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'दादी अब भूखे पेट नहीं सोना': दो वक्त की रोटी को मोहताज थी वृद्धा, पुलिस ने जो किया; अब हर कोई कर रहा तारीफ
Wed, 14 Oct 2026 09:08 PM IST
Arun Parashar
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Published by: Arun Parashar
Updated Wed, 14 Oct 2026 09:08 PM IST
सार
पुलिस की गाड़ियां झोपड़ी पर पहुंचीं तो वृद्धा घबरा गई। बुजुर्ग महिला ने बताया कि घर में आटा नहीं था, इसलिए वह बासी रोटी खा रही थीं। पुलिस ने खाद्य सामग्री और साड़ी भेंट की तो वृद्धा के आंसू छलक पड़े।
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बुजुर्ग महिला की मदद करती पुलिस।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
आगरा के फतेहाबाद में मिशन शक्ति अभियान के फेज-6 के तहत बुधवार को एसीपी फतेहाबाद इमरान अहमद गांव नरि पहुंचे। उन्होंने डौकी पुलिस के साथ मिलकर एक झोपड़ी में रहने वाली विधवा भूरी देवी को मदद दी। पुलिस ने उन्हें खाद्य सामग्री और साड़ी भेंट की। मदद को देखकर भूरी देवी की आंखों से आंसू छलक पड़े।
भूरी देवी गांव में अकेली रहती हैं। उनका बेटा अहमदाबाद में काम करता है। आर्थिक तंगी के कारण उन्हें अक्सर भोजन नहीं मिल पाता। वह कभी-कभी एक समय ही खाना बना पाती थीं। बुधवार को जब एसीपी इमरान अहमद पुलिस टीम के साथ उनकी झोपड़ी पर पहुंचे, तो भूरी देवी पुलिस की गाड़ियों को देखकर घबरा गईं। उन्होंने बताया कि घर में आटा नहीं था, इसलिए वह बासी रोटी खा रही थीं।
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पुलिस को अपनी ओर आता देख उन्होंने खाना भी रख दिया। पुलिस ने उन्हें ढांढस बंधाते हुए कहा कि अब उन्हें भूखे पेट नहीं सोना पड़ेगा। पुलिस उनके लिए खाने-पीने की सामग्री और कपड़े लेकर आई है। यह सुनकर भूरी देवी भावुक हो गईं। इस दौरान एसीपी इमरान अहमद ने गांव की महिलाओं को जागरूक भी किया। ग्रामीणों ने पुलिस की इस मानवीय पहल की सराहना की।
एसीपी फतेहाबाद इमरान अहमद ने बताया कि मिशन शक्ति अभियान के तहत डौकी पुलिस के सहयोग से झोपड़ी में रहने वाली बुजुर्ग महिला को आगामी दिवाली का पर्व उत्साहपूर्वक मनाने के उद्देश्य से खाद्य सामग्री वितरित की गई।
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भूरी देवी गांव में अकेली रहती हैं। उनका बेटा अहमदाबाद में काम करता है। आर्थिक तंगी के कारण उन्हें अक्सर भोजन नहीं मिल पाता। वह कभी-कभी एक समय ही खाना बना पाती थीं। बुधवार को जब एसीपी इमरान अहमद पुलिस टीम के साथ उनकी झोपड़ी पर पहुंचे, तो भूरी देवी पुलिस की गाड़ियों को देखकर घबरा गईं। उन्होंने बताया कि घर में आटा नहीं था, इसलिए वह बासी रोटी खा रही थीं।
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पुलिस को अपनी ओर आता देख उन्होंने खाना भी रख दिया। पुलिस ने उन्हें ढांढस बंधाते हुए कहा कि अब उन्हें भूखे पेट नहीं सोना पड़ेगा। पुलिस उनके लिए खाने-पीने की सामग्री और कपड़े लेकर आई है। यह सुनकर भूरी देवी भावुक हो गईं। इस दौरान एसीपी इमरान अहमद ने गांव की महिलाओं को जागरूक भी किया। ग्रामीणों ने पुलिस की इस मानवीय पहल की सराहना की।
एसीपी फतेहाबाद इमरान अहमद ने बताया कि मिशन शक्ति अभियान के तहत डौकी पुलिस के सहयोग से झोपड़ी में रहने वाली बुजुर्ग महिला को आगामी दिवाली का पर्व उत्साहपूर्वक मनाने के उद्देश्य से खाद्य सामग्री वितरित की गई।