Aligarh News: गड्ढों से भरी ओजोन सिटी वाली सड़क बनी सियासी पिच, रात ही नहीं दिन में भी चलना दूभर
अमर उजाला ने शुक्रवार को ओजोन सिटी रोड पर रामघाट रोड के मुहाने से लेकर जीटी रोड के सिंधौली छोर तक के हालात का जायजा लिया। इस दौरान 6 किमी की 15 मीटर तक चौड़ी इस सड़क पर पर 50 जगह हालात सर्वाधिक खराब हैं।
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अलीगढ़ के रामघाट रोड को एटा जीटी रोड से जोड़ने वाली जाफरी ड्रेन की छह किमी सड़क वाकई सियासी हो चली है। यह कहना गलत नहीं कि पिछले दो दशक में रामघाट रोड और उसके इर्द-गिर्द आवासीय दायरा सर्वाधिक बढ़ा है। जिसमें जाफरी ड्रेन के सहारे अनगिनत कालोनियां विकसित हुई हैं। मगर सात वर्ष में सड़क का निर्माण तो दूर गड्ढों तक को नहीं भरा गया। आलम ये है कि रात तो दूर अब दिन में भी दुर्घटनाएं होती हैं। सड़क कई जगह से धंस चुकी है। नहर की ओर सड़क धंसी है तो दूसरी ओर खेतों की ओर बड़े बड़े गड्ढे हैं। जिससे वाहन गिरते रहते हैं।
अमर उजाला ने शुक्रवार को इस रोड पर रामघाट रोड के मुहाने से लेकर जीटी रोड के सिंधौली छोर तक के हालात का जायजा लिया। इस दौरान 6 किमी की 15 मीटर तक चौड़ी इस सड़क पर पर 50 जगह हालात सर्वाधिक खराब हैं। इन जगहों को पार करना मतलब जान जोखिम में डालने के समान है। पूरी सडक़ जगह जगह उखड़ी है। 70 से ज्यादा ऐसे गड्ढे हैं, जिनमें जरा सा भी चूक गए तो दुर्घटना तय है। सवाल यह भी उठता है कि जब पुलिस प्रशासन को शहर में डायवर्जन लागू करना होता है तो भारी वाहन इसी मार्ग से गुजारे जाते हैं, फिर इसके बनने में इतना वक्त क्यों लग रहा है।
दिन भर उड़ते धूल के गुबार आज भी हमें इस बात का अहसास कराते हैं कि हम किसी गांव के दगड़े के सहारे मकान बनाकर रह रहे हैं। सडक़ कब बनेगी, इस सवाल का जवाब किसी स्तर से नहीं मिलता है।-नरेशपाल सिंह, स्थानीय निवासी
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गड्ढों की वजह से दिन व रात में आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं। जब भी कोई आता है तो भरोसा देकर चला जाता है कि जल्द सडक़ बनेगी। मगर कब, इस सवाल का जवाब किसी के पास नहीं।-अमर पाल सिंह, स्थानीय निवासी
शहर जब इस दिशा में विकसित हुआ तो यहां मकान बनाकर रहे कि आने वाले समय में इलाका विकसित होगा। मगर आज तक हालात ज्यों के त्यों हैं। कब सुधरेंगे, अब तो इस सवाल के जवाब की उम्मीद सी टूट गई है।-बीना देवी, स्थानीय निवासी