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राष्ट्रीय शैक्षणिक संस्थान फ्रेमवर्क में 10 पायदान नीचे गिरी एएमयू की रैंकिंग, इस बार मिला 70वां स्थान
Fri, 12 Jun 2020 02:01 PM IST
अलीगढ़ ब्यूरो
अमर उजाला ब्यूरो, अलीगढ़
अमर उजाला ब्यूरो, अलीगढ़
Published by: अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Fri, 12 Jun 2020 02:01 PM IST
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एएमयू
- फोटो : अमर उजाला
मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से गुरुवार को राष्ट्रीय शैक्षणिक संस्थान फ्रेमवर्क रैंकिंग जारी की गई। इसमें अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय रिकॉर्ड 60 पायदान नीचे गिर कर 70 वें स्थान पर पहुंच गया है। जबकि पिछले वर्ष उसकी रैंकिंग दसवें स्थान पर थी। विश्वविद्यालय प्रशासन के मुताबिक इस गिरावट का कारण मंत्रालय की ही चूक है।
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विश्वविद्यालय द्वारा शोध के जो आंकड़े मंत्रालय भेजे गए थे, उसमें पिछले चार-पांच साल के आंकड़े गलत फीड कर दिए गए। इसके आधार पर रैंकिंग गिर गई, जबकि यह हकीकत से परे है। अभी दो अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं ने एएमयू को रैंकिंग में टॉप स्थान दिया है।
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जनसंपर्क विभाग के एमआईसी प्रोफेसर शाफे किदवई ने बताया के विश्वविद्यालय की ओर से मंत्रालय को सन 2018 के लिए आंकड़े भेजे गए थे कि 363 पीएचडी अवार्ड हुए हैं। जबकि मंत्रालय इसे 8 ही दिखा रहा है। इसी तरह सन 2020 में 2911 शोध कार्य हो रहे हैं लेकिन इनकी संख्या 32 दर्शायी गई है।
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2019 में 312 पीएचडी प्रदान की गई, लेकिन मंत्रालय उनकी संख्या सिर्फ 10 ही प्रदर्शित कर रहा है। इसी प्रकार 2016-17 में 370 पीएचडी प्रदान की गई, लेकिन मंत्रालय उनको आठ दिखा रहा है। इन्हीं पिछले चार-पांच वर्षों के प्रदर्शन के आधार पर रैंकिंग होती है और अंक मिलते हैं।
गलत फीडिंग के चलते विश्वविद्यालय की रैंकिंग नीचे दिखाई दे रही है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय इस पर कड़ा एतराज करता है और मंत्रालय को अपनी आपत्ति से अवगत कराएगा और सही रैंकिंग के लिए मंत्रालय से आग्रह करेगा।