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बेवर डिपो की बसों का छह घंटे रहा चक्का जाम
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बेवर में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन करते रोडवेज चालक चालक व परिचालक
- फोटो : MAINPURI
मैनपुरी/बेवर। बेवर डिपो के चालक-परिचालकों के सोमवार को कार्य बहिष्कार करने से करीब छह घंटे तक चक्का जाम रहा। एआरएम के आश्वासन पर दोपहर बाद कर्मचारी काम पर लौटे। बसों का संचालन न होने से यात्रियों को परेशानियों का सामना करना पड़ा।
बेवर डिपो से अनुबंधित सहित कुल 52 बसों का संचालन होता है। बेवर डिपो में 116 चालक और 101 परिचालक नियमित और संविदा पर तैनात हैं। सोमवार तड़के चालकों ने बस स्टैंड पर पहुंचकर अपनी मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार का एलान कर दिया। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि विभागीय अधिकारी उनके साथ मनमानी कर रहे हैं।
लगातार ड्यूटी और कम लोड फैक्टर, अनुपस्थिति, ढाबा कलेक्शन, डीजल एवरेज और बस खराब होने पर आधे मार्ग से लौटने पर उनके वेतन में कटौती की जाती है। इसके साथ ही उन्हें ड्यूटी रेस्ट का लाभ भी नहीं दिया जा रहा है। वह उच्चाधिकारियों से कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान न होने पर उन्हें कार्य बहिष्कार के लिए बाध्य होना पड़ा।
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बसों का संचालन ठप होने की जानकारी मिलते ही सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक अपराजित श्रीवास्तव व केंद्र प्रभारी वीके मिश्रा मौके पर पहुंचे और कर्मचारियों से वार्ता की। दो घंटे की बातचीत के बाद मिले आश्वासन के बाद कर्मचारी दोपहर 12 बजे काम पर लौटे। कार्य बहिष्कार के चलते बेवर डिपो की बसों का सुबह छह बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालन नहीं हो सका।
बसें कंडम फिर भी होती है कटौती
चालक और परिचालकों ने बताया कि डिपो के फोरमैन को बस खराबी के बारे में बताया भी जाता है, लेकिन सुधार नहीं होता। वहीं अगर बस रास्ते में खराब होने पर लौटती है तो संबंधित चालक और परिचालक से कटौती की जाती है। डिपो की कई बसें अपनी मियाद पूरी कर चुकी हैं।
नोटिस मिलने से भड़का आक्रोश
रोडवेज के चालक और परिचालकों में पिछले कई दिनों से आक्रोश था, लेकिन नोटिस मिलने के बाद उनका आक्रोश भड़क गया। कर्मचारियों ने बताया कि परिचालक विनय वैस को 67 सौ रुपये, सुमित पाठक से 4650 रुपये, करुणेश कुमार को 45 सौ, रोहित को 18274, अखिलेश शर्मा को 1458 रुपये की कटौती का नोटिस ड्यूटी से अनुपस्थित रहने पर दिया गया। चालक सुरेंद्र सिंह, उपवेंद्र कुमार, शिवम दुबे, प्रेमचंद्र शर्मा, अतुल कुमार, राजेश कुमार को भी नोटिस मिल चुके हैं।
यात्रियों को हुई परेशानी
बेवर डिपो से सुबह छह बजे बसों का संचालन हो जाता है। इटावा, आगरा, फर्रुखाबाद सहित अन्य रूटों पर बसें संचालित होती हैं। सोमवार सुबह होते ही चालक-परिचालकों ने कार्य बहिष्कार का एलान कर दिया। इससे बसें डिपो में ही खड़ी रहीं। निर्धारित समय पर यात्री बस स्टैंड पर पहुंचे, लेकिन उन्हें बस नहीं मिलीं। इससे उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ा। बाद में अन्य डिपो की बसें आने पर यात्री गतंव्य के लिए रवाना हो सके।
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बेवर डिपो से अनुबंधित सहित कुल 52 बसों का संचालन होता है। बेवर डिपो में 116 चालक और 101 परिचालक नियमित और संविदा पर तैनात हैं। सोमवार तड़के चालकों ने बस स्टैंड पर पहुंचकर अपनी मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार का एलान कर दिया। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि विभागीय अधिकारी उनके साथ मनमानी कर रहे हैं।
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लगातार ड्यूटी और कम लोड फैक्टर, अनुपस्थिति, ढाबा कलेक्शन, डीजल एवरेज और बस खराब होने पर आधे मार्ग से लौटने पर उनके वेतन में कटौती की जाती है। इसके साथ ही उन्हें ड्यूटी रेस्ट का लाभ भी नहीं दिया जा रहा है। वह उच्चाधिकारियों से कई बार शिकायत कर चुके हैं, लेकिन समस्या का समाधान न होने पर उन्हें कार्य बहिष्कार के लिए बाध्य होना पड़ा।
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बसों का संचालन ठप होने की जानकारी मिलते ही सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक अपराजित श्रीवास्तव व केंद्र प्रभारी वीके मिश्रा मौके पर पहुंचे और कर्मचारियों से वार्ता की। दो घंटे की बातचीत के बाद मिले आश्वासन के बाद कर्मचारी दोपहर 12 बजे काम पर लौटे। कार्य बहिष्कार के चलते बेवर डिपो की बसों का सुबह छह बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालन नहीं हो सका।
बसें कंडम फिर भी होती है कटौती
चालक और परिचालकों ने बताया कि डिपो के फोरमैन को बस खराबी के बारे में बताया भी जाता है, लेकिन सुधार नहीं होता। वहीं अगर बस रास्ते में खराब होने पर लौटती है तो संबंधित चालक और परिचालक से कटौती की जाती है। डिपो की कई बसें अपनी मियाद पूरी कर चुकी हैं।
नोटिस मिलने से भड़का आक्रोश
रोडवेज के चालक और परिचालकों में पिछले कई दिनों से आक्रोश था, लेकिन नोटिस मिलने के बाद उनका आक्रोश भड़क गया। कर्मचारियों ने बताया कि परिचालक विनय वैस को 67 सौ रुपये, सुमित पाठक से 4650 रुपये, करुणेश कुमार को 45 सौ, रोहित को 18274, अखिलेश शर्मा को 1458 रुपये की कटौती का नोटिस ड्यूटी से अनुपस्थित रहने पर दिया गया। चालक सुरेंद्र सिंह, उपवेंद्र कुमार, शिवम दुबे, प्रेमचंद्र शर्मा, अतुल कुमार, राजेश कुमार को भी नोटिस मिल चुके हैं।
यात्रियों को हुई परेशानी
बेवर डिपो से सुबह छह बजे बसों का संचालन हो जाता है। इटावा, आगरा, फर्रुखाबाद सहित अन्य रूटों पर बसें संचालित होती हैं। सोमवार सुबह होते ही चालक-परिचालकों ने कार्य बहिष्कार का एलान कर दिया। इससे बसें डिपो में ही खड़ी रहीं। निर्धारित समय पर यात्री बस स्टैंड पर पहुंचे, लेकिन उन्हें बस नहीं मिलीं। इससे उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ा। बाद में अन्य डिपो की बसें आने पर यात्री गतंव्य के लिए रवाना हो सके।