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Aligarh News: आधारकार्ड होते हुए भी न हुई पहचान, रेलवे ट्रैक पर मिले शव का लावारिस में किया अंतिम संस्कार
Tue, 03 Oct 2023 11:06 PM IST
चमन शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: चमन शर्मा
Updated Tue, 03 Oct 2023 11:06 PM IST
सार
घटना 28 सितंबर की सुबह करीब 10:28 बजे की है। दिल्ली-हावड़ा ट्रैक पर गभाना क्षेत्र में पैराई गांव के पास पोल नंबर 1343/3 ए के पास एक शव मिला। वह चलती ट्रेन से गिरा या उसे फेंका गया, यह सवार अभी अनुत्तरित है।
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रेलवे ट्रैक।
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
रेलवे ट्रैक पर मिले युवक के शव के पास से आधार कार्ड मिलने के बावजूद पुलिस उसकी शिनाख्त नहीं कर पाई और 72 घंटे इंतजार के बाद पुलिस ने लावारिस के रूप में उसका अंतिम संस्कार कर दिया। परिजनों को उसकी मौत की सूचना भी नहीं और वह उसके लौटने के इंतजार कर रहे होंगे। पुलिस की लापरवाही के कारण उन्हें शव के अंतिम दर्शन भी नहीं हो पाए।
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घटना 28 सितंबर की सुबह करीब 10:28 बजे की है। दिल्ली-हावड़ा ट्रैक पर गभाना क्षेत्र में पैराई गांव के पास पोल नंबर 1343/3 ए के पास एक शव मिला। वह चलती ट्रेन से गिरा या उसे फेंका गया, यह सवार अभी अनुत्तरित है। क्षत-विक्षत शव मिलने की सूचना पर पैराई लैपर्ड के सिपाही घनश्याम व हरीश मौके पर पहुंचे। सूचना देकर एसआई अनीस अहमद को मौके पर बुलाया गया। जामा तलाशी में कपड़ों के बैग के अलावा कुछ रुपये, जेब से एक आधार कार्ड, आधा कटा हुआ 27 सितंबर का टिकट भी मिला।
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आधार कार्ड सुनील कुमार कुशवाहा (40) पुत्र रामनारायण कुशवाहा ईडब्ल्यूएस 909 यादव मार्केट बर्रा-2 कानपुर के नाम से था। पुलिस का कहना है कि आधार कार्ड से उसका पता तस्दीक नहीं हो सका। इसके बाद पंचायतनामा भरकर शव नियमानुसार पोस्टमार्टम केंद्र में पहचान के प्रयास और 72 घंटे के इंतजार के लिए रखवा दिया गया। पहचान न होने की दशा में 72 घंटे बाद एक अक्तूबर को पोस्टमार्टम के बाद मानव उपकार संस्था के सहयोग से शव का अज्ञात में अंतिम संस्कार करा दिया गया।
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जो आधार कार्ड मिला था। उसके जरिये वहां की संबंधित चौकी पुलिस से संपर्क किया गया। चौकी पुलिस ने बताया कि युवक और उसके परिजन यहां झुग्गी बनाकर रहते आए हैं। वर्तमान में यह परिवार यहां मौजूद नहीं है। जिसके चलते अज्ञात में अंतिम संस्कार कराना पड़ा है। शव के पास से जो सामान मिला व सुरक्षित रखा है। पहचान के प्रयास जारी हैं। -सुमन कनौजिया, सीओ गभाना