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दवा की दुकानें बंदी को लेकर संगठनों में दो फाड़
Updated Fri, 28 Sep 2018 01:29 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
ई फार्मेसी, आन लाइन दवा बिक्री और अन्य प्रावधानों के विरोध में दुकान बंदी के आह्वान पर दवा विक्रेताओं के दो अलग अलग संगठन एक दूसरे के परस्पर विरोध में आ गए हैं। जिला अलीगढ़ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन ने जहां बंदी का समर्थन करते हुए ज्ञापन देने की बात कही है। वहीं रिटेलर्स केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के महामंत्री उमेश श्रीवास्तव ने कहा है कि हम न तो बंदी के समर्थन में हैं न विरोध में हैं। ई फार्मेसी से रिटेलर का कोई नुकसान नहीं है।
जिला अलीगढ़ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह टिल्लू ने बताया कि शुक्रवार को जिला अलीगढ़ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर दवाओं की दुकानें बंद रहेंगी। साथ ही प्रधानमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन भी जिलाधिकारी को सौंपा जाएगा।
ई फार्मेसी, आन लाइन दवा विक्री, रिन्यूवल में आ रही समस्याओं और फार्मेसिस्ट को लेकर आ रही समस्याओं को लेकर जिले का समस्त दवा व्यापार बंद रहेगा। रिटेलर्स केमिस्ट एंड ड्रगस्टि एसोसिएशन के महामंत्री उमेश श्रीवास्तव कहते हैं कि 28 सितंबर को दवा दुकानों की बंदी का फरमान सिर्फ और सिर्फ होलसेलरों को होने वाले नुुकसान को ध्यान में रखकर है।
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रिटेलरों की फार्मेसिस्ट समस्या से कोई लेना देना नहीं है। इस संबंध में उन्होंने आयुक्त खाद्य एवं औषधि प्रशासन मिनस्ती एस के पत्र का हवाला दिया है, जिसमें कहा गया है कि दवाओं को आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के अंतर्गत आवश्यक वस्तु माना गया है। ड्रग्स (प्राइस कंट्रोल) आर्डर 2013 के 26(बी) में स्पष्ट प्रावधान है कि कोई भी औषधि विक्रेता दवाओं की बिक्री को नहीं रोकेगा और न इनकी बिक्री से इनकार करेगा।
उत्तर प्रदेश उत्तराखंड मेडिकल एवं सेल्स रिप्रजेंटेटिव एसोसिएशन यूपी (एमएसआरए) अपनी 81 इकाइयों में अखिल भारतीय केमिस्ट एवं ड्रगिस्ट संगठन द्वारा 28 को होनेे वाली हड़ताल का समर्थन किया गया है। यह जानकारी सचिव राजकुमार शर्मा ने दी है।
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ई फार्मेसी, आन लाइन दवा बिक्री और अन्य प्रावधानों के विरोध में दुकान बंदी के आह्वान पर दवा विक्रेताओं के दो अलग अलग संगठन एक दूसरे के परस्पर विरोध में आ गए हैं। जिला अलीगढ़ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन ने जहां बंदी का समर्थन करते हुए ज्ञापन देने की बात कही है। वहीं रिटेलर्स केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के महामंत्री उमेश श्रीवास्तव ने कहा है कि हम न तो बंदी के समर्थन में हैं न विरोध में हैं। ई फार्मेसी से रिटेलर का कोई नुकसान नहीं है।
जिला अलीगढ़ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह टिल्लू ने बताया कि शुक्रवार को जिला अलीगढ़ केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के आह्वान पर दवाओं की दुकानें बंद रहेंगी। साथ ही प्रधानमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन भी जिलाधिकारी को सौंपा जाएगा।
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ई फार्मेसी, आन लाइन दवा विक्री, रिन्यूवल में आ रही समस्याओं और फार्मेसिस्ट को लेकर आ रही समस्याओं को लेकर जिले का समस्त दवा व्यापार बंद रहेगा। रिटेलर्स केमिस्ट एंड ड्रगस्टि एसोसिएशन के महामंत्री उमेश श्रीवास्तव कहते हैं कि 28 सितंबर को दवा दुकानों की बंदी का फरमान सिर्फ और सिर्फ होलसेलरों को होने वाले नुुकसान को ध्यान में रखकर है।
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रिटेलरों की फार्मेसिस्ट समस्या से कोई लेना देना नहीं है। इस संबंध में उन्होंने आयुक्त खाद्य एवं औषधि प्रशासन मिनस्ती एस के पत्र का हवाला दिया है, जिसमें कहा गया है कि दवाओं को आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 के अंतर्गत आवश्यक वस्तु माना गया है। ड्रग्स (प्राइस कंट्रोल) आर्डर 2013 के 26(बी) में स्पष्ट प्रावधान है कि कोई भी औषधि विक्रेता दवाओं की बिक्री को नहीं रोकेगा और न इनकी बिक्री से इनकार करेगा।
उत्तर प्रदेश उत्तराखंड मेडिकल एवं सेल्स रिप्रजेंटेटिव एसोसिएशन यूपी (एमएसआरए) अपनी 81 इकाइयों में अखिल भारतीय केमिस्ट एवं ड्रगिस्ट संगठन द्वारा 28 को होनेे वाली हड़ताल का समर्थन किया गया है। यह जानकारी सचिव राजकुमार शर्मा ने दी है।