फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Aligarh News ›   Aligarh Poisonous Case

अलीगढ़ः शराब माफिया की पांच करोड़ की संपत्ति जब्त करने का प्रस्ताव तैयार

Sat, 24 Jul 2021 12:45 AM IST
Aligarh Bureau अलीगढ़ ब्यूरो
Updated Sat, 24 Jul 2021 12:45 AM IST
विज्ञापन
Aligarh Poisonous Case
डीआईजी दीपक कुमार एसएसपी व अन्य अधिकारियों के साथ मीटिंग करते। - फोटो : CITY OFFICE
जहरीली शराब कांड के आरोपी माफिया की 100 करोड़ से अधिक की संपत्तियों को जब्त किया जाना है। अब तक 5 करोड़ की संपत्ति को जब्त करने का प्रस्ताव बनकर तैयार हो गया है और अनुमोदन के लिए जिलाधिकारी के समक्ष भेजा जा चुका है। संकेत हैं कि एक-दो दिन में अनुमोदन मिलते ही यह संपत्ति जब्त कर ली जाएगी। इसके अलावा अभी कारोबारी विजेंद्र कपूर सहित कुछ अन्य आरोपियों की हिस्ट्रीशीट खुलना शेष है, जिस पर तेजी से काम चल रहा है। यह तथ्य शुक्रवार को डीआईजी दीपक कुमार द्वारा शराब कांड में अब तक की कार्रवाई पर की गई समीक्षा में उजागर हुए। जिस पर उन्होंने अपने अनुभवों के आधार पर भी जरूरी निर्देश दिए।
विज्ञापन

डीआईजी कार्यालय में हुई इस समीक्षा बैठक में एसएसपी कलानिधि नैथानी, एसपी सिटी कुलदीप सिंह गुणावत, एसपी देहात शुभम पटेल, एसपी क्राइम राजेश श्रीवास्तव आदि अधिकारी मौजूद रहे। यहां शराब कांड की समीक्षा मुख्य विषय था, जिसमें अब तक की कार्रवाई से डीआईजी को अवगत कराया गया। हालांकि कार्रवाई बेहद संतोषजनक पाई गई, जिसमें डीआईजी ने कहा कि चूंकि अधिकांश प्रकरणों में चार्जशीट जा चुकी है। कुछ मामले शेष हैं और माफिया अनिल चौधरी के भाई सुधीर की गिरफ्तारी शेष है। इसलिए अब न्यायालय में पत्रावली कमिट कराने से लेकर ट्रायल शुरू कराने पर भी फोकस रखा जाए। प्रयास किया जाए कि आने वाले 6 माह में प्रकरण में मुख्य आरोपियों सहित अन्य सभी आरोपियों को सजा हो जाए। ताकि यह कांड प्रदेश में नजीर बने।
विज्ञापन

इस दौरान उन्होंने निर्देश दिए कि मुकदमों के स्वतंत्र व पुलिस के गवाहों की सूची तैयार कर उन्हें अभी से गवाही के लिए तैयार रखा जाए। इस बात का भी ध्यान रखा जाए कि स्वतंत्र गवाह को किसी तरह की कोई दिक्कत, डर या धमकी तो नहीं है। इसे ध्यान में रखकर भी काम किया जाए। उन्होंने विजेंद्र कपूर सहित शेष हिस्ट्रीशीट शीघ्र खोलने और संपत्ति जब्तीकरण पर कार्यवाही तेजी से करने के निर्देश दिए। इसके अलावा ऑपरेशन पहचान पर समीक्षा में निर्देश दिए कि जो अपराधी गायब हैं, उनके पैरोकारों, जमानतियों पर शिकंजा कसा जाए। ताकि उनके विषय में तस्वीर साफ हो सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed