्रेजी की कमजोरी भी दूर होगी। इसके लिए भी कक्षाएं चलेंगी। इस बाबत वार्डेन और अधीक्षक से कोर्सेज तथा विशेषज्ञों का पैनल मांगा गया है। इसके लिए हॉस्टल में प्रोजेक्टर भी लगाए जाएंगे। इसके लिए 20 प्रोजेक्टर मंगाए जाएंगे। डीएसडब्ल्यू की ओर से इसके लिए वार्डेन और अधीक्षक के साथ अन्य अफसरों को पत्र लिखा गया है। यह सिलसिला इसी साल शुरू होगा।
छात्रावासों में विषय विशेषज्ञों, प्रमुख लोगों के व्याख्यान, गोष्ठियां आदि की पुरानी परंपरा है, लेकिन विगत तीन दशक से इसमें गतिरोध आ गया है। सिविल सर्विसेज आदि भर्तियों में विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं का दबदबा खत्म होने के पीछे इसे मुख्य कारण माना जा रहा है। ऐसे में विद्यार्थियों की मांग पर यह परंपरा फिर से शुरू करने की कवायद की जा रही है। इसी क्रम में सिविल सर्विसेज, पीसीएस, लोअर सबऑर्डिनेट आदि भर्तियों के पैटर्न और सिलेबस को ध्यान में रखकर व्याख्यानों की श्रृंखला शुरू करने का निर्णय लिया गया है। हर हॉस्टल में 24 व्याख्यान होंगे। बाहर के विशेषज्ञों की रिकार्डिंग भी की जाएगी। फिर उसे अन्य हॉस्टल में सुनाया जाएगा। साथ में विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर भी अपलोड किया जाएगा। डीएसडब्ल्यू डॉ.एआर सिद्दीकी ने बताया कि सभी संबंधित लोगों को पत्र लिखा गया है। पूरी कोशिश है कि व्याख्यान इसी महीने से शुरू हो जाएं।
हॉस्टल के साथ डेलीगेसी के छात्र-छात्राओं के लिए भी विशेषज्ञों के व्याख्यान की व्यवस्था की गई है। व्याख्यान छात्रसंघ भवन में आयोजित होंगे। इसकी जिम्मेदारी छात्रसंघ के पदाधिकारियों को दी गई है।
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छात्रावासों में विषय विशेषज्ञों, प्रमुख लोगों के व्याख्यान, गोष्ठियां आदि की पुरानी परंपरा है, लेकिन विगत तीन दशक से इसमें गतिरोध आ गया है। सिविल सर्विसेज आदि भर्तियों में विश्वविद्यालय के छात्र-छात्राओं का दबदबा खत्म होने के पीछे इसे मुख्य कारण माना जा रहा है। ऐसे में विद्यार्थियों की मांग पर यह परंपरा फिर से शुरू करने की कवायद की जा रही है। इसी क्रम में सिविल सर्विसेज, पीसीएस, लोअर सबऑर्डिनेट आदि भर्तियों के पैटर्न और सिलेबस को ध्यान में रखकर व्याख्यानों की श्रृंखला शुरू करने का निर्णय लिया गया है। हर हॉस्टल में 24 व्याख्यान होंगे। बाहर के विशेषज्ञों की रिकार्डिंग भी की जाएगी। फिर उसे अन्य हॉस्टल में सुनाया जाएगा। साथ में विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर भी अपलोड किया जाएगा। डीएसडब्ल्यू डॉ.एआर सिद्दीकी ने बताया कि सभी संबंधित लोगों को पत्र लिखा गया है। पूरी कोशिश है कि व्याख्यान इसी महीने से शुरू हो जाएं।
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हॉस्टल के साथ डेलीगेसी के छात्र-छात्राओं के लिए भी विशेषज्ञों के व्याख्यान की व्यवस्था की गई है। व्याख्यान छात्रसंघ भवन में आयोजित होंगे। इसकी जिम्मेदारी छात्रसंघ के पदाधिकारियों को दी गई है।
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