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प्रेशर हॉर्न की जिन्न फिर निकला बोतल से
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
दोपहिया एवं चौपहिया वाहनों में प्रेशर हॉर्न एवं अन्य तेज ध्वनि के हॉर्न लगाकर वाहन चलाने वालों की शामत आने वाली है। संभागीय परिवहन अधिकारी ने चारों जिलों के उप संभागीय अधिकारियों को ऐसे वाहनों के खिलाफ अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही जिला प्रशासन व पुलिस अधिकारियों को सरकारी वाहनों से प्रेशर हॉर्न हटवाने का अनुरोध किया है। ताकि अभियान में कोई व्यवधान उत्पन्न न हो।
सरकारी एवं प्राइवेट वाहनों पर लगे प्रेशर हार्न का जिन्न एक बार फिर बोतल से बाहर आ गया है। संभागीय परिवहन अधिकारी राधेश्याम ने केंद्रीय मोटर यान नियमावली 1980 के नियम 119 का हवाला देते हुए जिलाधिकारी, एसएसपी समेत अन्य सरकारी विभागों के अधिकारियों को सरकारी वाहनों से प्रेशर हार्न हटवाने का अनुरोध किया है। साथ ही एटा, कासगंज, हाथरस एवं अलीगढ़ के एआरटीओ प्रवर्तनों को सरकारी एवं प्राइवेट वाहनों में लगे प्रेशर हॉर्न के खिलाफ अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने बताया कि मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 190 (2) के अनुसार वायु प्रदूषण व ध्वनि प्रदूषण नियमों का उल्लंघन करने पर पहली बार एक हजार रुपये, दूसरी बार में दो हजार रुपये तथा तीसरी बार में दंडात्मक कार्यवाही का प्रावधान है। आरटीओ ने बताया कि अभी पत्र भेजकर सभी से अनुरोध किया है, इसके बाद अभियान चलाकर चालान की कार्रवाई की जाएगी।
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दोपहिया एवं चौपहिया वाहनों में प्रेशर हॉर्न एवं अन्य तेज ध्वनि के हॉर्न लगाकर वाहन चलाने वालों की शामत आने वाली है। संभागीय परिवहन अधिकारी ने चारों जिलों के उप संभागीय अधिकारियों को ऐसे वाहनों के खिलाफ अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही जिला प्रशासन व पुलिस अधिकारियों को सरकारी वाहनों से प्रेशर हॉर्न हटवाने का अनुरोध किया है। ताकि अभियान में कोई व्यवधान उत्पन्न न हो।
सरकारी एवं प्राइवेट वाहनों पर लगे प्रेशर हार्न का जिन्न एक बार फिर बोतल से बाहर आ गया है। संभागीय परिवहन अधिकारी राधेश्याम ने केंद्रीय मोटर यान नियमावली 1980 के नियम 119 का हवाला देते हुए जिलाधिकारी, एसएसपी समेत अन्य सरकारी विभागों के अधिकारियों को सरकारी वाहनों से प्रेशर हार्न हटवाने का अनुरोध किया है। साथ ही एटा, कासगंज, हाथरस एवं अलीगढ़ के एआरटीओ प्रवर्तनों को सरकारी एवं प्राइवेट वाहनों में लगे प्रेशर हॉर्न के खिलाफ अभियान चलाने के निर्देश दिए हैं।
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उन्होंने बताया कि मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 190 (2) के अनुसार वायु प्रदूषण व ध्वनि प्रदूषण नियमों का उल्लंघन करने पर पहली बार एक हजार रुपये, दूसरी बार में दो हजार रुपये तथा तीसरी बार में दंडात्मक कार्यवाही का प्रावधान है। आरटीओ ने बताया कि अभी पत्र भेजकर सभी से अनुरोध किया है, इसके बाद अभियान चलाकर चालान की कार्रवाई की जाएगी।
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