श्रीकृष्ण जन्मभूमि का मामला: अब 'भगवान केशवदेव' ने खटखटाया अदालत का दरवाजा
- कटरा केशवदेव की 13.37 एकड़ जमीन पर मालिकाना हक मांगा
- सीनियर सिविल जज की अदालत में पेश किया गया दावा
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जन्मभूमि के मामले को लेकर श्रीकृष्ण विराजमान के बाद भगवान केशवदेव ने मथुरा की सिविल जज सीनियर की अदालत का दरवाजा खटखटाया है। उनकी ओर से अधिवक्ता महेंद्र प्रताप सिंह, राजेंद्र माहेश्वरी के साथ यूनाइटेड हिंदू फ्रंट और धर्म रक्षा संघ ने अदालत में दावा दाखिल किया है। इसमें 13.37 एकड़ जमीन का मालिकाना हक मांगा गया है। इस संबंध में बुधवार को सीनियर सिविल जज की अदालत में केस दर्ज हो गया।
ठाकुर केशव विराजमान मंदिर कटरा केशवदेव मौजा बांगर ने वादी के रूप में बुधवार को सीनियर सिविल जज नेहा बनोदिया की अदालत में दावा दाखिल कराया। इसमें कहा गया कि मूलवाद संख्या 43 सन 1967 श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ बनाम शाही ईदगाह मस्जिद राजीनामा के आधार पर 12 अक्तूबर 1968 से ही शून्य थी। जिसके आधार पर प्रतिवादीगण इंतजामिया कमेटी शाही ईदगाह के सचिव और उत्तर प्रदेश सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष/चेयरमैन लखनऊ का 13.37 एकड़ जमीन पर, जो कि कटरा केशवदेव की है, कोई हक नहीं है।
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दावे में अपील की गई है कि कटरा केशवदेव की उक्त जमीन पर जहां श्रीकृष्ण के जन्मस्थल का कारागार रहा, जिस पर भगवान केशवदेव का मंदिर स्थित रहा, उससे कथित अजनान शाही मस्जिद ईदगाह को हटाकर उसका नियंत्रण भगवान केशवदेव के लिए उनके साथ अन्य वादीगण को सौंप दें या फिर इस संपत्ति को न्यायालय की ओर से निर्धारित अथॉरिटी को सौंप दिया जाए।
दावा तैयार करने वाले वादीगण राजेंद्र माहेश्वरी और अधिवक्ता महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि उनके दावे को अदालत ने स्वीकार कर लिया है। अदालत में केस संख्या 950/2020 पर उनका दावा दर्ज कर लिया गया है। उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही न्यायालय से निर्णय भी हो जाएगा।
ये कर चुके हैं दावा
श्रीकृष्ण जन्मस्थान की कटरा केशवदेव की भूमि को लेकर पहले दो पक्ष अदालत पहुंच चुके हैं। इनमें अधिवक्ता रंजना अग्निहोत्री के अलावा अन्य वादीगण और हिंदू आर्मी चीफ मनीष यादव शामिल हैं।
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कोर्ट इसलिए पहुंचे ठाकुर केशवदेव
भगवान श्रीकृष्ण की विभिन्न नामों से पूजा की जाती है। उनमें जिस नाम से श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर भगवान को जाना जाता है वह नाम ठाकुर केशवदेव है। वादीगण के अनुसार ठाकुर केशवदेव के नाम से कटरा का नाम कटरा केशवदेव पड़ा है। इसलिए भगवान का यह रूप ही वादी बना।
अब 22 जनवरी को होगी सुनवाई
भगवान केशवदेव की ओर से दाखिल इस दावे पर न्यायालय ने सुनवाई की अगली तारीख 22 जनवरी तय की है। यह जानकारी वादी एडवोकेट महेंद्र प्रताप सिंह ने दी।