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कर अधीक्षक के खिलाफ पार्षदों ने खोला मोर्चा
Updated Tue, 04 Sep 2018 01:48 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
नगर निगम के पार्षदों ने कर अधीक्षक अजीत राय के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पार्षदों ने कर अधीक्षक को सभी महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी देने पर एतराज जताया है। साथ ही कार्यशैली को लेकर भी आरोप लगाया है।
वार्ड संख्या 66 के पार्षद सद्दाम हुसैन, वार्ड संख्या 61 के पार्षद शादाब खान, वार्ड संख्या 62 के पार्षद फिरोज खान, वार्ड संख्या 50 की पार्षद के पति पप्पू अल्वी और वार्ड संख्या 47 के पार्षद शाकिर अली ने नगर आयुक्त को संबोधित ज्ञापन नगर निगम अधिकारी को सौंपते हुए कहा है कि कर अधीक्षक अजीत कुमार राय पर गृहकर, पथ प्रकाश, वर्कशाप, संपत्ति आदि का कार्यभार है।
नागरिकों ने जानकारी दी है कि अजीत कुमार राय अपने पद का दुरुपयोग कर लोगों से अपने अधीनस्थों के माध्यम से अवैध वसूली करवा रहे हैं। वह नगर निगम को क्षति पहुंचा रहे हैं और स्वयं लाभ ले रहे हैं। इनकी तत्काल जांच कराई जाए।
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पत्र में कहा है कि अजीत कुमार राय का तबादला अलीगढ़ से हापुड़ 2017 में हो गया था, लेकिन अलीगढ़ से उन्हें कार्य मुक्त नहीं किया गया है। जब भी अजीत कुमार राय के मामलों की जांच की मांग उठाई गई तब सिर्फ उनके अधीनस्थों पर कार्यवाही कर दी गई। पूर्व में जब लाइटों की जांच की गई तो लाइटों की कागजों स्थिति कुछ और थी और हकीकत में कुछ और। पत्र में इन्हें कार्य मुक्त करने और जांच की मांग की गई है।
मुझे जो भी कार्यभार सौंपा गया मैंने वहां खोजबीन करनी शुरू कर दी। वर्कशाप में डीजल का खर्चा 70 लाख था। मैं उसे 42 लाख पर ले आया। लाइटिंग में खर्चा आठ लाख था। मैं 3.80 लाख रुपये ले आया। कुछ लोग गैरवाजिब काम के लिए आए तो मैंने मना कर दिया। इससे उनके अहम को ठेस लगी। इसके बाद वह ऐसे आरोप तो लगाएंगे ही ।
- अजीत राय, कर अधीक्षक
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नगर निगम के पार्षदों ने कर अधीक्षक अजीत राय के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। पार्षदों ने कर अधीक्षक को सभी महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी देने पर एतराज जताया है। साथ ही कार्यशैली को लेकर भी आरोप लगाया है।
वार्ड संख्या 66 के पार्षद सद्दाम हुसैन, वार्ड संख्या 61 के पार्षद शादाब खान, वार्ड संख्या 62 के पार्षद फिरोज खान, वार्ड संख्या 50 की पार्षद के पति पप्पू अल्वी और वार्ड संख्या 47 के पार्षद शाकिर अली ने नगर आयुक्त को संबोधित ज्ञापन नगर निगम अधिकारी को सौंपते हुए कहा है कि कर अधीक्षक अजीत कुमार राय पर गृहकर, पथ प्रकाश, वर्कशाप, संपत्ति आदि का कार्यभार है।
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नागरिकों ने जानकारी दी है कि अजीत कुमार राय अपने पद का दुरुपयोग कर लोगों से अपने अधीनस्थों के माध्यम से अवैध वसूली करवा रहे हैं। वह नगर निगम को क्षति पहुंचा रहे हैं और स्वयं लाभ ले रहे हैं। इनकी तत्काल जांच कराई जाए।
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पत्र में कहा है कि अजीत कुमार राय का तबादला अलीगढ़ से हापुड़ 2017 में हो गया था, लेकिन अलीगढ़ से उन्हें कार्य मुक्त नहीं किया गया है। जब भी अजीत कुमार राय के मामलों की जांच की मांग उठाई गई तब सिर्फ उनके अधीनस्थों पर कार्यवाही कर दी गई। पूर्व में जब लाइटों की जांच की गई तो लाइटों की कागजों स्थिति कुछ और थी और हकीकत में कुछ और। पत्र में इन्हें कार्य मुक्त करने और जांच की मांग की गई है।
मुझे जो भी कार्यभार सौंपा गया मैंने वहां खोजबीन करनी शुरू कर दी। वर्कशाप में डीजल का खर्चा 70 लाख था। मैं उसे 42 लाख पर ले आया। लाइटिंग में खर्चा आठ लाख था। मैं 3.80 लाख रुपये ले आया। कुछ लोग गैरवाजिब काम के लिए आए तो मैंने मना कर दिया। इससे उनके अहम को ठेस लगी। इसके बाद वह ऐसे आरोप तो लगाएंगे ही ।
- अजीत राय, कर अधीक्षक