{"_id":"630bc243ca9739311045e5c5","slug":"when-will-the-monuments-of-corruption-be-demolished-in-aligarh-aligarh-news-ali2991314109","type":"story","status":"publish","title_hn":"अलीगढ़ में कब ढहाए जाएंगे भ्रष्टाचार के स्मारक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अलीगढ़ में कब ढहाए जाएंगे भ्रष्टाचार के स्मारक
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नोएडा में रविवार को ट्विन टॉवर को धराशाही किए जाने की घटना ने अपने शहर की अवैध बिल्डिंगों को याद दिला दिया है। खुद एडीए के रिकार्ड में 150 अवैध कालोनियां और कई बड़े प्रतिष्ठान/बिल्डिंग अवैध घोषित हैं। मगर इन पर कब कार्रवाई होगी। इस बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता। हालांकि रविवार को फिर एडीए के अधिकारियों ने दावा किया है कि अब इन सभी को अंतिम नोटिस जारी किए जाएंगे। इसके आधार पर ही कार्रवाई की जाएगी।
महानगर के अंदर और बाहरी छोर पर बिना किसी नक्शे और अनुमति से बनीं करीब 150 अवैध कालोनियां, प्रतिष्ठान/बिल्डिंग अवैध हैं। ये लंबे समय से एडीए के निशाने पर हैं। इनमें से कुछ के मामले में न्यायालयों में मुकदमा विचाराधीन हैं। मगर जिनके प्रकरण न्यायालयों में नहीं हैं, उनको चिह्नित कर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई प्रस्तावित है। इसके लिए कार्ययोजना भी तैयार कर ली गई है। ऐसे मामलों में कार्रवाई कब होगी, यह किसी को नहीं पता। इनमें अपने शहर में क्वार्सी, किशनपुर, एटा चुंगी, धौर्रा, मेडिकल रोड, मैरिस रोड, खैर रोड, रामघाट रोड, अनूपशहर रोड, सारसौल, आगरा रोड, मथुरा रोड, एटा रोड व दिल्ली रोड पर कई कालोनी व बिल्डिंग शामिल हैं। कुछ बिल्डिंग तो ऐसी हैं, जिनको लेकर एडीए की कार्य प्रणाली को लेकर समय समय पर सवाल भी उठते रहे हैं। इन सभी को बिल्डर व कालोनाइजरों ने नियमों को दरकिनार कर विकसित कर दिया है। बिल्डिंगों को अवैध तरीके से तैयार किया गया है। एडीए स्तर से सीलिंग आदि की कार्रवाई भी की जाती रहती है। मगर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया। हाल के ही दिनों में कुछ कालोनी ध्वस्त कर खानापूर्ति कर दी गई, जबकि कुछ बिल्डिंगें सील पड़ी हैं।
-शहर में अवैध तरीके से बसी कॉलानियों व बिल्डिंगों को चिह्नित कराया जा रहा है। इन्हें नोटिस देकर अवैध कब्जों को हटाने का अल्टीमेटम दिया जाएगा। फिर भी कब्जा न हटाया गया तो भवनों को सीज करने के साथ ही जुर्माना व ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी। - गौरांग राठी, एडीए वीसी
विज्ञापन
विज्ञापन
महानगर के अंदर और बाहरी छोर पर बिना किसी नक्शे और अनुमति से बनीं करीब 150 अवैध कालोनियां, प्रतिष्ठान/बिल्डिंग अवैध हैं। ये लंबे समय से एडीए के निशाने पर हैं। इनमें से कुछ के मामले में न्यायालयों में मुकदमा विचाराधीन हैं। मगर जिनके प्रकरण न्यायालयों में नहीं हैं, उनको चिह्नित कर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई प्रस्तावित है। इसके लिए कार्ययोजना भी तैयार कर ली गई है। ऐसे मामलों में कार्रवाई कब होगी, यह किसी को नहीं पता। इनमें अपने शहर में क्वार्सी, किशनपुर, एटा चुंगी, धौर्रा, मेडिकल रोड, मैरिस रोड, खैर रोड, रामघाट रोड, अनूपशहर रोड, सारसौल, आगरा रोड, मथुरा रोड, एटा रोड व दिल्ली रोड पर कई कालोनी व बिल्डिंग शामिल हैं। कुछ बिल्डिंग तो ऐसी हैं, जिनको लेकर एडीए की कार्य प्रणाली को लेकर समय समय पर सवाल भी उठते रहे हैं। इन सभी को बिल्डर व कालोनाइजरों ने नियमों को दरकिनार कर विकसित कर दिया है। बिल्डिंगों को अवैध तरीके से तैयार किया गया है। एडीए स्तर से सीलिंग आदि की कार्रवाई भी की जाती रहती है। मगर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया। हाल के ही दिनों में कुछ कालोनी ध्वस्त कर खानापूर्ति कर दी गई, जबकि कुछ बिल्डिंगें सील पड़ी हैं।
विज्ञापन
-शहर में अवैध तरीके से बसी कॉलानियों व बिल्डिंगों को चिह्नित कराया जा रहा है। इन्हें नोटिस देकर अवैध कब्जों को हटाने का अल्टीमेटम दिया जाएगा। फिर भी कब्जा न हटाया गया तो भवनों को सीज करने के साथ ही जुर्माना व ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी। - गौरांग राठी, एडीए वीसी
विज्ञापन