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अंडला में डिफेंस कॉरिडोर बनना तय, जिला प्रशासन ने 45.78 हेक्टेयर भूमि के लिए दी मंजूरी
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
Updated Fri, 16 Nov 2018 01:10 AM IST
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महत्वाकांक्षी डिफेंस कॉरिडोर इंडस्ट्रियल एरिया अब टप्पल में नहीं बल्कि अंडला में बनना तय है। जिला प्रशासन द्वारा प्रस्तावित करीब 45.78 हेक्टेयर भूमि को हरी झंडी मिल गई है। सांसद सतीश गौतम एक-दो दिन में इससे संबंधित अधिकारिक घोषणा करने वाले हैं।
कानपुर के चंद्रशेखर आजाद यूनिवर्सिटी में आयोजित तीन दिवसीय यूपी डिफेंस एक्सपो 2018 में अंडला में डिफेंस कॉरिडोर बनना तय माना जा रहा है। एसीईओ, यूपीईआईडीए रवेंद्र गॉडबोले ने इससे संबंधित संकेत भी दे दिये हैं। एक्सपो में फेडरेशन ऑफ इनोवेटिव मैनुफ्रैक्चर्स( एफआईएम) के अध्यक्ष धंजीत वाडरा, मुकेश जैन, मोहित गुप्ता, नवनीत वार्ष्णेय, प्रशांत गोयल आदि शामिल हुए। एफआईएम को एक्सपो में सम्मानित भी किया गया।
उल्लेखनीय है कि डिफेंस कॉरिडोर के लिए पहले टप्पल की भूमि चिन्हित की गई थी, लेकिन टप्पल की भूमि अधिक कीमती होने के कारण अस्वीकृत कर दिया गया। उसके बाद अंडला का प्रस्ताव प्रशासन द्वारा भेजा गया था। यूपीईआईडीए की टीम स्थानीय अधिकारियों के साथ स्थल निरीक्षण कर चुकी है। स्थल की उपयोगिता प्रथम दृष्टतया अनुपम माना गया।
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कानपुर के चंद्रशेखर आजाद यूनिवर्सिटी में आयोजित तीन दिवसीय यूपी डिफेंस एक्सपो 2018 में अंडला में डिफेंस कॉरिडोर बनना तय माना जा रहा है। एसीईओ, यूपीईआईडीए रवेंद्र गॉडबोले ने इससे संबंधित संकेत भी दे दिये हैं। एक्सपो में फेडरेशन ऑफ इनोवेटिव मैनुफ्रैक्चर्स( एफआईएम) के अध्यक्ष धंजीत वाडरा, मुकेश जैन, मोहित गुप्ता, नवनीत वार्ष्णेय, प्रशांत गोयल आदि शामिल हुए। एफआईएम को एक्सपो में सम्मानित भी किया गया।
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उल्लेखनीय है कि डिफेंस कॉरिडोर के लिए पहले टप्पल की भूमि चिन्हित की गई थी, लेकिन टप्पल की भूमि अधिक कीमती होने के कारण अस्वीकृत कर दिया गया। उसके बाद अंडला का प्रस्ताव प्रशासन द्वारा भेजा गया था। यूपीईआईडीए की टीम स्थानीय अधिकारियों के साथ स्थल निरीक्षण कर चुकी है। स्थल की उपयोगिता प्रथम दृष्टतया अनुपम माना गया।
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