हो जाएं सावधान: आपकी थाली में मिलावटी पनीर तो नहीं, 1664 किलो जब्त होने से खुली पोल, तीन पर एफआईआर
पनीर में कैल्शियम, प्रोटीन, फॉस्फोरस, फोलेट जैसे न्यूट्रिएंट्स शारीरिक और मानसिक विकास के लिए फायदेमंद होते हैं, जबकि मिलावटी पनीर में घातक रसायन चार साल में ही लिवर खराब कर सकते हैं। इसलिए यह जान लें...
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घर में सब्जी से लेकर शादी-ब्याह की दावत तक पनीर अब हर थाली का हिस्सा है, लेकिन जो पनीर आप खा रहे हैं, वह शुद्ध है या मिलावटी इसकी कोई गारंटी नहीं। अलीगढ़ जिले में बड़ी मात्रा में ऐसा पनीर बाजार में खप रहा है, जो सेहत के लिए खतरनाक हो सकता है। पनीर में कैल्शियम, प्रोटीन, फॉस्फोरस, फोलेट जैसे न्यूट्रिएंट्स शारीरिक और मानसिक विकास के लिए फायदेमंद होते हैं, जबकि मिलावटी पनीर में घातक रसायन चार साल में ही लिवर खराब कर सकते हैं। लिवर सिरोसिस के साथ साथ कैंसर का खतरा भी बढ़ सकता है।
जिला खाद्य विभाग की हालिया कार्रवाई ने इस खतरे को उजागर कर दिया है। एक दिन पहले टीम ने 1664 किलो संदिग्ध पनीर पकड़ा। इससे साफ है कि बाजार में बड़े पैमाने पर मिलावटी पनीर की सप्लाई हो रही है। सहायक आयुक्त एफडीए दीनानाथ यादव बताते हैं कि मिलावटी पनीर के खिलाफ कार्रवाई के लिए पुलिस, जीएसटी व आरटीओ से सहयोग मांगा है। उनसे कहा है कि कहीं भी मिलावटी पनीर की शिकायत आए तो तत्काल उसके खिलाफ एक्शन लें।
उन्होंने बताया कि सस्ते दाम में बिकने वाला पनीर अक्सर क्रीम निकाले गए दूध में पामोलिन ऑयल, रिफाइंड और अन्य मिलावटी पदार्थ मिलाकर तैयार किया जाता है। देखने में यह सामान्य पनीर जैसा ही लगता है, लेकिन इसके लगातार सेवन से स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ सकता है। आम लोगों के पास असली पनीर या नकली पनीर को पहचानने के लिए कोई लैब या मशीनरी नहीं होती है। यही कारण है कि नकली पनीर का बाजार धड़ल्ले से फल-फूल रहा है, लेकिन कुछ तरीकों से घर पर असली पनीर की पहचान कर सकते हैं।
तीन के खिलाफ कराई एफआईआर
सहायक आयुक्त एफडीए डॉ. दीनानाथ यादव ने बताया कि मंगलवार शाम लोधा पुलिस ने खेरेश्वर चौराहे पर एक लोडर को पकड़ा, जिसमें जांच के दौरान 1664 किलो मिलावटी पनीर मिला। चालक किरनपाल ने बताया कि यह पनीर पिसावा के सबलपुर गांव में सुशील कुमार द्वारा तैयार किया जाता है। इस सूचना पर टीम रात में ही मौके पर पहुंची, जहां रिफाइंड पामोलिन ऑयल, मिश्रित दूध और पनीर बनाने का घोल मिला। नमूने लेकर बाकी सामग्री सीज कर दी गई। संचालक मौके से फरार मिला। बाद में करीब पांच लाख रुपये कीमत का पनीर नष्ट कर दिया गया। मामले में तीन आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर वाहन सीज किया गया है, जबकि नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं।
1. सवाल- नकली पनीर कैसे बनता है?
जवाब- नकली पनीर को बनाने के लिए खराब दूध, आटा, डिटर्जेंट पाउडर, पाम ऑयल, ग्लिसरॉल मोनोस्टियरेट पाउडर जैसी चीजों को मिलाया जाता है। इसके अलावा असली पनीर के जैसा आकार देने के लिए सल्फ्यूरिक एसिड का इस्तेमाल करते हैं। ये सभी चीजें शरीर के लिए नुकसानदायक होती हैं। चार साल में नकली पनीर लिवर खराब कर सकता है। इससे लिवर सिरोसिस होने की आशंका बढ़ जाती है। फूड पॉइजनिंग, पेटदर्द, अपच या उल्टी के अलावा कैंसर तक का खतरा हो सकता है।
2. सवाल- नकली पनीर की पहचान कैसे करें?
जवाब- पनीर को गर्म पानी में उबाल लें। फिर इसमें सोयाबीन या आटा मिला लें। इससे नकली पनीर का रंग बदल जाएगा।
. डिटर्जेंट या यूरिया से बनाए गए पनीर का रंग उबालते समय लाल हो जाता है।
. असली पनीर हल्का क्रीम रंग का और मुलायम होता है, जबकि नकली ज्यादा सफेद और रबर जैसा सख्त हो सकता है।
. असली पनीर दबाने पर टूट जाता है, जबकि नकली खिंचता या चिपचिपा लगता है।
. पनीर को गर्म पानी में 5 मिनट उबाल लें, फिर इसमें आयोडिन टिंच की कुछ बूंदें डाल दें। अगर रंग नीला पड़ जाए तो समझ लीजिए पनीर नकली है।
3. सवाल- असली बनाम नकली पनीर की कीमत
जवाब- असली और नकली पनीर की कीमतों में भी अंतर होता है। दूध से बने शुद्ध पनीर का मार्केट रेट 400 से 450 रुपए प्रति किलो के करीब होता है क्योंकि एक किलो असली पनीर को बनाने के लिए करीब 5 किलो दूध की जरूरत पड़ती है। जबकि मिलावटी या आर्टिफिशियल पनीर का मार्केट रेट 250 से 300 रुपये प्रति किलो के बीच होता है। इसे फुटकर विक्रेता या दुकानदार असली पनीर की कीमत में बेच देते हैं। मुनाफे के लालच में ये दुकानदार लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करते हैं।
4. सवाल- नकली पनीर की सबसे ज्यादा सप्लाई कब होती है?
जवाब- शादी, विवाह का सीजन आते ही मिलावटखोर सबसे ज्यादा सक्रिय होते हैं क्योंकि ऐसे समय में दूध, मावा और पनीर की खपत बढ़ जाती है। जबकि दूध का उत्पादन तो उसी मात्रा में हो रहा है। ऐसे में मिलावटखोर नकली पनीर बनाना शुरू कर देते हैं। यही वजह है कि शादियों का सीजन आते ही नकली पनीर की सप्लाई बढ़ जाती है।
5. सवाल- पैकेज्ड पनीर खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें?
जवाब- पैकेज्ड पनीर खरीदते समय हमेशा उसकी मैन्युफैक्चरिंग डेट और एक्सपायरी डेट जरूर चेक करें। इसके अलावा पनीर को स्टोर करने के लिए सही व्यवस्था की गई है या नहीं, इसका ध्यान रखें। डेयरी प्रोडक्ट्स ज्यादा गर्मी में भी खराब हो जाते हैं।